सीने पर एससी-एसटी लिखने की जांच कराएगी मध्य प्रदेश सरकार

सीने पर एससी-एसटी लिखने की जांच कराएगी मध्य प्रदेश सरकारसाभार: एएनआई।

मध्य प्रदेश में पुलिस कॉस्टेबल भर्ती के लिए आए उम्मीदवारों के मेडिकल टेस्ट के दौरान उनके सीने पर एससी-एसटी लिख दिया गया। मामले के तूल पकड़ने के बाद गृहमंत्री भूपेन्द्र सिंह ने जांच के आदेश दिए हैं। मामले में पुलिस महानिदेशक ऋषि कुमार शुक्ला ने कहा कि हर वर्ग के लिए शारीरिक माप के मापदंड अलग होते हैं। इसलिए ऐसी पहचान करनी होती है। पन्ना जिले में एक आरक्षित वर्ग की महिला प्रत्याशी की माप में गड़बड़ी हो गई थी। इसलिए एहतियात के तौर पर यह कदम उठाया गया था। फिर भी मामले की जांच कराएंगे।

धार पुलिस अधीक्षक बीरेंद्र सिंह ने अजाक थाने के डीएसपी एस.मालवीय को जांच के आदेश दिए हैं। दूसरी ओर टेस्ट के दौरान मौजूद टीआइ नानूराम वर्मा ने कहा कि मेडिकल बोर्ड के सदस्य डॉ. जितेंद्र चौधरी के कहने पर इस तरह का कदम उठाया गया। हालांकि डॉक्टर चौधरी ने इससे साफ इनकार कर दिया है। उन्होंने कहा कि ऐसी कोई बात ही नहीं कही थी। मेरा काम परीक्षण करना है। गौरतलब है कि जिला अस्पताल में आरक्षकों की भर्ती प्रक्रिया के तहत अभ्यर्थियों का मेडिकल परीक्षण किया जा रहा है।

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पहचान का अनोखा तरीका

बता दें कि धार जिले में पिछले दिनों आरक्षकों की भर्ती का अभियान चलाया गया और इन दिनों उनका स्वास्थ्य परीक्षण चल रहा है। जिसमें सामान्य और अन्य पिछड़ा वर्ग के लिये 168 सेमी. और एससी-एसटी के लिये 165 सेमी. लंबाई तय है। यहां आए उम्मीदवारों की पहचान के लिए जिला अस्पताल ने एक अनोखा तरीका अपनाया। जिसके तहत आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों के सीने पर ही उनका वर्ग दर्ज कर दिया गया है।

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