Deepanshu Mishra

Deepanshu Mishra

Swayam Desk रिपोर्टर उत्तर प्रदेश


  • गोरे और सांवले रंग को लेकर ऊंची होती दीवार के बीच एक अच्छी ख़बर है… क्रीमों पर हुई सख्ती

    लखनऊ। गोरे और सांवले रंग को लेकर ऊंची होती दीवार के बीच एक अच्छी ख़बर है। गोरे को खूबसूरत और सांवलेपन को कमतर बनाने वाली फेयरनेस क्रीमें अब खुलेआम नहीं बिक पाएंगी। स्टेरॉयड युक्त कुछ क्रीमों और इनके विज्ञापनों पर सरकार ने एक जनहित याचिका पर फैसले के बाद पाबंदी लगाने का फैसला लिया है। ये फैसला...

  • विश्व अस्थमा दिवस : विश्व में तीस करोड़ लोग हैं अस्थमा से ग्रसित 

    भारत में पिछले कुछ वर्षों में अस्थमा के मरीजों की संख्या में बढ़ोत्तरी देखी गई है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के वायु प्रदूषण डेटाबेस के मुताबिक, दुनिया के 20 सबसे प्रदूषित शहरों में भारत के 13 शहर शामिल हैं। हवा में कई सारे छोटे-छोटे कण होते हैं, जो फेफड़ों में घुस कर काफी नुकसान पहुंचाते हैं।अगर...

  • रेलवे में खाली हैं दो लाख से भी अधिक पद, अगर ये भर जाएं तो शायद न हों ऐसे हादसे 

    भारतीय रेलवे लगातार हादसे बढ़ रहें जिनका ज्यादातर हादसों का कारण मानव रहित रेलवे क्रासिंग होती हैं। इतने हादसों के बाद भी रेलवे में लगभग ढाई लाख पद खाली हैं।रेल दुर्घटनाओं से बचने के लिए अब मानवरहित रेलवे क्रासिंग पर होमगार्ड तैनात होंगे। रेलवे विभाग ने इस बाबत होमगार्ड विभाग को होमगार्डों को तैनात...

  • पहले भी हुए हैं बड़े रेल हादसे

    उत्तर प्रदेश में एक और ट्रेन हादसे में 18 बच्चों से भरी एक स्कूल वैन एक ट्रेन द्वारा कुचल दी गयी और तेरह बच्चों की मौत हो गयी। इस स्कूल वैन का ड्राईवर हेडफोन लगाकर बात कर रहा था। इस तरह के हादसे पहले भी होते रहे हैं।ये भी पढ़ें- हादसा नहीं, हत्या: हेडफ़ोन लगाये था ड्राईवर, कानून तोड़ती स्कूल वैन ट्रेन...

  • क्या आपके बच्चे की स्कूल वैन कर रही है इन नियमों का पालन

    उत्तर प्रदेश में एक और ट्रेन हादसे में 18 बच्चों से भरी एक स्कूल वैन एक ट्रेन द्वारा कुचल दी गयी और तेरह बच्चों की मौत हो गयी। इस स्कूल वैन का ड्राईवर हेडफोन लगाकर बात कर रहा था।प्रत्यक्षदर्शियों की माने तो ड्राइवर इयरफोन लगाकर मोबाईल पर बात कर रहा था इसके चलते उसने ट्रेन नहीं देख पाई और हादसा हो...

  • डॉक्टरों ने बयां की अपनी परेशानी, कहा- एक डॉक्टर को करना पड़ता है चार के बराबर काम

    लखनऊ। मरीज को बेहतर इलाज देने के लिए एक डॉक्टर को समय देना पड़ता है, मगर सरकारी अस्पतालों की दशा यह है कि घंटों लाइन में लगने के बाद डॉक्टर मरीज को सिर्फ कुछ मिनट ही दे पाते हैं।इलाज के लिए बाराबंकी से राजधानी के लोहिया अस्पताल आए रामप्रसाद (42 वर्ष) बताते हैं, “मैं करीब डेढ़ घंटे लाइन में लगा रहा,...

  • 2 अप्रैल से 30 अप्रैल तक चलेगा ‘स्कूल चलो अभियान’

    उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदत्यिनाथ ने आगामी दो अप्रैल को सूबे में शुरू किये जा रहे स्कूल चलो अभियान को सफल बनाने के लिए प्रदेश के सभी सांसदों, विधायकों,महापौरों तथा अन्य शासी निकाय प्रमुखों को पत्र लिखकर उनसे पूर्ण सहयोग देने का अनुरोध किया है।आप अवगत हैं कि उन्होंने पत्र में लिखा भारत के...

  • सहें नहीं, घरेलू हिंसा के खिलाफ आवाज उठाएं महिलाएं

    लखनऊ। ज्यादातर महिलाएं घरेलू हिंसा को चुपचाप सहती रहती हैं, यही आगे चलकर उनके लिए बड़ी समस्या बन जाती है। मनोवैज्ञानिक व सलाहकार डॉ. नेहा आनंद गाँव कनेक्शन को बता रहीं हैं कि कैसे महिलाएं अपने हक के लिए आवाज उठा सकती हैं।सवाल- घरेलू हिंसा को महिलाएं बर्दाश्त क्यों करती हैं?जवाब- महिलाओं को बचपन से...

  • उज्जवला योजना से बची हज़ारों महिलाओं की जान क्योंकि सिगरेट-बीड़ी जितना ही हानिकारक है चूल्हे का धुआं

    पिछले कुछ वर्षों में कैंसर के मरीज तेजी से बढ़े हैं। इसका मुख्य कारण लोगों की जीवन शैली में बदलाव भी है। ऐसे में अगर सही समय पर ध्यान दिया जाए तो इस गंभीर बीमारी से बचा जा सकता है। ऐसे में उज्ज्वला योजना से लाखों महिलाओं की जान बच रही है, क्योंकि सिगरेट-बीड़ी जितना ही हानिकारक ही चूल्हे का धुआं भी...

  • होली खेलें , लेकिन थोड़ा संभलकर

    होली एक ऐसा त्यौहार है जिसमें लोग खूब मौज-मस्ती करते हैं। मौज मस्ती करिए लेकिन इस होली आप खुद को बीमार मत हो करिए। होली में खुद को कैसे सुरक्षित रखें बता रहे हैं किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी के श्वसन विभाग के अध्यक्ष डॉ सूर्यकान्त।होली रंगों का त्योहार है। मेलजोल खाना-पीना और मस्ती हुड़दंग पूरे...

  • गाँव की राजनीति को समझाता एक लेखक

    एक ऐसा उपन्यास मुझे पढ़ने को मिला जो सीधे मुझे मेरे गाँव लेकर जाता है। गाँव की प्रधानी के समय का वातावरण गाँव के लोग और गाँव से जुड़ी हर चीज के बारे में इस किताब में मिला। मुझे ही नहीं अगर आप पढेंगे तो आपको भी अपने गाँव की याद आ ही जाएगी। उपन्यास का नाम है 'मदारीपुर जंक्शन', जिसके लेखक हैं बालेन्दु...

  • श्रीदेवी की तरह रीमा लागू, जयललिता भी हुई थीं कार्डियक अरेस्ट का शिकार, हार्टअटैक नहीं थी वजह

    बॉलीवुड की मशहूर अभिनेत्री श्रीदेवी की (54 वर्ष) की उम्र में 'कार्डियक अरेस्ट' के कारण मौत हो गई। ऐसा कहा जा रहा है कि उन्हें दिल का दौरा पड़ा था लेकिन हार्ट अटैक और कार्डियक अरेस्ट में अंतर है। बहुत से लोग कार्डियक अरेस्ट को दिल का दौरा यानी हार्ट अटैक समझते हैं। श्रीदेवी की अलावा बॉलीवुड की...

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