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UP बजट 2019: तीर्थ स्‍थलों के विकास के लिए योगी सरकार ने खोला खजाना

UP बजट 2019: तीर्थ स्‍थलों के विकास के लिए योगी सरकार ने खोला खजाना

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने गुरुवार को अपना तीसरा बजट पेश किया। वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल ने 4,79,701,10 करोड़ रुपये का बजट पेश किया। इस बजट में हिंदू धर्मस्‍थलों पर खास ध्‍यान दिया गया है। योगी सरकार की ओर से काशी विश्‍वनाथ कॉरिडोर से लेकर अयोध्‍या के धार्मिक स्‍थलों के विकास तक के लिए बजट जारी किया गया है। जानें किस किसी तीर्थ स्‍थल के विकास के लिए जारी हुआ बजट।

  • - उत्‍तर प्रदेश बृज तीर्थ में अवस्‍थापना सुविधाओं के लिए 124 करोड़ रुपए की व्‍यवस्‍था प्रस्‍तावित।
  • - अयोध्‍या के प्रमुख पर्यटन स्‍थलों के विकास के लिए 101 करोड़ रुपए की व्‍यवस्‍था प्रस्‍तावित।
  • - गढ़ मुक्‍तेश्‍वर के पर्यटन स्‍थलों के विकास के लिए 27 करोड़ रुपए की व्‍यवस्‍था।
  • - पर्यटन नीति 2018 के क्रियान्‍वयन के लिए 70 करोड़ रुपए और प्रो-पुअर टूरिज्‍म के लिए 50 करोड़ रुपए की व्‍यवस्‍था।
  • - काशी विश्‍वनाथ कॉरिडोर के लिए 207 करोड़ रुपए।
  • - मथुरा-वृन्‍दावन के मध्‍य ऑडिटोरियम के निर्माण के लिए 8 करोड़ 36 लाख रुपए की व्‍यवस्‍था।
  • - सार्वजनिक रामलीला स्‍थलों में चहारदीवारी के लिए 5 करोड़ रुपए की व्‍यवस्‍था।
  • - वृंदावन शोध संस्‍थान के सुदृढ़ीकरण के लिए 1 करोड़ रुपए की व्‍यवस्‍था।
  • - इसके अलावा प्रयागराज में ऋषि भारद्वाज आश्रम एवं श्रृंगवेरपुर धाम, विध्‍यांचल एवं नैमिषारण्‍य का विकास किया जाएगा। बौद्ध परिपथ में सारनाथ, श्रावस्‍ती, कुशीनगर, कपिलवस्‍तु, कौशाम्‍बी एवं संकिसा का विकास प्रस्‍तावित। शाकुम्‍भरी देवी एवं शुक्रताल का विकास, राजापुर चित्रकुट में तुलसी पीठ का विकास, बहराइच में महाराजा सुहेलदेव स्‍थल एवं चित्‍तैरा झील का विकास। लखनऊ में बिजली पासी किले का विकास किया जाना प्रस्‍तावित है।

मुख्‍यमंत्री ने कहा- बजट में सबका ख्‍याल रखा

मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ ने बजट पर कहा कि ''बजट में सबका ख्‍याल रखा गया है। यह उत्‍तर प्रदेश का अब तक का सबसे बड़ा बजट है। हमने प्रदेश भर में बिजली की व्‍यवस्‍था को सही करने का काम किया है। हर जिले में समान रूप से बिजली पहुंचाने का काम किया है। सड़कों को बेहतर करने के लिए भी हम काम कर रहे हैं। इसके लिए पीडब्‍लूडी के बजट में भी वृद्धी की गई है।''

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