मौसम रहा मेहरबान तो इस बार गेहूं की खेती करने वाले किसानों के चेहरे पर लौटेगी रौनक

Deepanshu MishraDeepanshu Mishra   7 March 2017 7:43 PM GMT

मौसम रहा मेहरबान तो इस बार गेहूं की खेती करने वाले किसानों के चेहरे पर लौटेगी रौनकगेहूं की तैयार होती फसल।

स्वयं प्रोजेक्ट डेस्क

बाराबंकी। गेहूं की फसल तैयार होने वाली है। पिछले दो वर्षों में गेहूं की कम पैदावार हो रही थी, लेकिन इस बार गेहूं की अच्छी पैदावार होने वाली है। कृषि विभाग के अनुसार बाराबंकी जिले में बीते वर्ष 2013-14 में एक लाख 66 हजार 533 हेक्टेयर में गेहूं की फसल बोई गई थी, उत्पादन पांच लाख 90 हजार 693 मीट्रिक टन लगभग 35.47 कुंतल प्रति हेक्टेयर हुआ था।

खेती किसानी से जुड़ी सभी बड़ी खबरों के लिए यहां क्लिक करके इंस्टॉल करें गाँव कनेक्शन एप

जिला मुख्यालय से लगभग 40 किलोमीटर दूरी पर निन्दूरा ब्लाक के नारायणपुर के किसान गुलाब सिंह (45 वर्ष) बताते हैं, ‘’पिछले साल की अपेक्षा इस बार बम्पर गेहूं की फसल होगी। बस मौसम सही रहे। पिछले दो वर्षों में जो नुकसान हुआ है उसकी भरपाई हो जानी चाहिए।’’

वर्ष 2014-15 में एक लाख 65 हजार 449 हेक्टेयर में गेहूं की फसल बोई गई थी। उत्पादन तीन लाख 92 हजार 114 मीट्रिक टन रह गया और प्रति हेक्टेयर लगभग उत्पादन 23.70 कुंतल हुआ।

इस बार गेहूं की अच्छी पैदावार जरूर होगी। विभाग ने भी इस बार मेहनत की है। पिछले वर्षों की अपेक्षा इस बार अच्छी पैदावार होगी। इस बार केवल गेहूं ही फसल में ही नहीं बल्कि रबी की सभी फसलों में अच्छी पैदावार होगी।
सुशील कुमार अग्निहोत्री, खंड तकनीकी प्रबंध, बाराबंकी

बाराबंकी खंड तकनीकी प्रबंधक सुशील कुमार अग्निहोत्री बताते हैं, ‘’इस बार गेहूं की अच्छी पैदावार जरूर होगी। विभाग ने भी इस बार मेहनत की है। पिछले वर्षों की अपेक्षा इस बार अच्छी पैदावार होगी। इस बार केवल गेहूं ही फसल में ही नहीं बल्कि रबी की सभी फसलों में अच्छी पैदावार होगी।”

वर्ष 2015-16 में एक लाख 67 हजार 622 हेक्टेयर में गेहूं की फसल बोई गई थी। उत्पादन चार लाख 98 हजार मीट्रिक टन और प्रति हेक्टेयर लगभग 29.73 क्विंटल उत्पादन हुआ। वित्तीय वर्ष 2016-17 में गेहूं की फसल एक लाख 72 हजार 57 हेक्टेयर में बोई गई है। इस बार उत्पादन का लक्ष्य छह लाख 42 हजार 546 मीट्रिक टन है। उत्पादन लक्ष्य प्रति हेक्टेयर लगभग 37.43 क्विंटल रखा गया है।

ताजा अपडेट के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करने के लिए यहां, ट्विटर हैंडल को फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें।

More Stories


© 2019 All rights reserved.

Top