चंपारण सत्याग्रह शताब्दी वर्ष के अवसर पर ‘चलो चंपारण’

चंपारण सत्याग्रह शताब्दी वर्ष के अवसर पर ‘चलो चंपारण’देश भर से जुटेंगे स्वच्छाग्रही। 

'चंपारण सत्याग्रह शताब्दी वर्ष' के अवसर पर 10 अप्रैल को पूर्वी चंपारण के जिला मुख्यालय मोतिहारी में एक विशाल कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम में 20 हजार स्वच्छाग्रहियों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संबोधित करेंगे। इन 20 हजार स्वच्छाग्रहियों में से 10 हजार बिहार के तथा 10 हजार दूसरे राज्य के होंगे। वहीं पूरे देश में बेहतर काम करने वाले 10 स्वच्छाग्रहियों को पीएम सम्मानित भी करेंगे। भारत सरकार के पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम का नाम 'चलो चंपारण' रखा गया है।

महिलाओं ने भी स्वच्छता मिशन में लिया भाग।

पूर्वी चंपारण के जिलाधिकारी रमन कुमार ने मीडिया को बताया, चंपारण सत्याग्रह शताब्दी वर्ष के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आगामी 10 अप्रैल को मोतिहारी आएंगे और स्थानीय गांधी मैदान में 20 हजार स्वच्छाग्रहियों को संबोधित करेंगे। उन्होंने आगे बताया, इस दौरान राज्य के सभी 38 जिलों में स्वच्छाग्रही जाकर ग्रामीणों को स्वच्छता का पाठ पढ़ाएंगे।

स्वच्छता का संदेश देते स्वच्छाग्रही।

स्वच्छाग्रही ग्रामीणों के साथ वार्ड सभा कर खुले में शौच मुक्त बनाने के लिए लोटा का बहिष्कार,शौचालय के लिए गड्ढ़ा खोदना जैसे कार्य को बताएंगे। पीएम मोदी चंपारण सत्याग्रह शताब्दी वर्ष के अवसर पर 9 अप्रैल को 20 हजार स्वाच्छाग्रही मोतिहारी पहुंच जाएंगे। इनके ठहरने से लेकर खान पान व सुविधाओं की व्यवस्था हवाई अड्डा स्थित टेंट सिटी में की गयी है।

चम्पारण से शुरू हुआ था सत्याग्रह

पूरे देश को सफाई का संदेश देने वाले बापू ने चम्पारण से सत्याग्रह शुरू किया था। चम्पारण सत्याग्रह के सौ वर्ष पूरा होने पर समापन समारोह के लिए पूर्वी चम्पारण का चयन किया गया है। कार्यक्रम का आयोजन गांधी मैदान में किया जाएगा। गाँधी जी के इसी मिशन को आगे बढ़ाते हुए 10 अप्रैल 2019 को बिहार के चम्पारण जिले में सत्याग्रह से स्वच्छाग्रह सम्मेलन आयोजित किया जाना है। जिसमें भारत के प्रत्येक प्रान्त से स्वच्छाग्रही जाएंगे और सम्मेलन के पूर्व बिहार के गांवों के लोगों के बीच रहेंगे और उन्हें स्वस्थ जीवन और साफ-सफाई का महत्व बताएंगे।

कई मुख्यमंत्री और कंद्रीय मंत्री होंगे शामिल

कार्यक्रम में शामिल होने के लिए अन्य राज्यों के मुख्यमंत्रियों, केंद्रीय मंत्रियों और कई विभागों के सचिवों को भी आमंत्रित किया गया है। भारत सरकार के पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम का नाम 'चलो चंपारण' रखा गया है।

लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान के तहत बिहार को दो अक्टूबर 2019 तक खुले में शौच मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके तहत 2 से लेकर 9 अप्रैल 2018 तक सत्याग्रह से स्वच्छाग्रह सप्ताह मनाया जाएगा। लोगों को स्वच्छता के महत्व को बताया जाएगा।
बालामुरुगन डी., डायरेक्टर एनआरएलएम, बिहार

लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान

लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान के तहत राज्य के ग्रामीण क्षेत्रों को खुले में शौच मुक्त बनाने का लक्ष्य है। इस अभियान के तहत 1.66 करोड़ परिवारों को शौचालय उपलब्ध करवाना तथा बिहार को 02 अक्टूबर 2019 तक खुले में शौच मुक्त बनाने का लक्ष्य है। स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) अंतर्गत गंगा कार्य योजना (नमामि गंगे) के तहत राज्य के 12 जिलों, बेगुसराय, भागलपुर, भोजपुर, बक्सर, कटिहार, खगरिया, लखीसराय, मुंगेर, पटना, समस्तीपुर, सारण, तथा, वैशाली जिलों में गंगा किनारे अवस्थित 61 प्रखंडों के 307 पंचायतों में शौच मुक्त बनाये जाने का लक्ष्य है।

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