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Lockdown in Bihar: कोरोना के बढ़ते मामलों के देखते हुए नीतीश सरकार का बड़ा फैसला, बिहार में 15 मई तक लॉकडाउन

सोमवार तीन मई को बिहार में कोरोना के बढ़ते संक्रमण और इलाज की स्थिति को लेकर पटना हाईकोर्ट ने महाधिवक्ता से कहा था कि राज्य सरकार से बात करें और मंगलवार यानी चार मई को बताएं कि राज्य में लॉकडाउन लगेगा या नहीं।

Lockdown in Bihar: कोरोना के बढ़ते मामलों के देखते हुए नीतीश सरकार का बड़ा फैसला, बिहार में 15 मई तक लॉकडाउन

कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए देश के कई राज्यों के जिलों में लॉकडाउन लगा दिया गया है। (फाटो- pixabay.com)

बिहार में कोरोना के लगातार बढ़ते मामलों के देखते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने प्रदेश में 15 तक लॉकडाउन लगाने का फैसला लिया है। उन्होंने खुद ट्वीट कर ये जानकारी दी। आपदा प्रबंधन समूह को जल्द से जल्द लॉकडाउन से जुडी गाइडलाइंस जारी करने के निर्देश दिए हैं।

सोमवार तीन मई को बिहार में कोरोना के बढ़ते संक्रमण और इलाज की स्थिति को लेकर पटना हाईकोर्ट ने महाधिवक्ता से कहा था कि राज्य सरकार से बात करें और मंगलवार यानी चार मई को बताएं कि राज्य में लॉकडाउन लगेगा या नहीं। साथ ही कहा कि अगर आज निर्णय नहीं आता है तो हाईकोर्ट कड़े फैसले ले सकता है।

कोरोना मरीजों के उपचार के संबंध में दायर जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए पटना हाईकोर्ट ने यह सवाल पूछा था। हाईकोर्ट ने कहा कि आदेश के बाद भी कोरोना मरीजों के उपचार की सुविधाएं नहीं बढ़ी हैं। राज्य के अस्पतालों में निर्बाध ऑक्सीजन आपूर्ति की ठोस कार्ययोजना नहीं बनी है। केंद्रीय कोटा से मिले रोजाना 194 टन की जगह मात्र 160 टन ऑक्सीजन का उठाव हो रहा है। राज्य में एडवाइजरी कमेटी तक नहीं बनी, जो इस कोरोना विस्फोट से निपटे, कोई वार रूम तक नहीं बना है।

बिहार में भी कोरोना का संक्रमण बहुत तेजी से बढ़ रहा है। सोमवार 3 मई को राज्य में कोरोना के कुल 11407 नए मामले सामने आये थे जबकि 82 मरीजों की मौत भी हुई। राज्य में अब कोरोना के एक्टिव (सक्रिय) मामलों की संख्या 1,07,667 पहुंच गई है।

स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार राजधानी पटना में सर्वाधिक 2,028 नए संक्रमित मिले, जबकि गया में 662, बेगूसराय में 510, वैशाली में 1,035, पश्चिमी चंपारण 549 तथा मुजफ्फरपुर 653 नए कोरोना संक्रमित मिले। राज्य में एक दिन में कुल 72,658 नमूनों की जांच की गई।

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