डीएपी के पांच नमूने फेल, दुकानदारों को नोटिस जारी

डीएपी के पांच नमूने फेल, दुकानदारों को नोटिस जारीफोटो 

नवनीत अवस्थी/स्वयं कम्यूनिटी जर्नलिस्ट

उन्नाव। कृषि विभाग की ओर से लिए गए खाद के नमूनों में डीएपी के पांच सैंपल फेल हो गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद विभाग ने सभी दुकानदारों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि संतोषजनक उत्तर न मिलने पर लाइसेंस निरस्त किया जाएगा।

शासन की ओर से कृषि विभाग को रबी और खरीफ सीजन में 190 खाद (डीएपी व यूरिया) के नमूने लेने का लक्ष्य दिया गया था। विभाग की ओर से निरीक्षण करके 64 नमूने लिए गए। इन नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया था, जिनकी जांच रिपोर्ट आई है।

रिपोर्ट में डीएपी के पांच नमूने फेल आए हैं। बताया गया कि जो नमूने फेल आए हैं, उनमें अन्य वस्तु मिलाकर बेचने की पुष्टि हुई है। इसी आधार पर डीएपी बेचने वाले दुकानदारों को नोटिस जारी किया गया है।

ये भी पढ़ें- यूरिया और डीएपी असली है या नकली ? ये टिप्स आजमाकर तुरंत पहचान सकते हैं किसान

“जांच रिपोर्ट के आधार पर पांचों दुकानदारों से स्पष्टीकरण तलब किया गया है। संतोषजनक उत्तर न मिलने पर दुकानदारों का लाइसेंस निरस्त किया जाएगा।”
अतींद्र सिंह,जिला कृषि अधिकारी, उन्नाव

लाइसेंस निरस्त हुआ तो दोबारा बनवाना नहीं होगा आसान

कृषि विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, यदि अब दुकानदार का खाद लाइसेंस निरस्त होता है तो दोबारा बन पाना आसान नहीं होगा। अब खाद लाइसेंस के लिए बीएससी एग्रीकल्चर की डिग्री अनिवार्य कर दी गई है। ऐसे में पुराने दुकानदारों के लाइसेंस निरस्त होने पर उन्हें दोबारा बनवाने के लिए अनिवार्य डिग्री लगानी पड़ेगी। वैसे जानकारों की मानें तो पुराने जारी हुए खाद लाइसेंसधारकों में अधिकांश के पास बीएससी कृषि की डिग्री नहीं है। ऐसे में यदि पुराना लाइसेंस निरस्त होगा तो नई प्रक्रिया का पालन करना होगा।

ये भी पढ़ें- गोवंश तो बढ़े लेकिन देशी खाद नहीं: गोबर की जगह किसान धड़ल्ले से कर रहे हैं यूरिया-डीएपी का इस्तेमाल

ताजा अपडेट के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करने के लिए यहां, ट्विटर हैंडल को फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें।

Share it
Top