रामगोपाल को नेता पद से अमान्य करने की मांग रखी मुलायम ने

रामगोपाल को नेता पद से अमान्य करने की मांग रखी मुलायम नेराम गोपाल यादव। फाइल फोटो

नई दिल्ली (भाषा)। समाजवादी पार्टी के नेता मुलायम सिंह यादव ने आज राज्यसभा के सभापति हामिद अंसारी को पत्र लिखकर उन्हें अखिलेश यादव के करीबी रामगोपाल यादव को पार्टी से निष्कासित किये जाने के मद्देनजर उच्च सदन में पार्टी के नेता पद से हटाये जाने की मांग की।

मुलायम ने अंसारी से आग्रह किया कि रामगोपाल को पार्टी से निष्कासित किये जाने को ध्यान में रखते हुए उन्हें पिछली सीट पर स्थानांतरित किया जाए। अभी रामगोपाल सदन में अगली कतार में बसपा सुप्रीमो मायावती के पास की सीट पर बैठते हैं।

राज्यसभा के सभापति के ओएसडी गुरदीप सिंह सप्पल ने ट्वीट किया, ‘‘राज्यसभा के सभापति को मुलायम सिंह यादव का पत्र मिला है जिसमें रामगोपाल यादव को सपा से निष्कासित किये जाने की सूचना दी गई है और इसकी उपयुक्त जांच परख की जायेगी।''

पार्टी सूत्रों ने बताया कि पत्र में राज्यसभा सचिवालय को बताया गया है कि मुलायत सिंह के चचेरे भाई रामगोपाल को 30 दिसंबर 2016 को छह साल के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया गया और अब वे ऊपरी सदन में सपा संसदीय पार्टी के नेता नहीं रहे।

हालांकि इस पत्र में यह नहीं बताया गया है कि मुलायम सिंह यादव राज्यसभा में किसे पार्टी का नेता नियुक्त करेंगे। अखिलेश यादव के करीबी माने जाने वाले रामगोपाल को मुलायम समाजवादी पार्टी और परिवार में कलह की मुख्य वजह मानते हैं।

Share it
Top