जम्मू में आर्मी कैंप पर हमला, दो जेसीओ शहीद,पैरा कमांडोज ने आतंकवादियों को घेरा

जम्मू में आर्मी कैंप पर हमला, दो जेसीओ शहीद,पैरा कमांडोज ने आतंकवादियों को घेराशनिवार सुबह आतंकवादियों ने आर्मी कैंप पर बोला हमला

जम्मू के सुंजवान में आर्मी कैंप पर शनिवार सुबह हुए आतंकवादी हमले में दो जूनियर कमिशंड ऑफिसर (जेसीओ) शहीद हो गए। हमले में एक कर्नल रैंक का अफसर और एक सैन्य कर्मी की बेटी सहित चार लोग घायल हुए हैं। हथियारबंद आतंकवादियों की संख्या 4 से 5 के बीच बताई जा रही है। आतंकवादी कैंप के जेसीओ क्वॉर्टर में घुस गए हैं। उन्हें बाहर निकालने की कार्रवाई में सेना के साथ वायुसेना के पैरा कमांडोज भी शामिल हो गए हैं। केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह ने जम्मू-कश्मीर के पुलिस प्रमुख से बातचीत कर हालात का जायजा लिया। बताया जा रहा है कि हमले के पीछे जैश-ए-मोहम्मद के आतंवादियों का हाथ है।

आतंकवादी आर्मी कैंप में पीछे की ओर बने क्वॉर्टर की ओर से घुसे

जम्मू-कश्मीर के पुलिस महानिदेशक एस.पी. वैद्य ने बताया कि आतंकवादी आर्मी कैंप में पीछे की ओर बने क्वॉर्टर की ओर से घुसे। पुलिस महानिरीक्षक एस.डी. सिंह जामवाल के मुताबिक, सुबह 4.55 पर सेना के संतरी ने संदिग्ध हरकत देखी, उसी समय उसके बंकर पर गोलीबारी भी हुई जिसका जवाब दिया गया। खुफिया एजेंसियों ने 9 फरवरी यानि अफजल गुरू की बरसी पर आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद द्वारा सुरक्षा ठिकानों को आतंकवादी हमलों का निशाना बनाए जाने की आशंका जताई थी। अफजल को 9 फरवरी 2013 को फांसी दी गई थी। वह 2001 में संसद पर हुए हमलों का मुख्य आरोपी था। सुंजवान के इस आर्मी कैंप पर 2006 में भी आत्मघाती हमला हुआ था जिसमें 12 जवान शहीद हो गए थे। हमले में दो फिदायीन आतंकवादी मारे गए थे।

आतंकवादी हमले के मद्देनजर एहतियातन सुंजवान इलाके के स्कूलों को बंद करने का आदेश दे दिया गया है। हमले की वजह से जम्मू-पठानकोट हाईवे पर यातायात भी बंद कर दिया गया है।

माता वैष्णो देवी, कटरा और सीमावर्ती राजौरी व पुंछ जिलों में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है

आर्मी कैंप पर हमले के बाद माता वैष्णो देवी, कटरा और सीमावर्ती राजौरी व पुंछ जिलों में सुरक्षा के प्रबंध और पुख्ता कर दिए गए हैं। प्रमुख मंदिरों, आधार शिविरों व श्रृद्धालुओं की सुरक्षा बढ़ाई गई है, कई जगह कमांडो दस्ते भी तैनात किए गए हैं। हाईवे पर वाहनों को रोककर उनकी जांच शुरू कर दी गई है।

आतंकवादी हाल ही के कुछ समय में सेना के कैंपों को निशाने बनाने की कोशिश करते रहे हैं। 5 फरवरी की रात को आतंकवादियों ने जम्मू-कश्मीर में पुलवामा के काकापुरा में सेना के 50वीं राष्ट्रीय राइफल्स कैंप पर हमला किया था। फायरिंग और ग्रेनेड से हुए इस हमले में किसी को नुकसान नहीं हुआ था।

हाईवे पर वाहनों को रोककर उनकी जांच शुरू कर दी गई है

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