गांव कनेक्शऩ फाउंडेशन ने लगाया डेंटल कैंप,गलत आदतों से बढ़ रही दांतों की बीमारियां  

Deepanshu MishraDeepanshu Mishra   30 July 2017 8:38 PM GMT

गांव कनेक्शऩ फाउंडेशन ने लगाया डेंटल कैंप,गलत आदतों से बढ़ रही दांतों की बीमारियां  गाँव कनेक्शन फाउंडेशन और विविक्षा फाउंडेशन की मदद से डेंटल कैंप का आयोजन किया गया।

लखनऊ। गांव के लोगों में दांत और मुंह से संबंधित बीमारियां बढ़ती जा रही हैं। डॉक्टरों का कहना है कि गलत आदतों के चलते दांतों से संबंधित समस्याएं बढ़ी हैं। लोगों की समस्याओं को देखते हुए गाँव कनेक्शन फाउंडेशन ने अपनी मुहिम के जरिए गांव में डेंटल कैंप आयोजित किया, जहां सैकड़ों लोगों की जांच की गई।

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लखनऊ जिला मुख्यालय से लगभग 40 किलोमीटर दूरी पर स्थित बख्शी का तालाब के कुनौरा में स्थित भारतीय ग्रामीण विद्यालय में गाँव कनेक्शन फाउंडेशन के और विविक्षा फाउंडेशन की मदद से डेंटल कैंप का आयोजन किया गया। इस कैंप में बच्चों से लेकर बड़ों तक 100 से ज्यादा लोग अपने दांतों का चेकअप कराया और डॉक्टरों से सलाह ली।

दांतों की बीमारियों को लेकर लगातार प्रयास करने वाले विविक्षा फाउंडेशन के डॉ शीतांशु मल्होत्रा ने बताया, “लोगों को देखने से पता चलता है कि लोग अपने दांतों का ख्याल नहीं रखते हैं,जिसकी वजह से उनमें कई तरह की समस्याएं हो रही है। लोगों में ज्यादातर पायरिया की शिकायत मिली है, जो कि लोगों को पता भी नहीं है।

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इसी फाउंडेशन से जुड़ी डॉ पल्लवी सिंह ने बताया, “महिलाओं में भी पायरिया की समस्या सामने आई है। लोगों को पायरिया से कैसे बचें ये जानकारी दी गयी है इसके साथ उनको इलाज के लिए भी बोला गया है।”

इस कैंप में डॉ शीतांशु और डॉ पल्लवी ने ब्रश करने के कई तरीके बताये, जिससे लोगों को किसी दिक्कत का सामना करना पड़े। डेंटल कैंप में अपना इलाज करवाने आये सभी लोगों को ब्रश और टंगक्लीनर वितरित भी किया गया, जिससे लोग ब्रश का प्रयोग ककरना शुरू कर दें।

क्या है पायरिया

डॉ शीतांशु ने बताया, “पायरिया शरीर में कैल्शियम की कमी होने, मसूड़ों की खराबी और दांत-मुंह की साफ सफाई में कमी रखने से होता है। इस रोग में मसूड़े पिलपिले और खराब हो जाते हैं और उनसे खून आता है। सांसों की बदबू की वजह भी पायरिया को ही माना जाता है।

असल में मुंह में 700 किस्म के बैक्टीरिया होते हैं। इनकी संख्या करोड़ों में होती है। अगर समय पर मुंह, दांत और जीभ की साफ-सफाई नहीं की जाए तो ये बैक्टीरिया दांतों और मसूड़ों को नुकसान पहुंचाते हैं। पायरिया होने पर दांतों को सपोर्ट करने वाले जॉ बोन को नुकसान पहुंचता है।”

क्या है इलाज

पायरिया की वजह से हिलते दांतों को भी पक्का किया जा सकता है। अच्छी तरह से मुंह, दांत और जीभ की साफ-सफाई से ये बीमारी दूर हो सकती है। मसूड़ों को अगर ज्यादा नुकसान पहुंचा हो तो सर्जरी के जरिए उसे भी ठीक किया जा सकता है। अगर मसूड़ों को बहुत ज्यादा नुकसान पहुंच गया हो और दांत मसूड़ों से निकलने के करीब हों तो डेंटल इम्प्लांट के जरिए फिर से दांत लगाए जा सकते हैं।

सावधानियां

मुंह की अंदरुनी साफ-सफाई का ध्यान रखें
दांतों को अच्छी तरह साफ करें
जीभ को अच्छी तरह साफ करें
हार्ड टूथब्रश का इस्तेमाल नहीं करें
रात को सोने से पहले भी ब्रश करें

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