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हत्या के वो चर्चित मामले जो वर्षों से हैं अनसुलझे, जानिए पूरी कहानी...

लखनऊ। देश के बहुचर्चित आरुषि - हेमराज हत्याकांड में गुरुवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट का फैसला आया और हाईकोर्ट ने इस मामले में आरुषि के माता - पिता डॉ. राजेश व नुपुर तलवार को बरी कर दिया। 2008 में हुए आरुषि हत्याकांड का अभी तक खुलासा नहीं हुआ। पहले आरुषि और फिर नौकर हेमराज की हत्या, किसने की, क्यों की, ये ऐसी गुत्थी है जो सुलझ नहीं पा रही है। सिर्फ आरुषि ही नहीं देश में ऐसे और भी हत्या के मामले हैं जो अभी तक अनसुलझे हैं।

शीना बोरा हत्याकांड

शीना बोरा मुंबई मेट्रो वन में काम करती थी और इंद्राणी मुखर्जी व सिद्धार्थ दास की बेटी थी। इंद्राणी मुखर्जी ने सिद्धार्थ दास के बाद संजीव खन्ना से शादी की और फिर स्टार इंडिया के सीईओ रहे पीटर मुखर्जी से शादी कर ली। शीना बोरा 24 अप्रैल 2012 से लापता थी। अप्रैल 2012 में शीना के लापता होने के बाद शीना का पति राहुल मुखर्जी और भाई मिखाइल बोरा लापता होने की शिकायत दर्ज कराने जाते हैं। राहुल के कहने पर पुलिस इंद्राणी के वोरली में स्थित घर में जाती है। जहाँ उसके कर्मचारी बताते हैं कि वह भारत से बाहर गई है।

शीना बोरा, इंद्राणी मुखर्जी

उसके आने के बाद इंद्राणी पुलिस थाना में जाकर कहती है कि वह शीना को परेशान करता है इस कारण वह उसे बिना बताए अमेरिका चली गई। 2015 में तीन साल बाद इंद्राणी के ड्राइवर श्याम मनोहर से लंबी पूछताछ के बाद पुलिस ने इंद्राणी, संजीव खन्ना (शीना के दूसरे सौतेले पिता), ड्राइवर और स्टार इंडिया के पूर्व सीईओ पीटर मुखर्जी को गिरफ्तार किया था। इसके बाद सबूतों के अभाव में पीटर मुखर्जी व संजीव खन्ना को पुलिस ने छोड़ दिया। इंद्राणी मुखर्जी अभी भी जेल में हैं और इंद्राणी मुखर्जी ने अपना गुनाह कबूल कर लिया है लेकिन कोर्ट ने अभी उनकी सजा तय नहीं की है।

सुनंदा पुष्कर

17 जनवरी 2014 को सुनंदा पुष्कर की मौत की ख़बर आई। दिल्ली के फाइव स्टार होटल लीला पैलेस के कमरा नंबर 345 में पूर्व केंद्रीय मंत्री सुनंदा पुष्कर की लाश मिली थी। इसके एक दिन पहले सुनंदा पुष्कर ने एक के बाद एक ट्वीट किए थे जिसमें उन्होंने अपने पति के साथ अपने ख़राब हो रहे संबंधों के बारे में लिखा था। सुनंदा की मौत का पता सबसे पहले उनके पति शशि थरूर को चला था। इस मामले में कई पेच फंसे। सबसे पहले एम्स में फोरेंसिक विभाग के हेड डॉ. सुनील गुप्ता ने ये कहकर सनसनी फैला दी कि उनके ऊपर सुनंदा की मौत को सामान्य बताने का दवाब था, इसके बाद सुनंदा की मौत एक बड़ी मिस्ट्री में बदल गई।

शशि थरूर के साथ सुनंदा पुष्कर

सुनंदा के पति शशि थरूर को लोग दोषी बताने लगे। इसके बाद पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि सुनंदा की मौत अचानक और अप्राकृतिक कारणों से हुई जिसके बाद अटकलों का बाज़ार और गर्म हो गया। सुनंदा के शरीर पर चोट के निशान मिले। ऐसा भी पता चला कि उन्होंने ड्रग्स का ओवरडोज लिया था। नींद की दवाओं का ज़्यादा इस्तेमाल और एल्कोहल के मिलने से भी उनकी मौत होने का शक जताया गया। इस बीच शशि थरूर और पाकिस्तानी पत्रकार मेहर तरार के बीच संबंधों का मामला भी खूब उछला और सुनंदा पुष्कर की मौत की वजह भी इस संबंध को बताया गया लेकिन कुछ भी साबित नहीं हो पाया। इसके बाद 2014 में मेडिकल टीम ने खुलासा किया सुनंदा की मौत ज़हर देने से हुई। इसके बाद जनवरी 2015 में पुलिस ने इस मामले में हत्या का केस दर्ज किया लेकिन मामला अभी तक अनसुलझा है।

जिया ख़ान हत्याकांड

3 जून 2013 को अभिनेत्री जिया ख़ान का शव उनके कमरे में पंखे से लटका मिला और इसके साथ एक सुसाइड नोट भी उनके कमरे से पुलिस ने बरामद किया। पुलिस इसे आत्महत्या का मामला ही बताती रही है लेकिन जिया ख़ान की मां ने राबिया ख़ान ने अपनी बेटी की हत्या का शक़ जताया और जिया ख़ान के ब्वॉयफ्रेंड सूरज पंचोली के खिलाफ एफआईआर दर्ज़ कराई।

मौत के एक दिन पहले जिया ने सूरज को दो मैसेज भेजे थे और पूछा था कि सूरज उसे अनदेखा क्यों कर रहा है? सूरज ने जवाब में कहा कि वह व्यस्त है। शाम को सूरज ने उसे फोन किया तो जिया ने उसे बताया कि उसे तीन फिल्में मिली हैं। सूरज ने जिया को बधाई दी और जिया के लिए फूलों का गुलदस्ता भेजा लेकिन रात में दोनों के बीच झगड़ा हुआ। जिया को लग रहा था कि सूरज उससे झूठ बोलकर किसी और लड़की से मिलने जाता है। रात 10.53 पर जिया की फोन पर सूरज से बात हुई थी।

शुरू में सबने यही माना कि काम न मिलने का डिप्रेशन और सूरज की अनदेखी ने जिया को सुसाइड करने पर मज़बूर किया। लेकिन जिया के चेहरे व गर्दन, होंठ व बांह पर ऐसे निशान मिले जिन्होंने यह सोचने पर मज़बूर कर दिया कि जिया की मौत सुसाइड से नहीं बल्कि उसकी हत्या की गई। राबिया खान और उनके वकील ने बॉम्बे हाईकोर्ट को इस बात के लिए राज़ी कर लिया कि जिया की मौत को हत्या मानकर भी जांच कि जाए क्योंकि कई ऐसे सबूत मिले थे जिससे ये पता चले कि उसकी मौत हत्या थी लेकिन 2016 में बॉम्बे हाईकोर्ट ने सूरज पंचोली को बरी कर दिया। इसके बाद राबिया खान ने उच्चतम न्यायालय में इस फैसले के खिलाफ याचिका डाली जिसे उच्चतम न्यायालय ने मंजूर कर लिया और अब यह ममाला सुप्रीम कोर्ट में पहुंच गया है लेकिन जिया की मौत की गुत्थी अभी भी अनसुलझी है।

नीरज ग्रोवर हत्याकांड

मुंबई में हुए इस हत्याकांड से पूरे देश में हल्ला मच गया था। नीरज ग्रोवर बालाजी टेलीफिल्म्स के क्रिएटिव डायरेक्टर थे, उनका प्रेम संबंध कन्नड़ अभिनेत्री मारिया सुसायराज के साथ था। पुलिस के मुताबिक मुंबई में हीरोइन बनने आई कन्नड़ अभिनेत्री मारिया सुसायराज की बालाजी टेलीफिल्म्स के क्रियेटिव डायरेक्टर नीरज ग्रोवर से दोस्ती थी। दोनों की नजदीकियों की खबर मारिया के पुराने साथी जेरोम मैथ्यू को पता चली। 6 मई 2008 को कोच्चि में रह रहा मैथ्यू अचानक मुंबई आ धमका।

7 मई की सुबह जैसे ही मैथ्यू मारिया के घर पहुंचा नीरज को उसके बेडरूम में देखकर गुस्से से पागल हो गया। दोनो में जबरदस्त झगड़ा शुरू हो गया। उसी दौरान मैथ्यू ने नीरज पर चाकू से हमला कर दिया। नीरज की वहीं मौत हो गई। इसके बाद मैथ्यू और मारिया ने मिलकर नीरज की लाश के 300 टुकड़े किए। उन्हें बैग में पैक कर उसे शहर से दूर ले जाकर जला दिया।

मारिया सुसायराज व नीरज ग्रोवर

नीरज की हत्या के बाद खुद मारिया ने मालाड पुलिस थाने में जाकर उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। यही नहीं वो हर रोज थाने जाकर नीरज की तलाश के बारे में पूछताछ भी करती थी। इस मामले में मारिया और मैथ्यू को गिरफ्तार किया गया लेकिन 2011 में आए बॉम्बे हाईकोर्ट के फैसले में मारिया को नीरज की हत्‍या का दोषी न मानते हुए उसे हत्या के सबूत नष्ट करने का दोषी पाया। वहीं जैरोम मैथ्यू को भी कोर्ट ने सीधे-सीधे हत्या का दोषी न मानते हुए गैरइरादतन हत्या का दोषी माना। हत्या का यह मामला आज भी सुलझ नहीं पाया है।