यहां हर साल कोलकाता से 'भगवान' गढ़ने आते हैं कलाकार

कोलकाता से आये मूर्तिकार भगवान की विभिन्न मूर्तियों को आखिरी टच देने में लग गये हैं। नवरात्रि को देखते हुए इस समय मां दुर्गा की मूर्तियों पर सबसे ज्यादा काम हो रहा

लखनऊ। लखनऊ के तालकटोरा में भगवान को गढ़ने का काम इस समय बहुत तेजी से चल रहा है। कोलकाता से आये मूर्तिकार भगवान की विभिन्न मूर्तियों को आखिरी टच देने में लग गये हैं। नवरात्रि को देखते हुए इस समय मां दुर्गा की मूर्तियों पर सबसे ज्यादा काम हो रहा।


"लखनऊ में भगवान जी बना रहें हैं। स्प्रे मशीन से मूर्ति पर रंग भरते 26 साल के कुंदन बताते हैं।" हर साल गणेश चतुर्थी और दुर्गा पूजा के लिए मूर्ति बनाने मूर्तिकार कोलकाता से लखनऊ आते हैं। 6 महीने तक लखनऊ में रह कर मूर्ति बनाते हैं।


"गणेश जी, भैरव, हनुमान, माता जी की मूर्ति बना लेता हूं, भगवान की फोटो भी दे जाते हैं ग्राहक लोग और उसको देखकर हूबहू बनानी होती है। फोटो से देखकर 80 प्रतिशत फोटो जैसी मूर्ति तो बना ही लेते हैं।" कुंदन आगे बताते हैं।

पिछले तीस साल से लखनऊ के तालकटोरा में रह रहीं 65 साल की लक्ष्मी मित्रा कोलकाता से यहां शादी करके आयी हैं, बताती हैं "बचपन से पिता जी को बनाते देखा है, ससुराल में हमने बनाना शुरू किया।"


लक्ष्मी हर साल मूर्ति बनाने वालों को कोलकाता से लाकर अपने यहां मूर्ति बनवाती हैं। 6 महीने के लिए ये कलाकार इनके यहां ही रहते हैं। "लखनऊ में कोई नहीं बना पाते हैं सब कोलकाता से आते हैं कारीगर।" टूटी-फूटी हिंदी में लक्ष्मी बताती हैं।




Share it
Top