मतदाता पर्ची हाथ में, वोटर लिस्ट में नाम नहीं

मतदाता पर्ची हाथ में, वोटर लिस्ट में नाम नहींचुनाव जारी।

श्रीवत्स अवस्थी, स्वयं प्रोजेक्ट डेस्क

उन्नाव। चुनाव को लेकर यूं तो ढेरो इंतजाम किए गए थे लेकिन फिर भी पोलिंग बूथों पर अव्यवस्थाओं का बोलबाला रहा। कहीं रोशनी की कमी से वृद्ध मतदाताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा तो कहीं ईवीएम ने परेशान किया। सबसे अधिक परेशानी उन लोगों को उठानी पड़ी जिनके पास मतदाता पर्ची तो थी लेकिन वोटर लिस्ट में उनका नाम नहीं शामिल था। जिस वजह से कई बूथों पर पीठासीन अधिकारियों ने ऐसे मतदाताओं को वोट डालने नहीं दिया। इस बात को लेकर कई बूथों पर जमकर बहस भी हुई।

मौरावा में कई बूथों पर रोशनी के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए थे। केएनपीएन पोलिंग बूथ के अंदर अंधेरा था। इससे मतदाताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। सबसे अधिक मुसीबत वृद्ध लोगों को हुई। आंख की रोशनी कम होने से उन्हें दूसरों का सहारा लेना पड़ा। यहां कुछ देर बाद रोशनी के इंतजाम कर दिए गए थे। बीकेएचआर इंटर कालेज को भी पोलिंग बूथ बनाया गया था। यहां भी रोशनी के खास इंतजाम नहीं किए गए थे। कुछ ऐसा ही हाल अन्य विधानसभा क्षेत्रों के पोलिंग बूथों का रहा।

यहां के कई पोलिंग बूथों पर मतदान करने के लिए पहुंचे मतदाता अपना वोट नहीं डाल सके। उनके पास मतदाता पर्ची तो थी लेकिन वोटर लिस्ट में नाम शामिल न होने से पीठासीन अधिकारियों ने उन्हें मत डालने से रोक दिया। बीघापुर संवाददाता के अनुसार कई बूथों पर ईवीएम ने साथ नहीं दिया। गड़बड़ी के चलते कई बूथों पर देरी से मतदान हो सका। यह हाल तब था जब प्रशासन ने मतदाता सूची में संशोधन, नाम कटवाने, जुड़्वाने और गड़बडिय़ो को ठीक कराने के लिए लगातार अभियान चलाया। शहर के मोती नगर में रहने वाले वीरेंद्र यादव के पास मतदाता पर्ची थी लेकिन जब वह मत डालने पहुंचे तो वोटर लिस्ट में उनका नाम ही नहीं मिला।

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