उत्तर कोरिया ने जापान पर मिसाइल दागी, पीएम शिंजो आबे ने चिंताजनक घटना बताया 

Sanjay SrivastavaSanjay Srivastava   29 Aug 2017 1:56 PM GMT

उत्तर कोरिया ने जापान पर मिसाइल दागी, पीएम शिंजो आबे ने चिंताजनक घटना बताया उत्तर कोरिया ने आक्रामक परीक्षण।

सोल ( एपी )। उत्तर कोरिया ने मंगलवार को जापान के ऊपर मिसाइल दागी। जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने इस घटना को देश के लिए अत्यंत गंभीर और चिंताजनक बताया है।

अधिकारियों ने आज यह जानकारी देते हुए कहा कि आक्रामक परीक्षण में अमेरिकी के करीबी सहयोगी जापान के भूभाग के ऊपर से मिसाइल का जाना अवज्ञा का स्पष्ट संदेश देता है। सोल के जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ ने कहा कि यह मिसाइल 550 किमी की अधिकतम ऊंचाई पर उड़ी और इसने करीब 2,700 किमी का रास्ता तय किया। इस दौरान यह उत्तरी जापान के होक्काइदो द्वीप के ऊपर से गुजरी।

प्रतीत होता है कि जापान के ऊपर से उत्तर कोरिया की यह पहली मिसाइल गुजरी है हालांकि जापान का कहना है कि कुछ राकेटों का उपयोग उपग्रहों को अंतरिक्ष में भेजने के लिए किया गया और ये राकेट जापान से हो कर गुजरे। ऐसा भी लगता है कि उत्तर कोरिया का यह सबसे लंबा मिसाइल परीक्षण है लेकिन दक्षिण कोरियाई अधिकारी इसकी तत्काल पुष्टि नहीं कर सके।

हर नया परीक्षण उत्तर कोरिया को परमाणु संपन्न मिसाइलों के हथियार हासिल करने के लक्ष्य के करीब लाता है, अमेरिका उसके परमाणु कार्यक्रम का विरोधी है।

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कुछ विश्लेषकों का मानना है कि वर्ष 2021 के शुरू में जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पहला कार्यक्रम समाप्त होगा, उससे पहले ही उत्तर कोरिया लंबी दूरी की परमाणु मिसाइलें तैयार कर लेगा। दक्षिण कोरिया की सेना ने कहा कि वह इस प्रक्षेपण का अमेरिका के साथ विश्लेषण कर रही है और उत्तर कोरिया की अगली कार्रवाई की स्थिति में अपनी निगरानी तथा तैयारी को मजबूत कर रही है।

विश्लेषकों का आकलन है कि उत्तर कोरिया ने शायद नई, मध्यम दूरी की मिसाइल का परीक्षण किया है जिसे प्योंगयांग ने हाल ही में अमेरिकी भूभाग गुआम में दागने की धमकी दी थी। गुआम में अमेरिका का एक बड़ा सैन्य अड्डा है।

यह मिसाइल गुआम के आसपास नहीं गिरी लेकिन मिसाइल की दूरी के जरिए उत्तर कोरिया शायद यह बताना चाहता था कि वह अपनी धमकी को सच कर सकता है.

सोल का कहना है कि मिसाइल का प्रक्षेपण सुनान से किया गया था। सुनान में प्योंगयांग का अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा है. इससे संभावना उठती है कि उत्तर कोरिया ने हवाईअड्डे की हवाईपट्टी से ' 'रोड मोबाइल मिसाइल ' ' का प्रक्षेपण किया.

सोल के जेसीएस (जाइंट चीफ्स आफ स्टाफ) के प्रवक्ता रो जे क्यों के अनुसार, इस साल यह उत्तर कोरिया का 13वां बैलिस्टिक मिसाइल प्रक्षेपण है और पहली बार उत्तर कोरिया ने सुनान से बैलिस्टिक मिसाइल दागी।

इसमें कोई दो मत नहीं है कि उत्तर कोरिया विश्व समुदाय की प्रतिक्रिया देख कर यह सोचेगा कि आज जिस तरह उसकी मिसाइल जापान के ऊपर से गई, क्या वह भविष्य में भी ऐसा कर सकता है।

जापान के अधिकारियों ने कहा कि पोतों को अथवा अन्य कहीं भी किसी तरह के नुकसान की खबर नहीं है, जापान के एनएचके टीवी ने बताया कि मिसाइल तीन हिस्सों में अलग हो गई।

जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने संवाददाताओ से कहा ' 'हम अपने नागिरकों की रक्षा के लिए कोई कसर नहीं छोड़ेंगे। हमारे देश के ऊपर से मिसाइल के गुजरने की यह उकसावे की कार्रवाई अप्रत्याशित, गंभीर और महत्वपूर्ण खतरा है। ' ' इससे पहले उत्तर कोरिया ने संक्षिप्त दूरी की तीन बैलिस्टिक मिसाइलों का समुद्र में प्रक्षेपण किया था। फिर उसने एक अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल का दूसरा प्रायोगिक परीक्षण किया था।

दक्षिण कोरिया के विदेश मंत्रालय ने आगाह किया है कि उत्तर कोरिया की उकसावे वाली कार्रवाई जारी रहने पर उसे अमेरिका-दक्षिण कोरिया गठजोड़ की ओर से ' 'कड़ी प्रतिक्रिया ' ' का सामना करना होगा।

इसके अलावा दक्षिण कोरिया की सेना ने पिछले सप्ताह किए गए अपने मिसाइल परीक्षणों के फुटेज जारी किये हैं और कहा है कि ये परीक्षण पिछले सप्ताह किए गए।

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