Top

देश की मिट्टी में रचे बसे देसी बीज ही बचाएंगे खेती, बढ़ाएंगे किसान की आमदनी

हरित क्रांति के दुष्परिणामों के बाद खेती के तरीकों में बदलावों के बीच जैविक खेती की बात हो रही है और पुराने बीजों पर भरोसा जताया जा रहा है, खेती के बदलते स्वरूप पर गाँव कनेक्शन की विशेष सीरीज .. 'खेती में देसी क्रांति'

Arvind ShuklaArvind Shukla   4 Sep 2018 7:34 AM GMT

धान का कटोरा कहे जाने वाले छत्तीसगढ़ के रायपुर में देश के वरिष्ठ कृषि वैज्ञानिक डॉ. आर.एच रिछारियां के नाम पर एक चावल संस्थान है। जहां पर उनके द्वारा खोजी गई 17 हजार से ज्यादा धान की किस्में संरक्षित हैं। डॉ. रिछारियां ने ग्रीन रेव्यूलेशन के दौर में ये साबित किया था कि देसी किस्म के बीज उत्पादन के मामले में संकर बीजों से कम नहीं है।





More Stories


© 2019 All rights reserved.

Top