टीबी रोगियों के साथ चिकित्सकों को भी मिलेगा आर्थिक लाभ 

टीबी रोगियों के साथ चिकित्सकों को भी मिलेगा आर्थिक लाभ निजी क्षेत्र के टीबी देखभाल प्रदाताओं को दिया जाएगा इंसेंटिव ।

नई दिल्ली (भाषा)। केंद्र सरकार ने टीबी उन्मूलन के लिए एक योजना बनाई गई है। टीबी का इलाज करने वाले निजी चिकित्सकों को इंसेंटिव और मरीजों को आर्थिक सहायता दिए जाने का फैसला लिया जाएगा।

देश-दुनिया से जुड़ी सभी बड़ी खबरों के लिए यहां क्लिक करके इंस्टॉल करें गाँव कनेक्शन एप

टीबी उन्मूलन (2017-2025) के लिए राष्ट्रीय रणनीतिक योजना (नेशनल स्ट्रैटेजिक प्लान,एनएसपी) को शीघ्र ही पेश किया जाएगा। इसमें निजी क्षेत्र के चिकित्सकों के पास जाने वाले मरीजों को दो हज़ार रुपए की आर्थिक सहायता देने का प्रस्ताव रखा गया है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे पी नड्डा ने शुक्रवार को विश्व टीबी दिवस के मौके पर घोषणा की थी कि एनएसपी को एक माह के भीतर अंतिम रूप दे दिया जाएगा।

एनएसपी के मसौदे में कहा गया है कि टीबी भारत की ‘भीषण’ स्वास्थ्य समस्या है। इस बीमारी से हर दिन लगभग 1400 लोगों की मौत हो जाती है। ड्राफ्ट में कहा गया है कि टीबी के मामलों के पंजीकरण को प्रोत्साहित करने और पूरे इलाज को सुनिश्चत करने के लिए निजी क्षेत्र के टीबी देखभाल प्रदाताओं को इंसेंटिव दिया जाएगा।

टीबी रिपोर्टिंग सॉफ्टवेयर- निक्षय में अधिसूचना के आधार पर ही इन्हें इंसेटिव दिया जाएगा पीटीआई-भाषा को मिले मसौदे के अनुसार निजी क्षेत्र के चिकित्सकों को टीबी के मामले की सूचना देने पर 250 रुपए, हर महीने इलाज पूरा होने पर 250 रुपए और कोर्स पूरा होने पर 500 रुपए का इंसेंटिव दिया जाएगा। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने विश्व को वर्ष 2035 और भारत सरकार ने वर्ष 2025 तक टीबी को खत्म करने का लक्ष्य रखा है।

ताजा अपडेट के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करने के लिए यहां, ट्विटर हैंडल को फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें।

Share it
Share it
Share it
Top