शहनाज़ हुसैन से सीखें करवाचौथ पर सजने के नए तरीके

शहनाज़ हुसैन से सीखें करवाचौथ पर सजने के नए तरीके

करवाचौथ सभी विवाहित महिलाओं के लिए विशेष अवसर होता है। यह त्योहार महिलाओं के सौंदर्य से सीधे तौर पर जुड़ा है क्योंकि इस दिन सभी उम्र की महिलाएं सज-धजकर पूजा करती हैं और पति की मंगल जीवन एवं  दीर्घायु की कामना करती हैं। मेंहदी, सिन्दूर, चूड़ियाँ तथा बिंदी, करवाचौथ में महिलाओं के सौंदर्य का अभिन्न अंग हैं। 

त्वचा की देखरेख व चेहरे का मेकअप

अगर आपकी  त्वचा साफ है तो आप फाउंडेशन को छोड़ सकती हैं। आप अपनी त्वचा को साफ करके उस पर सनस्क्रीम तथा माइस्चराइजर का प्रयोग कीजिए तैलीय त्वचा के लिए एस्ट्रीजन्ट लोशन का प्रयोग करने के बाद पाऊडर लगायें। तैलीय त्वचा के लिए ज्यादा पाऊडर का प्रयोग मत करें तथा चेहरे के तैलीय भागों पर ही ध्यान दें। पूरे चेहरे तथा गर्दन पर हल्की गीली स्पंज से पाऊडर का प्रयोग करें। इससे चेहरे का सौंदर्य लम्बे समय तक बना रहता है।

अगर आप फाउंडेशन का प्रयोग करना चाहती हैं तो केवल जल आधरित फांउडेशन का ही प्रयोग करें तथा  हल्के कवरेज के लिए एक या दो बूंद पानी मिला सकती हैं। फांउडेशन जितना भी सम्भव हो आपकी त्वचा के रंग से मेल खाता होना चाहिए तथा उसके बाद पाऊडर का उपयोग करें। 

आंखों की सुन्दरता के लिए अपनी पलकों को पेंसिल या काजल से चमकाऐं। आंखों पर कोमलता के लिए पलकों पर भूरी या स्लेटी आईशैडों का प्रयोग करें तथा इसके बाद मस्कारा का प्रयोग करें इससे आंखों पर चमक आ जाएगी तथा मेकअप में भारीपन की दिखावट भी नहीं होगी। मस्कारा को एक भारी मुलम्मे की बजाय दो हल्की तहों में करना चाहिए। पहला कोट करने के बाद इसे सूखने दें तथा इसे कंघी या ब्रश कर लें। इसके बाद दूसरा कोट कीजिए तथा पहली प्रक्रिया को दोहराईये। इसके बाद पहली प्रक्रिया को दोहराते हुए ही दूसरा कोट कीजिए।

लिपस्टिक की सुन्दरता के लिए घने गहरे रंगों का उपयोग न करें क्योंकि चमकीली लाईट में यह ज्यादा गहरे दिखाई देते हैं जिससे आपकी आभा पर विपरित असर दिखाई देता है। 

सौंदर्य पर चार चांद लगाने के लिए गुलाबी, ताम्रवर्णी, कांस्यवर्णी रंगों का प्रयोग करें। नारंगी रंग या नारंगी शेड का प्रयोग प्रचलित है। विकल्प के तौर पर आप हल्के बैंगनी तथा गुलाबी रंगों का प्रयोग भी कर सकती हैं लेकिन यह सभी रंग अत्यधिक चमकीले नहीं होने चाहिए।  

बिन्दी करवाचौथ के सौन्दर्य का अभिन्न अंग मानी जाती है। अपनी पोशाक से मिलती जुलती रंग की सजावटी बिन्दी का प्रयोग करें। छोटे चमकीले रत्नों से जड़ित बिन्दी काफी आर्कषक लगती है। अपने सौन्दर्य में इत्र लगाना कभी न भूलें क्योंकि यह सोने पर सुहागे का काम करता है उचित जीवनशैली अपनाने से चहेरे पर चमक तथा उत्साह की झलक मिलती है। तेजस्वी आभा के लिए उचित पोषाहार, व्यायाम पर्याप्त नींद, तथा विश्राम अत्यन्त आवश्यक है। त्योहार से कुछ हफ्ते पहले हल्का व्यायाम तथा पैदल चलने की आदत डालनी चाहिए। पैदल चलना  शारीरिक तथा मानसिक स्वस्थ्य दोनों के लिए अत्यन्त लाभकारी साबित होता है। 

पोशाक का चुनाव 

करवाचौथ के त्योहार के दिन नई दुल्हनें तथा युवा महिलाएं दुल्हनों जैसी पोशाक पहनना पसन्द करती हैं जिससे उन्हें दुल्हन जैसा अहसास होता है। आज के दौर में परम्परिक लाल रंग के साथ-साथ गहरा गुलाबी रंग, हल्का गुलाबी रंग, हल्का नीला रंग, फिरोजी नीला रंग, हल्का बैंगनी रंग, स्ट्राबैरी, कांस्य, जामुनी रंग भी काफी आकर्षक तथा लोकप्रिय माने जाते हैं युवा महिलाओं में दो रंगों का मिश्रण भी काफी लोकप्रिय माना जाता है।

ड्रेस के तौर पर लहंगा-चोली काफी लोकप्रिय हैं या महिलाएं घने अलंकृत कुर्ते के साथ सलवार भी पहन सकती हैं साड़ी को पारम्परिक तरीके से पहनने के बजाय इस तरीके से पहनना चाहिए ताकि सजावटी चोली तथा सघन आंचल की खूबसूरती साफ तौर पर झलकती रहे। सिली हुई साड़ियों का नया ट्रेंड चल पड़ा है जिसे लपेटना नहीं पड़ता।

करवाचौथ में विवाह की तरह विभिन्न आर्कषक पोशाकें पहनी जा सकती हैं इस त्योहार में ज़रदोज़ी, जाली क्रेप तथा पतली रेशमी कपड़े वाली पोशाकों को उपयोग में लाया जा सकता है। इस त्योहार में हीरे सहित सफेद या रंगीन रत्नों से जड़ित आभूषण प्रयोग में लाए जाते हैं।

करवाचौथ में मुख्यतः परम्परिक पोशाकों तथा परिधानों को ही पसन्द किया जाता है क्योंकि इनका सम्बन्ध व्रत तथा पूजा अर्चना से सीधे तौर पर है। हालांकि बदलते आधुनिक परिवेश में फिल्मों तथा फैशन का प्रभाव भी कुछ हद तक इस व्रत में देखने को मिल जाता है।

(लेखिका अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त सौन्दर्य विशेषज्ञ हैं)

More Stories


© 2019 All rights reserved.

Top