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माखी ब्लॉक को मूर्तरूप देने की कवायद तेज

गाँव कनेक्शन संवाददाता

उन्नाव। जिले के नवसृजित सत्रहवें ब्लॉक माखी को मूर्तरूप देने की तैयारी चल रही है। ग्राम्य विकास विभाग ने निर्माण कार्य से जुड़े तीन विभागों आरईएस, पीडब्ल्यूडी और डीआरडीए से ब्लॉक कार्यालय के भवन व कर्मचारियों के ठहरने के लिए आवासीय परिसर के निर्माण का संभावित इस्टीमेट मांगा है।

जानकारी के मुताबिक, इनमें से जुड़े ग्रामीण यांत्रिकीय सेवा (आरईएस) ने तो अपना इस्टीमेट सौंप दिया है जबकि दो अन्य विभागों से इस्टीमेट आने का इंतजार किया जा रहा है। इस्टीमेट मिलने के बाद इसे स्वीकृति के लिए शासन को भेजा जाएगा। दरअसल, प्रदेश सरकार ने बीस दिसंबर को माखी को ब्लॉक बनाने की अधिसूचना जारी की थी। इसके साथ ही जिले में ब्लॉकों की संख्या बढ़कर सत्रह हो गई थी। नवसृजित माखी ब्लॉक में पांच विकासखंडों की आठ न्याय पंचायतों की 45 ग्राम पंचायतों को जोड़ा गया है। नए ब्लॉक की घोषणा से उन ग्रामीणों ने राहत महसूस की थी जिन्हें अपने छोटे-छोटे कामों के लिए ब्लॉक पहुंचने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। इसके तहत ब्लॉक के लिए भवानीखेड़ा में ग्रामपंचायत की भूमि मिल चुकी है। अब यहीं पर भवन और आवासीय परिसर का निर्माण होना है।

वहीं, इन विभागों में आरईएस ने तो आवासीय परिसर के लिए लगभग पन्द्रह करोड़ और कार्यालय भवन के लिए तीन करोड़ का संभावित इस्टीमेट बनाकर भेज दिया है। जबकि दो अन्य विभागों लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) और जिला ग्रामीण विकास एजेंसी (डीआरडीए) से इस्टीमेट मिलने का इंतजार किया जा रहा है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि तीनों विभागों के मिले इस्टीमेट को शासन को भेज दिया जाएगा। फिर वहीं से तीनों विभागों में से किसी एक के इस्टीमेट को मंजूरी दी जाएगी। इसके बाद ही पैसा जारी होगा। पैसा मिलते ही आगे का काम शुरू हो पाएगा।

बीडीओ समेत कुल चौदह स्टाफ होंगे तैनात

ब्लॉक के कार्यों को सम्पादित करने के लिए विभिन्न स्टाफ की भी तैनाती की जाएगी। नए ब्लॉक एक बीडीओ, एक एडीओ (आईएसबी), एक एडीओ (सांख्यिकी), एक एडीओ (सहकारिता), एक जेई लघु सिंचाई, एक कनिष्ठ सहायक/कनिष्ठ लिपिक, एक वरिष्ठ सहायक/वरिष्ठ लिपिक, एक सहायक लेखाकार, एक आईआरडी, एक जीपचालक, दो पत्रवाहक व एक स्वीपर कम चपरासी की तैनाती होगी। इस स्टाफ के ठहरने के लिए ब्लॉक कार्यालय के निकट भवानीखेड़ा में ही आवासीय परिसर भी बनाया जाएगा।