#स्वयंफ़ेस्टिवल : ‘सिंचाई के लिए लपेटा पाइप पर सरकार दे रही 50 फ़ीसदी अनुदान’ 

#स्वयंफ़ेस्टिवल : ‘सिंचाई के लिए लपेटा पाइप पर सरकार दे रही 50 फ़ीसदी अनुदान’ भावलखेड़ा ब्लॉक के दानियापुर गाँव में हो रहे कृषि मेले में जानकारी देते विशेषज्ञ।

ऋषभ (कम्युनिटी रिपोर्टर) 24 वर्ष

शाहजहांपुर। ज़िले से 35 किलोमीटर दूर भावलखेड़ा ब्लॉक के दानियापुर गाँव में हो रहे कृषि मेले में शाहबाजपुर गाँव से आये किसान अहिबरन लाल आज खुश लग रहे थे | वो पहली बार एक किसान मेले में आये थे जहां उन्हें फ़सलों की पैदावार बढ़ाने के कई नुस्ख़े सीखने को मिले । “हमें गन्ने और गेहूं की खेती के बारे में यहां आकर पता लगा. ऐसे पहले कोई भी हमें बताने नहीं आया” अहिबरन ने बताया।

अहिबरन की तरह ही प्रशांत सिंह, सुखलाल और उत्तम सिंह भी गाँव कनेक्शन फाउंडेशन द्वारा लगाए गए इस कृषि मेले में मौजूद थे । मेले में उत्तम सिंह ने ‘साफ़’ दवाई का प्रयोग करना सीखा तो प्रशांत सिंह ने कीटनाशक के इस्तेमाल के तरीके सीखे. शाहबाजपुर गाँव से आये सुखलाल ने बताया “हमें तो आलू के लिए एम 45 का प्रयोग बताया गया. अब देखो कितना फ़ायदा होता है”

ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे कई किसान हैं जिनकी सालभर की मेहनत केवल इसलिए बर्बाद हो जाती है क्यूंकि उन्हें ये नहीं पता होता कि कौन से ऊर्वरक और कीटनाशक कब इस्तेमाल करने चाहिए. गाँव कनेक्शन फाउंडेशन के स्वयं प्रोजेक्ट के तहत लगाया गया कृषि मेला किसानों को उन विशेषज्ञों से सीधे जोड़ने की कोशिश है जिनकी पहुच से जानकारियां और जानकार दोनों ही आज भी बहुत दूर हैं ।

कृषि मेले में आये गन्ना शोधसंस्थान शाहजहांपुर के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा. राजीव तिवारी ने किसानों को कम लागत में ज़्यादा पैदावार के कुछ सलीके सिखाये. साथ ही गन्ने की खेती के लिए भूमि उपचार की विधि भी बताई. “10 किलोग्राम एजिटोबेक्टा, 10 किलोग्राम ट्राईकोडर्मा विल्डी और दीमक के लिए 5 किलोग्राम बोरिया बेसियाना मिलाकर जुताई के पहले डालकर जुताई करने से गन्ने की उपज में फ़ायदा होता है ।”

गन्ना शोध संस्थान के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. आरडी तिवारी ने किसानों के लिए लाभदायक सरकारी योजनाओं के बारे बताया, “खेत तालाब योजना के तहत जलस्तर बढाने के लिए पुराने तालाबों की फिर से खुदाई की योजना है । साथ ही सरकार लपेटा पाइप पे भी 50 फ़ीसदी का अनुदान प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत दे रही है।”

कार्यक्रम में उपसंभागीय अधिकारी, सदर कृषि विभाग डा. प्यारेलाल, विषयवस्तु विशेषज्ञ केवीके उद्यान वैज्ञानिक डा. एस के वर्मा आदि ने भी किसानों को जानकारियां दी।

This article has been made possible because of financial support from Independent and Public-Spirited Media Foundation (www.ipsmf.org).

Tags:    swayam festival 
Share it
Top