मुजफ्फरनगर रेल हादसा : बाबुओं से बोले रेलमंत्री- शाम तक बताएं कौन है हादसे का जिम्मेदार

मुजफ्फरनगर रेल हादसा : बाबुओं से बोले रेलमंत्री- शाम तक बताएं कौन है हादसे का जिम्मेदारदुर्घटना के बाद एक कोच पास के मकान में और दूसरा कोच ट्रैक के किनारे स्थित तिलक राम इंटर कॉलेज कॉलेज में जा घुसा।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर के खतौली में कलिंग-उत्कल एक्सप्रेस हादसे का शिकार हो गई। इस हादसे में 23 लोगों की जान चली गई, जबकि सैकड़ों लोग जख्मी हैं। दुर्घटना इतनी भयावह थी कि पटरी से उतरे 12 कोच एक-दूसरे पर जा चढ़े। यहां तक कि एक कोच पास के मकान में और दूसरा कोच ट्रैक के किनारे स्थित तिलक राम इंटर कॉलेज कॉलेज में जा घुसा।

इस मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ आईपीसी की धारा 304A (लापरवाही की वजह से मौत) का केस दर्ज किया गया है। वहीं इस हादसे को लेकर रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष को पहली नजर में मिले सबूतों के आधार पर आज शाम तक जबावदेही तय करने के निर्देश दिए हैं।

रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने कहा कि वह हालात पर बारीकी से नजर रख रहे हैं और पटरियों की मरम्मत उनकी शीर्ष प्राथमिकता है। रेलमंत्री ने टि्वटर पर लिखा है, 'मरम्मत प्राथमिकता है। सात डिब्बों को हटा दिया गया है। घायलों के लिए सर्वश्रेष्ठ संभव चिकित्सा सेवा की व्यवस्था की जा रही है। हालात पर करीब से नजर रख रहा हूं।'

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रेलवे बोर्ड के मेंबर मोहम्मद जमशेद ने मीडिया से बातचीत में कहा कि शनिवार शाम को उत्कल एक्सप्रेस के 13 डिब्बे पटरी से उतरे। राहत-बचाव कार्य में एनडीआरएफ की मदद ली गई। सभी अधिकारी तुरंत साइट पर रवाना हुए। राज्य मंत्री मनोज सिन्हा भी घटनास्थल पहुंचे। रेल मंत्री भी नजर बनाए हुए हैं। करीब 20 की मौत और 92 लोग घायल हुए हैं, जिसमें से 22 गंभीर और 70 सामान्य रूप से घायल हैं। बचाव कार्य में स्थानीय लोगों ने भी मदद की। उन्होंने कहा कि 10 बजे तक रेलवे ट्रैक बहाल होने की उम्मीद है।

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