Top

75 हजार फूलों से मिलती है महज आधा किलो केसर

भारत में केसर की खेती मुख्य रूप से जम्मू-कश्मीर के कस्बे पंपोर में होती है। पंपोर में हर साल लगभग 2,128 किलो केसर का उत्पादन होता है।

कश्मीर अपनी खूबसूरती और केसर के लिए दुनिया भर में मशहूर है। केसर या जाफरान की गिनती दुनिया के सबसे महंगे मसालों में होती है। ऐसा इसलिए है कि लगभग 454 ग्राम केसर के लिए 75 हजार फूलों की जरूरत होती है।

केसर की खेती आज से लगभग सात सौ ईसा पूर्व सबसे पहले ग्रीस में शुरू हुई। आज दुनिया में सबसे ज्यादा केसर ईरान में उगाई जाती है, इसके बाद स्पेन, भारत, ग्रीस, अजरबैजान, मोरक्को और इटली में। भारत में केसर की खेती मुख्य रूप से जम्मू-कश्मीर के कस्बे पंपोर में होती है। पंपोर में हर साल लगभग 2,128 किलो केसर का उत्पादन होता है। जानकारों का कहना है कि ईरान के केसर के मुकाबले कश्मीर के केसर में तेल ज्यादा है । केसर का इस्तेमाल दवाओं, इत्र, सौंदर्य प्रसाधन, मिठाइयों, कहवा वगैरह में होता है।

पंपोर में लोगों की कमाई का मुख्य जरिया केसर ही है। पिछले कुछ समय से केसर की खेती में कमी आने लगी थी। लेकिन आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल के बाद किसानों की रुचि फिर इसमें जागी। आज किसानों को अपने माल की अच्छी रकम भी मिल रही है। आमतौर पर एक किलो सूखे केसर की कीमत एक लाख अस्सी हजार रुपए के आसपास होती है।

Next Story

More Stories


© 2019 All rights reserved.