विद्यालय परीक्षा समिति ने रद्द किया टॉपरों का रिजल्ट

विद्यालय परीक्षा समिति ने रद्द किया टॉपरों का रिजल्टgaonconnection

पटना (भाषा)। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (बीएसईबी) ने दोबारा जांच के बाद विज्ञान संकाय के टापर्स सहित एक अन्य के परीक्षा परिणाम को रद्द कर दिया।

बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के अध्यक्ष लालकेश्वर प्रसाद ने शनिवार को पत्रकारों को बताया कि कला एवं विज्ञान संकाय के प्रथम सात-सात टापर्स को दोबारा जांच के लिए शुक्रवार को बुलाया गया था।

लालकेश्वर ने बताया कि एक छात्रा रुबी राय (कला संकाय में टापर्स) को छोड़कर शेष 13 परीक्षार्थी उपस्थित हुए। उन्होंने कहा कि रुबी राय को अपना पक्ष रखने के लिए एक सप्ताह का अवसर प्रदान करते हुए उन्हें आगामी 11 जून को उपस्थित होने के लिए कहा गया है। रूबी ‘डिप्रेशन के चलते’ इंटरव्यू में नहीं पहुंचीं।

उन्होंने बताया कि शेष शीर्ष 13 परीक्षार्थियों में से 11 को शीर्ष योग्य पाया गया और दो सौरभ श्रेष्ठ (विज्ञान संकाय में टापर्स रहे) तथा राहुल कुमार (विज्ञान संकाय में तीसरे स्थान पर रहे) को मापदंड के अनुसार नहीं पाए जाने के कारण उनके परीक्षा परिणाम को रद्द करने का निर्णय लिया गया है। 

कला संकाय में स्टेट टॉपर रही रुबी राय ने एक टीवी चैनल को दिए गए साक्षात्कार के दौरान पॉलिटिकल साइंस को ‘प्रोडिकल साईंस’ उच्चारित किए जाने के साथ कहा था कि खाना बनाने की पढ़ाई होती है।

इसी प्रकार से विज्ञान संकाय में टॅापर रहे सौरव श्रेष्ठ के प्रोटोन और इलेक्ट्रोन से अवगत नहीं होने की बात सामने आयी थी। लालकेश्वर ने बताया कि इस पूरे प्रकरण की जांच के लिए उच्च स्तरीय जांच समिति के गठन का निर्णय लिया गया है।

उन्होंने बताया कि उक्त उच्च स्तरीय जांच समिति के अध्यक्ष पटना उच्च न्यायालय अथवा किसी अन्य उच्च न्यायालय के किसी पूर्व न्यायधीश होंगे तथा उसके दो अन्य सदस्यों में एक पूर्व आईएएस अथवा पूर्व आईपीएस अधिकारी और एक पूर्व शिक्षाविद अथवा पूर्व कुलपति होंगे।

लालकेश्वर ने बताया कि वैशाली जिला के भगवानपुर स्थित विशुन राय कॉलेज (जहां से ये टापर्स हैं) का निबंधन तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया गया है।

बिहार में इंटरमीडिएट की परीक्षा के कला संकाय में स्टेट टॉपर रही रुबी और विज्ञान संकाय में टॅापर रहे सौरव श्रेष्ठ के विषय संबंधित और विशेष ज्ञान से संबंधित साक्षात्कार हाल में एक टीवी चैनल पर टेलीकास्ट किए जाने पर एक बार फिर इस प्रदेश की स्कूली शिक्षा की किरकिरी हुई थी।

इन दोनों टॉपरों का विशुन राय कॉलेज पिछले साल परीक्षा में सामूहिक नकल करने से प्रदेश की हुई किरकिरी के दौरान भी विवादों में आया था। गड़बड़ी की शिकायत मिलने पर तत्कालीन शिक्षा मंत्री पीके शाही ने इस कॉलेज का परीक्षा परिणाम रोक दिया था।

More Stories


© 2019 All rights reserved.

Top