रेल यात्रा के दौरान जानिए अपने अधिकार

रेल यात्रा के दौरान जानिए अपने अधिकारप्रतीकात्मक तस्वीर।

लखनऊ। भारतीय रेल में यात्रा के दौरान आपको कोई परेशानी न हो इसके लिए आपको अपने अधिकारों का इस्तेमाल करना होगा। लेकिन अगर आपको अपने अधिकारों के बारे में पता ही नहीं है तो आपको यात्रा के दौरान परेशानी उठानी पड़ सकती है। वेबसाइट आईआरसीटीसी के मुताबिक यात्रियों को ऐसे अधिकार दिये गए है जिनका इस्तेमाल वो सफर के पहले या बाद में कर सकता है। हम आपको बताते है आपके रेल अधिकारों के बारे में...

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तत्काल टिकट पर इन परिस्थितियों में मिलेगा रिफंड

कन्फर्म तत्काल टिकट तो वैसे आप कैंसल नहीं कर सकते, लेकिन कुछ विशेष परिस्थतियों में आप इसके बदले रिफंड ले सकते हैं। आप इन वजहों से ले सकते हैं रिफंड - ट्रेन तीन घंटे से ज्यादा लेट होती है और आप उसमें सफर नहीं करते। बंद, रेल रोको और बाढ़ समेत अन्य किसी वजह से ट्रेन कैंसल होती है, तो रिफंड मिलेगा। ट्रेन को डायवर्टेड रूट पर चलाया जाता है और आपका स्टेशन उस रूट पर नहीं पड़ता, तो रिफंड मिलेगा।

आपके टिकट पर फैमिली मेंबर कर सकता है सफर

आपके कन्फर्म टिकट पर आपके माता-पिता, भाई, बहन, बेटा, बेटी और आपकी पत्नी सफर कर सकती है। इसके लिए आपको टिकट ट्रांसफर करना होगा। इसके लिए आपको 24 घंटे पहले चीफ रिजर्वेशन सुपरवाइजर के पास रिक्वेस्ट देनी होगी।

अनारक्ष‍ित टिकट पर रिजर्वेशन कोच में पा सकते है बर्थ

अनारक्ष‍ित टिकट पर भी आप रिजर्व्ड कोच में सफर कर सकते हैं। बशर्ते संबंधित कोच में कोई सीट खाली हो। सीट खाली होने पर आपको सिर्फ रिजर्व्ड टिकट लेने के लिए पैसे देने पड़ते हैं। लेकिन ये भी ध्यान रखें कि सीट खाली न होने पर अगर आप बैठते हैं, तो पेनल्टी वसूली जाएगी।

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काउंटर से रिजर्वेशन कराने पर ले सकते है डुप्लीकेट टिकट

अगर आपने कोई टिकट रिजर्वेशन काउंटर पर बुक कराया है, तो आप उसकी डुप्लीकेट कॉपी ले सकते हैं। इसके लिए आप नजदीकी कंप्यूटराइज्ड सेंटर में जा सकते हैं और डुप्लीकेट टिकट ले सकते हैं। यह सुविधा सिर्फ कन्फर्म टिकट पर मिलती है और इसके लिए आपको एक नॉमिनल चार्ज भी देना होगा।

बदल सकते हैं बोर्डिंग स्टेशन

ई-टिकट बुक करने वाले पैसेंजर्स 24 घंटे पहले बोर्डिंग स्टेशन बदल सकते हैं। ध्यान रहे कि एक बार बोर्डिंग स्टेशन बदलने के बाद आप चाहकर भी बोर्डिंग स्टेशन नहीं बदल सकते।

हर ट्रेन में होता है फर्स्ट एड बॉक्स

हर ट्रेन में फर्स्ट एड बॉक्स की सुविधा होती है। ऐसे में कोई भी स्वास्थ्य परेशानी होने पर आप फर्स्ट एड बॉक्स मांग सकते हैं। यह बॉक्स आप टीटीई या ट्रेन के किसी भी कर्मचारी से ले सकते हैं।

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इन असुविधाओं में भी मिलता है रिफंड

अगर आपका टिकट एसी क्लास का है और आपको स्लीपर में सफर करना पड़ रहा है, तो आप रिफंड क्लेम कर सकते हैं। या फिर एसी कोच में एसी खराब होता है , तो रिफंड क्लेम किया जा सकता है।

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