आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे की खासियत जानें

आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे की खासियत जानेंदेश का सबसे बड़ा आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे।

लखनऊ। देश के सबसे बड़े आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन 21 नवंबर को उन्नाव जिले के बांगरमऊ के खंबौली में किया गया। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे की खासियत के बारे में जानें आप। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव, समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव, प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल यादव, प्रो रामगोपाल यादव सहित मुलायम परिवार का पूरा कुनबा एकत्र था।

आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे की खासियत

  • आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे के माध्यम से लखनऊ से आगरा की दूरी पूरी करने में लगभग साढ़े तीन घंटे का समय लगेगा।
  • आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे 302 किलोमीटर लम्बा है।
  • इस एक्सप्रेस-वे के माध्यम से अगर दिल्ली जाना होगा तो दूरी मात्र पांच से छह घंटे में तय की जा सकेगी।
  • एक्सप्रेस-वे से यात्रा करने से समय में बचत के साथ-साथ वाहनों के ईंधन की खपत में भी कमी आएगी।
  • आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे के मुख्य कैरिजवे का निर्माण 23 माह के रिकॉर्ड समय में किया गया है।
  • आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे आगरा से शुरू होकर फिरोजाबाद, मैनपुरी, इटावा, औरैया, कन्नौज, हरदोई, कानपुर नगर तथा उन्नाव होते हुए लखनऊ तक पहुंचेगा।
  • भारतीय वायु सेना के लड़ाकू विमानों के आपातकाल में ऑपरेशन के लिए एक्सप्रेस-वे पर देश के पहले एयर स्ट्रिप का भी निर्माण किया गया है।
  • एक्सप्रेस-वे के किनारे जनपद मैनपुरी तथा कन्नौज में अति विशिष्ट मंडियों की स्थापना की जा रही है।
  • इस परियोजना के लिए 10 जिलों के 232 गाँवों की करीब 3500 हेक्टेयर भूमि 30,456 हजार किसानों से आपसी सहमति से खरीदी गई है।


Share it
Top