निराश्रित पशुओं के कल्याण के लिए राज्य जीव जंतु कल्याण बोर्ड का होगा पुनर्गठन

निराश्रित पशुओं के कल्याण के लिए राज्य जीव जंतु कल्याण बोर्ड का होगा पुनर्गठन

लखनऊ। निराश्रित पशुओं के कल्याण के लिए उत्तर प्रदेश जीव जंतु कल्याण बोर्ड का पुनर्गठन किया जाएगा। इसमें पशु प्रेमियों को बोर्ड की तरफ से तीन दिन का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।

पशुपालन विभाग के प्रशासन एंव विकास के निदेशक डॉ चौधरी चरण सिंह ने बैठक कहा, "पहले 40 पशु प्रेमियों का चयन किया जाएगा। चयन के बाद 13 से 15 जून को जीव जंतु कल्याण बोर्ड की तरफ उन्हें प्रशिक्षण दिया जाएगा। इस प्रशिक्षण में पशुओं के होने वाली घटनाओं को रोका जा सकेगा और इससे लोग जागरूक भी होंगे।

यह भी पढ़ें- हजार बछड़ों की मां: जर्मनी की इरीना ब्रूनिंग कैसे बन गईं सुदेवी दासी

पशुपालन विभाग के सभागार में राज्य जीव जंतु कल्याण बोर्ड के पुनर्गठन के लिए बैठक हुई। इस बैठक में भारतीय जीव जंतु कल्याण बोर्ड के पूर्व संपादक डॉ आर. बी. चौधरी ने कई सुझाव भी दिए। बैठक में पशु कल्याण के लिए काम कर रहे कई संस्थाओं से पशु प्रेमी मौजूद थे।

प्रशिक्षण की जानकारी देते हुई लक्ष्मण गोशाला के सदस्य डॉ पी.के. त्रिपाठी ने बताया, "अभी लोगों कों जीव जंतु कल्याण बोर्ड के बारे में ही जानकारी नहीं है लोगों को नहीं पता कि पशुओं के भी अधिकार है। प्रशिक्षण के दौरान उन सभी पशु प्रेमियों को अधिकारों से लेकर उनके प्राथमिक उपचार करने के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा।"

नगर निगम लखनऊ के पशु चिकित्सा अधिकारी अरविंद राव ने बताया, "इस प्रशिक्षण से लोगों की जागरुकता बढ़ेगी और पशुओं के साथ होने वाली घटनाओं में भी सुधार होगा। जब तक गाय दूध देती है तब तक लोग गाय को रखते है उसके बाद छुट्टा छोड़ देते है जिससे आवारा पशुओं की संख्या बढ़ी। इस पहल से ऐसे लोगों को भी जागरूक किया जा सकेगा।"

यह भी पढ़ें- कमाई का जरिया और पूजनीय गाय सिरदर्द कैसे बन गई ?

यह भी पढ़ें- गाय समस्या नहीं समाधान है... बशर्ते

Share it
Top