75 साल की बुजुर्ग महिला को बाल खींचकर ले गया सफाईकर्मी

75 साल की बुजुर्ग महिला को बाल खींचकर ले गया सफाईकर्मीलोकबंधु अस्पताल में इस हालत में पहुंची बुजुर्ग महिला।

लखनऊ। सरकारी अस्पतालों में मरीजों और तीमारदारों के साथ बदसलूकी के मामले बढ़ते जा रहे हैं। इसकी एक बानगी मंगलवार को उस समय देखने को मिली जब लोकबन्धु अस्पताल आलमबाग में एक सफाईकर्मी ने एक्सीडेंट में घायल 75 वर्षीय बुजुर्ग महिला को बाल पकड़ा कर खींचा और शौचालय से करीब 500 मीटर खींचता ले गई। जब महिला को भर्ती कराने आए तीमारदार ने सफाई कर्मचारी की करतूत पर सवाल किया तो वह उस महिला को आधे घण्टे तक शौचालय में छोड़कर चली गई।

दो लड़कों ने बुजुर्ग महिला की मदद की

मंगलवार दोपहर करीब दो बजे एक अज्ञात महिला का आलमबाग नहरियां बाराबिरवा के पास ट्रक से एक्सीडेंट हो गया। उस वक्त ड्यूटी पर तैनात कांस्टेबल ने मामले को रफा दफा करने की कोशिश की। इस बीच लोगों की भीड़ इकट्ठा होने लगी और लोग महिला के घर और पते की तलाश करने लगे। दर्द से कराह रही महिला पर दो छात्रों की नज़र गयी और वह मदद के लिए आगे आए। पुलिस ने अपना पल्ला झाड़ते हुए बुजुर्ग महिला का हाथ उन दो लड़कों के हाथ में थमा दिया। उस वक्त बुजुर्ग महिला के हाथ में 130 रुपए और 500 सौ और हज़ार की नोटों की करीब आठ हजार की गड्डी थीं।

काफी देर बाद लिखी रिपोर्ट, तब ले गये अस्पताल

नाम पता पूछने पर वह महिला रामपाल अशियाना और किसी संन्यासी बाबा का नाम रट रही थी। तमाम कोशिशों के बाद जब उसका घर नहीं मिला तो थक हारकर वे छात्र फिर पुलिस के पास गए तो पुलिस ने सीमा विवाद में उनको उलझाने की कोशिश की। काफी देर बाद उनकी रिपोर्ट लिखी और करीब चार बजे महिला को लोकबंधु अस्पताल ले जाया गया। नाम न छापने पर छात्रों ने बताया कि वहां ले जाने के बाद महिला को शौच लगी तो हमने इस बाबत वहां तैनात डॉक्टर डॉ नीलांबर झा का जानकारी दी। इस पर डाक्टर ने फोन करके एक पुरुष सफाईकर्मी को बुलाया। करीब 20 मिनट के इंतजार के बाद वह आया, उसके बाद महिला कर्मचारी मीरा को बुलाया गया। 20 मिनट देर से आने के बाद भी उसने महिला को हाथ लगाने से मना कर दिया और आनाकानी करने लगी।

तब बाल घसीटते हुए शौचालय ले गई महिला

जब डाक्टर और तीमारदार ने जोर दिया तो वह मरीज को शौचालय करीब 500 मीटर दूरी तक बाल घसीटते हुए लेकर गयी, जब तीमारदार ने इसका विरोध किया तो सफाईकर्मी महिला उस महिला को वैसे ही हाल में आधे घंटे तक शौचालय में छोड़ दिया। इस घटना से परेशान होकर तीमारदार छात्रों ने खुद ही जाकर महिला को शौचालय से निकाला और स्ट्रेचर पर लिटाया, फिर उसका इलाज शुरू किया गया, लेकिन उसकी सफाई नहीं की गई। तमाम लेटलतीफी के बाद पुलिस आई और बुजुर्ग महिला को बलरामपुर अस्पताल ले जाकर भर्ती करा दिया।

मामले की मुझे जानकारी नही है। यदि कोई लिखित शिकायत आती है तो उस कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। शिकायतें पहले भी आ चुकी हैं। हम इनको नियुक्त करने वाली एजेंसी से इस संबंध में शिकायत कर चुके हैं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। हम मामले की जांच कराएंगे।
अमिता यादव, मुख्य चिकित्साधीक्षक, लोकबन्धु अस्पताल

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