लकड़ी के पुल के सहारे हज़ारों ज़िंदगियां

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पीलीभीत। जिले के ग्राम अधकटा व बिलसंडा ब्लॉक के पैथवोजी गाँव के मध्य बहने वाली माला नदी पर आज तक पक्के पुल का निर्माण नहीं हो सका है। पुल निर्माण ना पाने से ग्रामवासियों को इस नदी को पार करने के लिए हर साल कच्चे पुल का निर्माण करना पड़ता है। 

जनपद मुख्यालय से 50 किलोमीटर दूर बरखेड़ा विधान सभा व वीसलपुर विधान सभा की सीमा को जोड़ने वाले इस पुल के बारे में पैथवोजी गाँव के निवासी कालीचरन यशपाल (54 वर्ष) बताते हैं,“ पुल टूट जाने से गाँव के लोगों का सम्बन्ध जनपद से टूट जाता है। यहां के निवासी नांव के ज़रिए नदी को पार कर जिला मुख्यालय पहुंचते है।” बरसात के मौसम में यह माला नदीं विकराल रूप धारण कर लेती है। इसके चारोओर पानी ही पानी नज़र आता है।

यह नदी बहुत तेज़ी से ग्राम अधकटा की ओर कटान कर रहीं है,जिससे अधकटा के किसानों की काफी ज़मीन नदी में चली गई है और इसका खामियाजा क्षेत्र के सैकड़ों किसानों को झेलना पड़ रहा है। ग्राम अधकटा के किसान सुमेरलाल ने अपनी दुख भरी कहानी सुनाते हुए बताया, “ इस नदी के कटान से मेरी एक एकड़ ज़मीन पैथवोजी गाँव की ओर चली गई है। मैंने अपनी जमीन तलाशने के लिए कई बार समाधान दिवस में तहसील में भी प्रार्थना पत्र भी दिया, लेकिन बीसलपुर तहसील के प्रशासन ने उसकी बात पर कोई ध्यान नहीं दिया।

रिपोर्टर - अनिल चौधरी 

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