उद्घाटन के तीन दिन बाद ही चीनी मिल हुई बंद, किसानों को नहीं मिल रही पर्ची

उद्घाटन के तीन दिन बाद ही चीनी मिल हुई बंद, किसानों को नहीं मिल रही पर्चीगाँव कनेक्शन

सुलतानपुर। अवध किसान सहकारी चीनी मिल सुलतानपुर का उद्घाटन होने के मात्र तीन दिन में बन्द हो गई। गन्ना विभाग के लाख दावे के बावजूद भी गन्ना किसान को अभी तक पर्ची ही नहीं मिल पा रही हैं।

किसान गन्ना को खेत से हटा कर गेहूं बोना चाह रहा है लेकिन विभागीय उदासीनता के चलते किसान परेशान हैं, उसकी सुनने वाला कोई नहीं है। सुलतानपुर की इकलौती किसान सहकारी चीनी मिल ने इस बार 16 लाख कुन्तल गन्ना पेराई का लक्ष्य निर्धारित किया है, लेकिन सबसे बड़ी समस्या यह है कि गन्ना किसानों को अभी तक गन्ना तौल पर्ची भी जारी नहीं की गई, जिसकी वजह से विभाग के लक्ष्य पर सवालिया निशान लग रहे हैं। जिले के किसानों ने इस बार 86 हजार हेक्टेयर क्षेत्रफल में गन्ने की बुवाई की है।

सात तरीख को आनन-फानन मे मिल का उद्घाटन तो कर दिया गया लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह खड़ा है कि अभी तक गन्ना तौल के लिये जिले में 23 क्रय केंद्र खोलने का प्रस्ताव है कुछ स्थानों पर तौल केंद्र चल रहा है। वहीं अधिकारियों की माने तो प्रथम राउन्ड में 250 पर्ची जारी की गई है जबकि गन्ना देने वाले किसान की संख्या 16 हजार है। जिला मुख्यालय से लगभग सात किलोमीटर दूर कटांवा महमूदपुर के किसान राम प्रकाश सिंह (40 वर्ष) ने बताया, "कोई भी तौल केंद्र नहीं चल रहा है, अभी तक हमको गन्ने की पर्ची ही नहीं मिल पाई है। चीनी मिल के जीएम से जब पूछते हैं कि मिल कब चलेगी तो ठीक से जबाव नहीं देते हैं, हम किसान गन्ने की फसल काट कर गेहूं बोने की तैयारी करते हैं। गेहूं बोने का अन्तिम समय भी निकलता जा रहा है और चीनी मिल उद्घाटन के तीन दिन बाद बन्द हो गई।" चीनी मिल के उद्घाटन मे पहुंचे मुख्य विकास अधिकारी राम यज्ञ मिश्र ने कहा, "मशीनरी फाल्ट आ जाने की वजह से मिल बन्द है। जांच में चीफ इंजीनियर की लापरवाही सामने आई, जिसको तत्काल ही हटा दिया गया है। गन्ना विभाग को निर्देशित कर दिया गया है बहुत जल्द ही समस्या खत्म हो जाएगी।"

जिला गन्ना अधिकारी अशर्फी लाल ने कहा, "हर साल गन्ने का लगभग 12 प्रतिशत क्षेत्रफल कम हो रहा है। जिले में गन्ना किसान 8600 हेक्टेयर बुवाई की है। आठ हजार हेक्टेयर गन्ने का क्षेत्रफल मिल को मिला हुआ है मिल चलने के बाद पता चल जायेगा इस साल क्या स्थिति रहेगी।"

"मिल में जो समस्या आ गई वह बगास ज्यादा लग रहा है रस कम आ रहा है। मशीन के अन्दर तीन पार्ट से गन्ने का रस निकलता है। पहला पार्ट काम कर रहा है और तीसरा पार्ट काम कर रहा है, लेकिन दूसरे पार्ट के काम न करने से 40 प्रतिशत रस नहीं निकल पा रहा है। लखनऊ से आए टेक्निकल ने समस्या दूर कर दी है। मिल जल्द ही चालू हो जायेगी।" जीएम केपी शुक्ला ने बताया

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