जो युवा जींस नहीं संभाल सकते, वह बहन की रक्षा कैसे करेगा, राजस्थान महिला आयोग अध्यक्ष का कटाक्ष 

जो युवा जींस नहीं संभाल सकते, वह बहन की रक्षा कैसे करेगा, राजस्थान महिला आयोग अध्यक्ष का  कटाक्ष राजस्थान महिला आयोग की अध्यक्ष सुमन शर्मा

जयपुर। 'जो युवा अपनी लटकती जींस संभाल नहीं सकता, वह अपनी बहन की रक्षा कैसे कर सकता है।' यह कटाक्ष सुनकर आप कुछ गंभीर हो गए होंगे। यह कटाक्ष जयपुर में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर आयोजित एक कार्यक्रम में राजस्थान महिला आयोग की अध्यक्ष सुमन शर्मा ने कहा।

राजस्थान महिला आयोग की अध्यक्ष सुमन शर्मा ने कहा कि जो युवा कमर से नीचे की जींस पहनते हों और जिनकी चौड़ी छाती नहीं है वह अपनी बहन की रक्षा कैसे कर सकता है। आज हमारी युवा पीढ़ी कहां जा रही है? एक समय था जब हम ऐसे युवा की कल्पना करते थे जिनकी छाती चौड़ी हो, लेकिन आज अगर आप देखो तो चौड़ी छाती नजर नहीं आती। आज युवा लटकती
जींस पहनते हैं, जो युवा अपनी जींस नहीं संभाल सकता वह अपनी बहनों की रक्षा कैसे करेगा।

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सुमन शर्मा ने कहा, मैं जब आज के लड़कों को देखती हूं तो मेरे दिमाग में विचार आता है कि हमारी नई पीढ़ी कहां जा रही है। जीरो फिगर का विचार तो लड़कियों में होता है लेकिन लड़कों को क्या हुआ। लड़के आजकल कानों में बालियां पहन कर लड़कियों की तरह दिखाते है।

सुमन शर्मा ने कहा, मैं आलोचना नहीं कर रहीं हूं लेकिन हमें बदलाव की जरूरत है, यह हमारी जिम्मेदारी है, माताओं की जिम्मेदारी है कि वे बच्चों को संस्कारवान बनाएं।

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पुरुषों के बारे में सुमन शर्मा ने कहा कि पुरुष महिलाओं के बिना पंगु है। पुरुष लोग बाहर से कठोर दिखते है, लेकिन अंदर से नरम होते है लेकिन महिलाएं जितनी बाहर से नरम दिखाई देती है, अंदर से उतनी मजबूत होती हैं। पुरुष और महिलाएं समानांतर होते है और इस प्रणाली के साथ छेड़छाड़ नहीं होनी चाहिए।

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महिलाओं को सचेत करते हुए सुमन शर्मा ने कहा कि आजादी के नाम पर महिलाओं में इतना खुलापन नहीं होना चाहिए कि परिवार और समाज में असंतुलन पैदा हो जाए। महिलाओं को कमजोर महसूस नहीं करना चाहिए और उन्हें हर दिन, हर घंटे महिला दिवस मनाना चाहिए।

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इनपुट भाषा

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