छह साल का हुआ आपका गांव कनेक्शन, प्यार दीजिए, हौसला बढ़ाइए

गांव कनेक्शन (Gaon Connection) गांव के लोगों की आवाज़ शहर तक तो पहुंचाता ही है साथ ही शहर के लोगों को गांव के करीब लाने का, उनके रिश्ते को जोड़ने का भी काम करता है।

छह साल का हुआ आपका गांव कनेक्शन, प्यार दीजिए, हौसला बढ़ाइए

लखनऊ। ग्रामीण मुद्दे, खेती किसानी, महिलाओं और युवाओं से जुड़े मुद्दों के साथ ही सरोकार की पत्रकारिता करने वाला आपका गांव कनेक्शन छह साल का गया है। हमारे अथक प्रयासों और आपके प्यार की बदौलत गांव कनेक्शन आज ग्रामीण भारत का सबसे बड़ा रुरल मीडिया प्लेटफार्म है।

गांव कनेक्शन (Gaon Connection) गांव के लोगों की आवाज़ शहर तक तो पहुंचाता ही है साथ ही शहर के लोगों को गांव के करीब लाने का, उनके रिश्ते को जोड़ने का भी काम करता है। हम भारत के ग्रामीणों तक उनके हित की सूचनाएं तो पहुंचाते हैं, साथ ही, गांव में आ रहे बदलाव की कहानियों से शहरी लोगों को रुबरू कराते हैं।

गांव कनेक्शन की शुरुआत वर्ष 2012 में साप्ताहिक अख़बार के रुप में हुई थी, जिसके बाद वर्ष 2014 में हमने दूरदर्शन के राष्ट्रीय चैनल डीडी नेशनल के साथ हमारा गांव कनेक्शन शो किया। गांव की बदलती कहानियों को दिखाने वाले इस शो के काफी लोकप्रियता बटोरी थी। टीवी पर दोबारा ये सफर देश के नंबर एक न्यूज चैनल आज तक के साथ आज तक का गांव कनेक्शन के रुप में टीवी पर लौटा। जबकि वर्ष 2018 में हमने डिजिटल मीडिया प्लेटफार्म क्विंट हिंदी और दी क्विंट के साथ विशेष सीरीज की।

डिजिटल, प्रिंट्, वीडियो, आडियो कंटेन्ट, भारत की सबसे बड़ी मीडिया सर्वे टीम और जिलों, ब्लॉक और ग्राम पंचायत स्तर पर स्मार्टफोन से लैस हमारे प्रतिनिधि गाँव कनेक्शन की उपस्थिति सुदूर गाँवों तक दर्ज़ कराते हैं। अगर इन सभी आयाम को एक साथ देखा जाए तो ग्रामीण भारत में पहुंच के हिसाब से देखा जाए तो गाँव कनेक्शन किसी भी मीडिया संस्थान से कहीं आगे है।

गाँव कनेक्शन वर्तमान में उत्तर प्रदेश के सभी जिलों, बिहार और झारखंड में अपने सभी विधाओं (प्रिंट, डिजिटल और वीडियो) से गाँवों में उपस्थिति दर्ज करा रहा है। दिल्ली, मध्य प्रदेश, राजस्थान से लेकर हिंदी भाषी राज्यों के ग्रामीण मुद्दे हमारी प्राथमिकता हैं। जल्द ही सभी हिन्दी भाषी राज्यों में वहां की ग्रामीण जनता की आवाज बनेगा। अपनी उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए गाँव कनेक्शन दो बार देश का सबसे बड़ा मीडिया पुरस्कार रामनाथ गोयनका अवार्ड, और जेंडर सेंसिटिविटी के लिए यूएनएफपीए समर्थित लाडली अवार्ड से पांच बार सम्मानित हो चुका है।

फील्ड रिपोर्टिंग है गांव कनेक्शन की असली ताकत। झारखंड के एक गांव में हमारी पत्रकार नीतू सिंह।फील्ड रिपोर्टिंग है गांव कनेक्शन की असली ताकत। झारखंड के एक गांव में हमारी पत्रकार नीतू सिंह।

पत्रकार, गीतकार और कहानीकार नीलेश मिसरा द्वारा शुरू किया गया यह अनोखा प्रयास गाँव कनेक्शन, देश का सबसे बड़ा रूरल मीडिया प्लेटफार्म बन चुका है। देखें :https://youtu.be/dkXlBgnnlKs

ग्रामीण युवकों को पत्रकारिता की ट्रेनिंग देने के लिए, ताकि वह अपने गाँव की आवाज सशक्त तरीके से साथ उठा सकें, गाँव कनेक्शन ने मुफ्त ऑनलाइन पत्रकारिता की ट्रेनिंग की शुरुआत की है। https://youtu.be/nb25L3YWgUA

गाँव कनेक्शन का मूल सिद्धांत 'स्वयं प्रोजेक्ट' के बैनर तले डिजिटल दुनिया से कदमताल मिलाते कम्युनिटी जर्नलिस्ट का कैडर स्थापित करना है। ये कम्युनिटी जर्नलिस्ट कई विधाओं-वीडियो, ऑडियो कंटेन्ट, कम्युनिटी न्यूजपेपर बनाने में मदद करने के साथ ही सुदूर गाँवों में कार्यक्रम करवाने में निपुण होंगे। इन सभी कम्युनिटी जर्नलिस्ट को प्रशिक्षित और मॉनीटर करने के लिए ब्लॉक और जिलास्तर पर टीम लीडर होने के साथ ही स्वयं प्रोजेक्ट के तहत आने वाली खबरों की एडिटिंग और अखबार में पब्लिश करने के लिए स्वयं प्रोजेक्ट की पूरी टीम है। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक घंटे की दूरी (करीब 35 किलोमीटर) पर गदैला गाँव में गाँव कनेक्शन अपना प्रशिक्षण हेडक्वार्टर बना रहा है।

जमीनी स्तर पर अपनी उपस्थिति के कारण ही वर्ष 2015-16 में गाँव कनेक्शन फाउंडेशन द्वारा स्वयं फेस्टिवल का आयोजन किया गया था। वर्ष 2017 के दौरान 25 जिलों में पूरे हफ्ते ग्रामीण क्षेत्रों में 1000 कार्यक्रम आयोजित हुए, जिन्हें जीपीएस से मैप भी किया गया। इसका लिंक है-https://youtu.be/uTNva36xOuI

ये भी देंखे- फोटो गैलरी: इस तरह गांव कनेक्शन आप तक पहुंचाता है गांव और खेती किसानी की ख़बरें


Gaon Connection- के सोशल मीडिया प्लेटफार्म Social Media प्लेटफार्म

वेबसाइट- www.gaonconnection.com

फेसबुक- Gaon Connection (नीले निशान वाला)

यूट्यूब- Gaon Connection TV

ट्विटर- GaonConnection (नीले निशान वाला)

शेयरचैट-@gaonconnection (वेरीफाइड)

इंस्टाग्राम- gaonconnection

गाँव कनेक्शन की सफल मीडिया पार्टनरशिप

1. दूरदर्शन: यहां पर हमने डीडी नेशनल के साथ 'हमारा गांव कनेक्शन' के नाम से एक प्राइम टाइम शो प्रसारित किया गया। https://www.youtube.com/watch?v=ji3XbA-qu7E

2. आज तक : पहली बार ग्रामीण भारत पर समर्पित एक शो देश के नंबर वन न्यूज चैनल आज तक पर 'आज तक का गाँव कनेक्शन' प्रसारित हुआ।

3. क्विंट : डिजिटल मीडिया प्लेटफार्म न्यूज वेबसाइट 'द क्विंट' के साथ 'नीलेश मिसरा का गाँव कनेक्शन' के रुप में विशेष सीरीज की।

झारखंड: झारखंड राज्य आजीविका मिशन के साथ एक एमओयू के तहत गाँव कनेक्शन की पहुंच सभी 24 जिलों में मौजूद इससे जुड़े हजारों स्वयं सहायता समूह की महिलाओं तक हो गई है जो इंटरनेट के साथ टैबलेट से लैस हैं। आजीविका मिशन Aajeevika mission


गांव कनेक्शन के छह वर्ष पूरे होने पर मेले का आयोजन

दो दिसंबर 2018 को लखनऊ जिला मुख्यालय से 30 किलोमीटर दूर के कुनौरा गांव में स्थित गांव कनेक्शन के हेडक्वाटर- भारतीय ग्रामीण विद्यालय कुनैर में मेले का आयोजन किया गया।

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