भारत के लिए ‘ग्लोबल उद्यमिता शिखर सम्मेलन 2017’ क्यों है खास?

Jamshed SiddiquiJamshed Siddiqui   28 Nov 2017 2:16 PM GMT

भारत के लिए ‘ग्लोबल उद्यमिता शिखर सम्मेलन 2017’ क्यों है खास?GES 2017

अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप की बेटी और सलाहकार इवांका ट्रंप, तीन दिवसीय ग्लोबल उद्यमिता शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए सोमवार सुबह तीन बजे हैदराबाद के राजीव गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंचीं, जहां उनका भव्य स्वागत किया गया। मंगलवार को इस समिट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी संबोधन करेंगे। माना जा रहा है कि जीईएस के आठवें संस्करण के लिए भारत को चुने जाने से दुनियाभर के निवेशकों में काफी उत्साह है। ऊर्जा, बुनियादी ढांचा, स्वास्थ, जीवन शैली, त्रृण सुलभता जैसे विषयों इस बार चर्चा के केंद्र में रखे जाएंगे। ज़ाहिर है, इसका फायदा आने वाले वक्त में भारतीय बाज़ार में देखने को मिलेगा। ग्लोबल उद्य़मिता शिखर सम्मेलन में क्या है खास आइये जानते हैं -

ग्लोबल उद्यमिता शिखर सम्मेलन 2017 क्यों है खास

वुमन फर्स्ट, प्रॉस्पैरिटी फॉर आल

GES 2017

इस बार ग्लोबल उद्यमिता शिखर सम्मेलन का थीम है – ‘पहले महिलाएं, समृद्धि सबके लिए’। समिट में 52.5 फीसदी महिलाओं की हिस्सेदारी होगी। सउदी अरब, इज़राइल और अफगानिस्तान समेत दस देशों की डेलिगेशन में महिलाएं ही हैं। राष्ट्रपति की सलाहकार इवांका ट्रंप भी अपने कार्यकाल में महिलाओं और बच्चों से जुड़े मामलों की एक मज़बूत हिमायती के तौर पर उभरी हैं। लिहाज़ा माना जा रहा है कि भारत के सबसे बड़े हिस्से जिसमें ग्रामीण महिलाओं की हिस्सेदारी है, के लिए इस सम्मेलन में काफी कुछ है। ग्रामीण आर्थिक नीतियों में सुधार, छोटे निवेश वाले कारोबार को बढ़ावा और हथकरघा आदि को सहायता दी जाएगी। ये सभी योजनाओं खासतौर पर महिलाओं को ध्यान में रखकर बनाई जाएंगी।

चार विषयों पर होगी खास चर्चा

GES 2017

ग्लोबल उद्यमिता शिखर सम्मेलन में जिन चार बिंदुओं को खास चर्चा के लिए चुना गया है, वो हैं
1. ऊर्जा एवं बुनियादी ढांचा
2. स्वास्थ्य देखभाल और जीवन शैली
3. वित्तीय अर्थव्यवस्था और डिजीटलाइज़ेशन
4. मीडिया और मनोरंजन

ग़ौरतलब है कि बीते साल ग्लोबल उद्यमिता शिखर अमेरिका के सिलिकॉन वैली में आयोजित हुआ था, जिसमें फेसबुक, गूगल और एप्पल जैसी कंपनियों ने हिस्सा लिया था। इस बार के विषयों को बदला गया है और नए विषयों पर विश्व के तमाम बड़े कारोबारियों से बातचीत का मसौदा तैयार किया गया है। माना जा रहा है कि बीते सात संस्करणों की तरह आठवां संस्करण भी कारोबार जगत में बेहतरी लाएगा।

नीति आयोग के सीईओ भी संबोधित करेंगे

GES 2017

इस समिट की अगुआई नीति आयोग कर रहा है। आयोग के सीईओ अमिताभकांत 'द सिटी दैट नेवर स्लीप्स: सिटीज ऑफ टुमारो' पर होने वाले सेशन को ऐड्रेस करेंगे। ग़ौरतलब है कि इस समिट में हिस्सा लेने वालों में 31.5% लोग 30 साल या इससे कम उम्र के हैं। सबसे कम उम्र के आंत्रप्रेन्योर की उम्र 13 साल और सबसे ज्यादा उम्र के आंत्रप्रेन्योर की उम्र 84 साल है।

हैदराबाद को चुना जाना बेहतर संकेत

GES 2017

भारत में शोध एवं विकास इकाइंयों वाली कंपनियां इस सम्मेलन के लिए हैदराबाद को चुने जाने को काफी सकारात्मक तौर पर देख रही हैं। ग़ैरतलब है कि हैदराबाद को भारत का इंडस्ट्रियल हब भी कहा जाता है और यहां इंडियन स्कूल ऑफ बिज़नेज़ जैसे संस्थान भी हैं। आधिकारिक सूचना के मुताबिक अमेरिका ने भारत सरकार और नीति आयोग से चर्चा के बाद खुद हैदराबाद को चुना।

निवेशकों की आमद बढ़ेगी

GES 2017

तीन दिवसीय सम्मेलन में दुनियाभर के 1600 उद्यमी शामिल हो रहे हैं। इनमें भारत और अमेरिका से 400-400 उद्यमी होंगे। इसके अलावा तकरीबन 300 निवेशकों के आने की उम्मीद भी जताई जा रही है। ज़ाहिर है निवेशकों की आमद से भारतीय बाज़ार में कारोबारी तौर पर उछाल देखने को मिलेगा। मौजूदा वक्त में भारत दुनिया की सबसे तेज़ उभरते हुई बाज़ारों में से एक है। इस समिट में ये चर्चा भी होगी कि कैसे निवेशकों के लिए भारतीय बाज़ार में कारोबार को आसान बानाया जाए।

हस्तियां का रहेगा जमावड़ा

GES 2017

इस सम्मेलन शुरुआत साल 2010 में पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने किया था। उस साल वाइट हाउस में देश विदेश से कई हस्तियां मौजूद रही थीं। सात साल बाद, आठवें संसकरण के भारत में होने पर भी कई हस्तियों के हैदराबाद में शामिल होने की उम्मीद है। हाल में मिस वर्ल्ड बनीं मानुषी छिल्लर, भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कैप्टन मिताली राज और टेनिस खिलाड़ी सानिया मिर्जा ग्लोबल आंत्रप्रेन्योरशिप समिट (GES) में शिरकत करेंगी। तेलुगु एक्टर रामचरण तेजा और एक्ट्रेस अदिति राव हैदरी भी इस समिट में हिस्सा लेंगी। इसके अलावा भारतीय बैडमिंटन टीम के चीफ नेशनल कोच पी गोपीचंद 'द बिजनेस ऑफ विनिंग एट स्पोर्ट्स आंत्रप्रेन्योरशिप' पर होने वाले सेशन में बोलेंगे।

Next Story

More Stories


© 2019 All rights reserved.