एनटीपीसी हादसा: एयर लिफ्ट से इलाज के लिए भेजे गए दो अधिकारी और तीन मजदूर

Abhishek PandeyAbhishek Pandey   2 Nov 2017 9:58 PM GMT

एनटीपीसी हादसा: एयर लिफ्ट से इलाज के लिए भेजे गए दो अधिकारी और तीन मजदूरलखनऊ के अस्पताल में भर्ती घायल

लखनऊ। ऊंचाहार स्थित बिजली उत्पादन संयंत्र की एक यूनिट में ब्वॉलयर फटने से इलाज के लिए लखनऊ पहुंचे घायलों में एजीएम लेवल के दो अधिकारी समेत तीन मजदूरों को एयर लिफ्ट से बेहतर इलाज के लिए दिल्ली भेजा गया है।

दो अधिकारी और तीन मजदूर

विस्फोट में गंभीर रूप से घायल हुए दो एजीएम प्रभात श्रीवास्तव व मिश्री राम और तीन मजदूर सहदेव साहू, घानाबोई और छोटू चौधरी को एयर लिफ्ट के जरिए इलाज के लिए दिल्ली भेजा गया है। इससे पहले उनका इलाज लखनऊ के प्राइवेट अस्पताल सिप्स के बर्न विभाग में हो रहा था, जहां उनकी हालत को देखते हुए एनटीपीसी और राज्य सरकार ने दिल्ली के एम्स भेजने का फैसला लिया। इसके लिए लखनऊ जिला प्रशासन ने गुरुवार सुबह लखनऊ स्थित अस्पताल से ग्रीन कॉरिडोर बनाकर हवाई मार्ग से दिल्ली अस्पताल भेजा गया।

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26 किलोमीटर महज 22 मिनट में

इन लोगों को लखनऊ के अस्पताल से हवाई अड्डे तक 26 किलोमीटर के रास्ते को ग्रीन कॉरिडोर बनाकर महज 22 मिनट में पहुंचाया गया और फिर एयरलिफ्ट कराके दिल्ली लाया गया। वहीं लखनऊ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार ने बताया, “मुझसे सुश्रुत इन्स्टीटयूट आफ प्लास्टिक सर्जरी (सिप्स) में भर्ती गंभीर हालत वाले पांचों मरीजों को दिल्ली ले जाने के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनाने को कहा गया था। लखनऊ पुलिस ने गुरुवार सुबह करीब साढ़े दस बजे चौक स्थित सिप्स से अमौसी हवाई अड्डे तक ग्रीन कॉरिडोर बनाया। दोनों के बीच की 26 किलोमीटर की दूरी को 22 मिनट में तय करके तीनों रोगियों को अमौसी हवाई अड्डा भेजा गया।”

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‘पुलिस ने बहुत तत्परता से काम किया’

कुमार ने कहा कि सुबह दस बजे सड़क पर बहुत गाड़ियों होती हैं, क्योंकि अधिकतर लोग अपने काम पर जा रहे होते हैं। इसके बावजूद लखनऊ पुलिस ने बहुत तत्परता से काम किया और केवल 22 मिनट में तीनों घायल मरीजों को सुरक्षित हवाई अड्डे पहुंचा दिया।” सिप्स के डॉक्टर रितेश पुरवार ने बताया “एनटीपीसी हादसे में बुरी तरह झुलसे लोगों में से पांच को हमारे यहां लाया गया था। इनमें से तीन को मेदांता भेजा गया है। उन्होंने कहा कि इनमें दो मरीज एनटीपीसी के अधिकारी बताये जा रहे हैं, लेकिन मुझे इस संबंध में पुष्ट सूचना नहीं है।”

केजीएमयू में 12 घायल पहुंचे

उधर शहर के किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज विश्वविद्यालय के ट्रॉमा सेन्टर के प्रभारी डॉक्टर संदीप तिवारी के अनुसार एनटीपीसी हादसे के बाद 12 लोगों को उनके यहां लाया गया। उनमें से एक व्यक्ति की अस्पताल पहुंचने से पहले ही मौत हो चुकी थी। डॉक्टर तिवारी ने बताया कि शेष 11 मरीजों में से मामूली रूप से झुलसे दो लोगों को आज सुबह छुट्टी दे दी गई है जबकि नौ लोगों का अभी भी इलाज चल रहा है। उन्होंने बताया, इनमें से छह मरीज 50 से 60 फीसदी तथा तीन मरीज 30 से 50 फीसदी तक झुलसे हुए हैं।

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