औषधीय गुणों का खजाना है गाय का दूध

औषधीय गुणों का खजाना है गाय का दूधऔषधीय गुणों का खजाना है गाय का दूध

डॉ. अनुपम द्विवेदी (स्वयं प्रोजेक्ट डेस्क)

आयुर्वेदिक शोध संस्थान, कानपुर, आयुर्वेद-पीएचडी, डी लिट

तिर्वा/कन्नौज। गाय का दूध कई औषधीय गुणों से भरपूर है। कई बीमारियों के इलाज में वह रामबाण साबित हो रहा है। इसका सेवन नौनिहालों के लिए भी काफी बेहतर है। डॉक्टरों ने भी इसे अच्छा बताया है।

गौदुग्ध को नेत्र ज्योतिवर्धक, बलवर्धक, स्मरण शक्तिवर्धक, रक्तवर्धक, तत्काल वीर्यवर्धक, स्फूर्तिदायक, बाजीकारक होता है। भारतीय गोवंश रक्षण सम्वर्धन परिषद के अनुसार अगर किसी के सिर में दर्द हो तो एक गिलास गाय के दूध में एक इलायची डालकर उबालकर पीने से दर्द गायब हो जाता है। अदरक डालकर गाय का दूध खौलाकर पीने से खांसी ठीक होती है। आंखों में गाय के दूध की पट्टी रखने से आंखों का दर्द बंद होता है। दलिया दूध में पकाकर खाने से प्रसूता को रोग से मुक्ति मिलती है। गौदुग्ध में शहद मिलाकर पीने से पुराने पेट के कीड़े मर जाते हैं और नए कीड़े नहीं होते हैं। बार-बार गर्भपात हो जाने पर भी गौदुग्ध में अश्वगंधा का चूर्ण मिलाकर पीने से लाभ होता है। मधुमेह रोगियों के लिए गाय का दूध इसलिए उपयोगी है कि कोलेस्ट्राल की मात्रा कम होती है। रोगियों को वसारहित दूध अच्छा बताया गया है। सोने से एक घंटे पहले गाय के दूध में एक चम्मच गाय का घी मिलाकर पीना स्वास्थ्यवर्धक बताया है। रक्तविकार वाले रोगियेां के लिए भी यह उपयोगी है। सुबह हल्का गर्म दूध पाचन के लिए उपयोगी बताया गया है। इसके अलावा जीर्ण ज्वर, मानसिक रोग, मूर्छा, शोध, दाह, पांडु रोग, दिल के रोग, शूल, रक्त पित्त, दमा, श्वांस, खांसी, गोला रोग, उदर रोग नाशक, कैंसर और क्षय आदि बीमारियों से बचाने में भी गाय का दूध सहायक बताया गया है।

"This article has been made possible because of financial support from Independent and Public-Spirited Media Foundation (www.ipsmf.org)."




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