कोल्ड स्टोर फुल, आलू किसानों के सामने संकट

कोल्ड स्टोर फुल, आलू किसानों के सामने संकटकोल्ड स्टोरेज तो हैं, लेकिन उनमें आलू रखने की जगह नहीं है।

मैनपुरी। बेवर के अरमसराय निवासी रामहुजूर के खेतों में बंपर आलू की फसल हुई। बावजूद इसके रामहुजूर उदास हैं, क्योंकि आलू रखने के लिए वे स्थानीय कोल्ड स्टोर पहुंचे तो वहां कोल्ड स्टोर पहले से ही भरा मिला। अब वे सस्ते दामों पर आलू बेचने के लिए मजबूर हैं। रामहुजूर कहते हैं कि फसल तो अच्छी हुई, लेकिन बंपर पैदावार ने कीमत नहीं दिलाई। ऐसे में सरकार से भी मदद नहीं मिली और अब किसानों की लागत भी नहीं निकल पा रही।

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वहीं अजीतगंज निवासी प्रभुदयाल दुबे बताते हैं कि ‘ किसानों के सामने आलू बेचने की मजबूरी है। जिले के सारे कोल्ड स्टोर फुल हो चुके हैं। अगर किसानों ने आलू नहीं बचा तो जो कुछ पैसा मंडी में आलू बेचकर मिलेगा वह भी चला जाएगा।” अजीतगंज निवासी रूप किशोर बताते हैं, “ आलू की फसल ने इस बार किसानों को बर्बाद कर दिया। पैदावार तो इस बार पिछले वर्ष से अच्छी हुई, लेकिन उचित कीमत न मिलने से किसानों के लिए लागत का पैसा निकालना भी मुश्किल हो गया है।”

400 रुपए प्रति कुंतल आलू का रेट

मंडी में आलू बेचने के लिए आने वाले किसानों को आलू का उचित दर नहीं मिल रहा है। उन्हें 400 रुपए प्रति कुंतल की दर पर ही आलू बेचना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि अगर वे इस कीमत पर आलू नहीं बेचते हैं, तो उन्हें इससे भी हाथ धोना पड़ेगा। कोल्ड स्टोरेज लगभग भर चुके हैं और आलू के भंडारण के लिए लंबी कतारें लगी हैं। कुल 35 कोल्ड स्टोरेज में आलू भंडारण की क्षमता दो लाख 75 हजार मीट्रिक टन है। अब कोल्ड स्टोर फुल होने के बाद किसानों के पास बचा हुआ लगभग सवा दो लाख मीट्रिक टन आलू पर संकट खड़ा हो गया है। जो आलू किसान के पास है उसका भंडारण करना मुश्किल हो रहा है। अगर जल्द ही किसानों ने आलू न बेचा तो पूरा आलू सड़ जाएगा। आलू की फसल से मुनाफे की उम्मीद रखने वाले किसानों के सामने कर्ज लेने का संकट आ गया है। कई किसानों ने फसल के दौरान उधार लेकर जो लागत लगाई थी उसका पैसा अब तक उन पर उधार है।

धीरे-धीरे आलू के दाम बढ़ेंगे

कोल्ड स्टोर भरे हैं, लेकिन किसानों ने पैदावार का आधे से अधिक आलू कोल्ड स्टोर में संरक्षित कर दिया है। इससे बाजारों में आलू की कमी आई है। मंडी में जैसे-जैसे आलू की कमी होगी, कीमतों में बढ़ोतरी हो सकेगी।

सुरेश कुमार, जिला उद्यान अधिकारी, मैनपुरी

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