मोदी और योगी बोलें - आलू चिप्स और मैंगो पल्प बनाने में सबको पीछे छोड़ देगा यूपी

मोदी और योगी  बोलें -  आलू चिप्स और मैंगो पल्प बनाने में सबको पीछे छोड़ देगा यूपीइंवेस्टर्स समिट में बोलते योगी और मोदी। 

देश भर से लखनऊ में हो रही इंवेस्टर्स समिट में आए बड़े उद्योगपति और व्यवसायियों ने यूपी में निवेश करने की बात कही है। इसके साथ साथ इंवेस्टर्ड समिट के पहले दिन योगी और मोदी ने यूपी में फूड प्रोसेसिंस सेक्टर की बड़ी संभावनाओं का ज़िक्र किया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने समिट में उत्तर प्रदेश में खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र को बढ़ावा दिए जाने की बात कहते हुए बताया,'' यूपी पूरे भारत में सबसे बड़ा आलू उत्पादन करने वाला राज्य है, इसके साथ साथ यहां पर आम बड़ी मात्रा में पैदा किया जाता है। आने वाले समय में प्रदेश में पोटेटो चिप्स और मैंगो जूस व पल्प जैसे उत्पाद बनाने के कारखाने शुरू किए जाएं। इससे किसानों को बहुत मदद मिलेगी।''

मेक इन इंडिया के मुताबिक भारत दुनिया में फूड और फूड प्रोडक्टस के निर्यात में 12वें स्थान पर है। देश में फूड प्रोसेसिंस सेक्टर से अनाज मिलिंग, चीनी, खाद्य तेल, पेय पदार्थ, फलों और सब्जियों के प्रसंस्करण और डेयरी उत्पाद से संबंधित जुड़े उद्योग जुड़े हैं। भारत में मौजूदा समय में 37,000 से अधिक रजिस्टर्ड फूड प्रोसेसिंग यूनिट हैं। एपीडा के मुताबिक भारत ने खाद्य और कृषि-प्रसंस्करण (फूड प्रोसेसिंग) क्षेत्र के संबंध में कई परियोजनाएं शुरू करने जा रही है। इसके अलावा, सरकार ने निवेश को ध्यान में रखते हुए फूड प्रोसेसिंग में विदेशी सहयोग, सस्ते औद्योगिक लाइसेंस बनवाने और 100 प्रतिशत निर्यात करने वाली कंपनियों के प्रस्ताव स्वीकार किए हैं। इससे आने वाले समय में फूड प्रोसेसिंग इकाईयों को मदद मिलेगी।

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" यूपी में हर साल बड़ी संख्या में फल और सब्जियां स्टोरेज की कमी के कारण बर्बाद हो जाती हैं। इसके लिए फूड प्रोसेसिंग के साथ साथ स्टोरेज यूनिट बनाने पर भी ज़ोर दिया जाएगा। इससे किसानों और इंडस्ट्री से बीच का कनेक्शन मजबूत होगा।'' प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा।

मैंगो जूस और पल्प तैयार करने के लिए यूपी में खोले जाएंगे कई कारखाने।

मोदी ने कहा कि भारत में फूड प्रोसेसिंग सेक्टर को मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार ने इस सेक्टर में 100 पर्सेंट एफडीआई को मजूंरी दे दी है।

उत्तर प्रदेश में फूड प्रोसेसिंग सेक्टर को बढ़ावा देने के लिए हो रही तैयारी के बारे में बताते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, '' प्रदेश में प्रोसेस्ड फूड के निर्माण करने सेे जुड़ी कंपनियों को बढ़ावा देने और ट्रांसपोर्ट सुविधाओं को मजबूत करनेे के लिेए नए एक्सप्रेस वे का भी निर्माण किया जाएगा। हमने यह विशेष ध्यान रखा है कि उद्योगों के साथ रोजगार का भी सर्जन हो, इसलिए प्रदेश में तीन साल में हम 40 लाख रोजगार का सृजन करेंगे।''

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किसानों को ज़्यादा से ज़्यादा लाभ दिया जाए इसके लिए यागी ने इस समिट में एग्रो प्रोसेसिंग, MSME, IT, फ़िल्म, टूरिज्म, रिन्यूएबल एनर्जी और कई विभागों को बढ़ावा देने की बात कही है।

किन क्षेत्रों के लिए बढ़ेंगे विकास के रास्ते -

आलू प्रसंस्करण

गन्ना प्रसंस्करण

आम प्रसंस्करण

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भारत में पिछले साल निर्यात हुए प्रोसेस्ड कृषि उत्पाद -

वर्ष 2016-17 के दौरान भारत का प्रोसेस्ड फूड प्रोडक्ट्स निर्यात 27,263.94 करोड़ रुपए रहा। इसमें शामिल हुए प्रोसेस्ड खाद्य उत्पाद इस प्रकार हैं।

प्रोसेस्ड फूड निर्यात राशि
आम का गूदा 864.97 करोड़ रुपए
सूखी और संरक्षित सब्जियां 1,088.55 करोड़ रुपए
प्रसंस्कृत फल और सब्जियां 3,116.08 करोड़ रुपए
दालें 1,140.13 करोड़ रुपए
मूंगफली 5,456.72 करोड़ रुपए
ग्वारगम 3,131.74 करोड़ रुपए
गुड़ और कंफेक्शनरी 1,471.64 करोड़ रुपए
कोको उत्पाद 1,089.99 करोड़ रुपए
अनाज से बने उत्पाद 3,572.61 करोड़ रुपए
नशीले और गैर नशीले पेय पदार्थ 2,000.63 करोड़ रुपए
विविध उत्पाद 2,570.48 करोड़ रुपए
मिल के उत्पाद 817.68 करोड़ रुपए

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