बारिश के साथ गिरे ओले, आलू समेत कई फसलों को नुकसान

मौसम विभाग के मुताबिक जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड में भारी वर्षा, ओलावृष्टि और बर्फबारी भी हो सकती है

Chandrakant MishraChandrakant Mishra   7 Feb 2019 2:09 PM GMT

बारिश के साथ गिरे ओले, आलू समेत कई फसलों को नुकसान

लखनऊ। दिल्ली, पंजाब, यूपी और हरियाणा में गुरुवार को बारिश की वजह से मौसम के मिजाज में काफी बदलाव देखने को मिला। नोएडा और फरीदाबाद में बारिश के साथ ओले भी पड़े। करीब आधे घंटे तक हुई ओलावृष्टि और बारिश के बाद तापमान और ज्यादा ठंड महसूस की गई। मौसम के बदले मिजाज की मार किसानों पर पड़ रही है। बारिश के कारण जहां तापमान में फिर गिरावट दर्ज की गई वहीं आलू समेत सब्जी की तमाम फसलों को भी खासा नुकसान पहुंचा है।

मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ में आने वाले दिनों में घना कोहरा हो सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड में भारी वर्षा, ओलावृष्टि और बर्फबारी भी हो सकती है। वहीं, दिल्ली पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में भी वर्षा, ओलावृष्टि की संभावना है। इसके अलावा सतह पर तेज गति वाली हवाएं भी चल सकती हैं।

ये भी पढ़ें: किसानों के लिए बड़ी ख़बर, गारंटी फ्री लोन सीमा 1 लाख से बढ़ाकर 1.60 लाख की गई

बारिश होने से सबसे ज्यादा नुकसान आलू की फसल को होगा।

पिछले कई दिनों से कोहरा बढ़ने के बाद दो दिनों से लगातार हो रही बारिश से जहां गेहूं की फसल को फायदा पहुंचा है, वहीं सब्जी की फसलों लिए नुकसानदायक है। बाराबंकी में अफीम की खेती बड़े पैमाने पर की जाती है। बेमौसम बरसात और तेज हवाओं ने अफीम की खेती को भी भारी नुकसान पहुंचाया है।

ये भी पढ़ें: पाले से आलू की फसल बचाने के लिए मथुरा के किसान कर रहे शराब का छिड़काव

बाराबंकी के किसान सुशील मौर्य (35वर्ष) बताते हैं, " कोहरा पड़ने से हमारी टमाटर की फसल में पहले से ही सड़न लगी हुई थी। अब दो दिनों से हो रही बरसात से यह रोग और सक्रिय हो जाएगा।"

वहीं सूरतगंज ब्लाक के 55 वर्षीय राम सागर वर्मा बताते हैं," लगातार हो रही बरसात के कारण हमारी मटर की खेती पूरी तरह से चौपट हो गई है। हमारे खेत में पानी भर गया है, जिससे मटर की फलियां सड़ने लगेंगी। फसल के उत्पादन पर काफी असर पड़ेगा।"

फरीदाबाद में सड़क पर ओले की चादर फैल गई।

फरीदाबाद के रहने वाले संदीप कुमार (32वर्ष) ने बताया, " दो दिन से रुक-रुककर बारिश हो रही है। दोपहर में बारिश के साथ-साथ ओले भी पड़े। सड़कों और छतों पर ओले की सफेद चादर बिछ गई। ओले पड़ने से गलन बढ़ गई है। "

तारेश्वर त्रिपाठी प्रभारी कृषि रक्षा इकाई देवा बताते हैं इस बरसात से जहां गेहूं चना लहसुन प्याज जैसी फसलों को फायदा पहुंचेगा वहीं फूल से बनने वाली सब्जियों को नुकसान पहुंचेगा क्योंकि तेज हवाओं और बारिश से परागण नष्ट हो जाते हैं जिससे उत्पादन पर असर आता है साथ ही अधिक नमी होने के कारण कई प्रकार के रोग भी में लग जाते हैं

बारिश होने से खेतों में भर गया पानी।

ये भी पढ़ें: आलू सरसों समेत कई फसलों के लिए काल है ये कोहरा और शीत लहर, ऐसे करें बचाव

कृषि विज्ञान केंद्र अनौगी, कन्नौज के उद्यान वैज्ञानिक डा. अमर सिंह बताते हैं, ''आलू की फसल में अगर पानी भरा रहा तो नुकसान करेगा। क्योंकि अभी आलू खुदने की स्थिति में है। अगर अब पानी गिरता है तो आलू की फसल के सड़ने की संभावना है। बारिश का पानी चना और गेहूं के लिए फायदेमंद है। सरसों अगर पक गई है तो वह गिर जाएगी, जिससे उत्पादन पर फर्क पड़ेगा।''

More Stories


© 2019 All rights reserved.

Top