फ्लिपकार्ट ने माइक्रोसाफ्ट, ईबे व टेनसेंट से 1.4 अरब डालर का कोष जुटाया

Sanjay SrivastavaSanjay Srivastava   10 April 2017 6:18 PM GMT

फ्लिपकार्ट ने माइक्रोसाफ्ट, ईबे व टेनसेंट से 1.4 अरब डालर का कोष जुटायाई-कामर्स कंपनी फ्लिपकार्ट।

नई दिल्ली (भाषा)। भारत की सबसे बड़ी ई-कामर्स कंपनी फ्लिपकार्ट ने दिग्गज कंपनी माइक्रोसाफ्ट, ईबे व टेनसेंट होल्डिंग्स से 1.4 अरब डालर का कोष जुटाया है। फ्लिपकार्ट ने यह धन ऐसे समय में जुटाया है जबकि अटकलें हैं कि वह एक एक प्रतिस्पर्धी कंपनी स्नैपडील को खरीदने के लिए बातचीत कर रही है।

देश से जुड़ी सभी बड़ी खबरों के लिए यहां क्लिक करके इंस्टॉल करें गाँव कनेक्शन एप

भारत की सबसे बड़ी ई-कामर्स कंपनी फ्लिपकार्ट ने दिग्गज कंपनी माइक्रोसाफ्ट, ईबे व टेनसेंट होल्डिंग्स से 1.4 अरब डालर का कोष जुटाया है। फ्लिपकार्ट ने यह धन ऐसे समय में जुटाया है जबकि अटकलें हैं कि वह एक एक प्रतिस्पर्धी कंपनी स्नैपडील को खरीदने के लिए बातचीत कर रही है।

कंपनी के बयान में कहा गया है कि किसी भारतीय इंटरनेट कंपनी के लिए यह अब तक का सबसे बड़ा वित्तपोषण है, इस वित्तपोषण से फ्लिपकार्ट का बाजार मूल्यांकन 11.6 अरब डालर आंका गया है हालांकि 2015 में रपटों में यह मूल्यांकन 15 अरब डालर बताया गया गया था।

इस ताजा वित्तपोषण से पहले कंपनी ने विभिन्न अंतरराष्ट्रीय निवेशकों से तीन अरब डालर से अधिक की राशि जुटाई थी।

ईबे इसके तहत फ्लिपकार्ट में 50 करोड़ डालर का निवेश करेगी और दोनों फर्म भारत में अपने परिचालन का विलय कर देंगी। इस सौदे के अनुसार फ्लिपकार्ट भारत में ईबे के कारोबार का परिचालन करेगी। यह सौदा इसी साल सिरे चढ़ने की उम्मीद है।

इस सौदे से जहां फ्लिपकार्ट अमेरिकी इंटरनेट कंपनी अमेज से मिल रही प्रतिस्पर्धा का सामना कर पाएगी। इस सौदे की घोषणा ऐसे समय में की गई है जबकि फ्लिपकार्ट अन्य इकामर्स कंपनी स्नैपडील को खरीदने के लिए बातचीत कर रही है।

फ्लिपकार्ट की शुरआत 2007 में अमेजन के दो पूर्व कर्मचारियों ने की थी। फ्लिपकार्ट के बड़े निवेशकों में टाइगर ग्लोबल, एक्सेल पार्टनर्स, डीएसटी ग्लोबल व बैली जिफोर्ड शामिल हैं।

फ्लिपकार्ट के संस्थापक सचिन बंसल व बिन्नी बंसल ने इस सौदे को ‘महत्वपूर्ण सौदा' करार दिया है। कंपनी के बयान में कहा गया है कि ताजा वित्तपोषण कंपनी के दस साल के इतिहास तथा देश के इंटरनेट क्षेत्र में अब तक अपनी तरह का सबसे बड़ा सौदा है।

इस वित्तपोषण में भाग लेने वाली चीन की टेनसेंट के पास सोशल मैसेजिंग एप वीचैट का स्वामित्व है और उसने प्रेक्टो, इबीबो आदि आनलाइन कंपनियोंं में निवेश कर रखा है।

ईबे के लिए इस सौदे के तहत फ्लिपकार्ट भारत में उसके ग्राहकों का अधिग्रहण करेगी। भारत में ईबे का परिचालन अलग इकाई के रूप में ही होता रहेगा। दस करोड़ से अधिक ग्राहकों वाली फ्लिपकार्ट के अधीन फैशन खुदरा कंपनी मिंत्रा व जोबांग, लाजिस्टिक कंपनी इकार्ट व भुगतान एप फोनपे है।

More Stories


© 2019 All rights reserved.

Top