5-6 April Weather Alert: राजस्थान और झारखंड में बदलेगा मौसम, ओले गिरने का अलर्ट
5 और 6 अप्रैल को उत्तर और मध्य भारत के कई राज्यों में मौसम अचानक करवट लेने वाला है। इन दो दिनों में कहीं भारी आंधी चलेगी तो कहीं ओले गिरने की पूरी संभावना है। राजस्थान और झारखंड में ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया गया है, जबकि उत्तर प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़ और उत्तराखंड में तेज आंधी और बिजली कड़कने के साथ बारिश की चेतावनी है। इस दौरान तापमान में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा।
झारखंड में सबसे ज्यादा असर, ओलावृष्टि का खतरा
5 अप्रैल को झारखंड में मौसम का सबसे ज्यादा असर देखने को मिलेगा। यहां 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चलने और ओले गिरने की चेतावनी दी गई है। इसके साथ ही बिहार, छत्तीसगढ़ और उत्तराखंड में भी 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झक्कड़ हवाएं चलेंगी और बिजली चमकने के साथ बारिश हो सकती है। पूर्वी उत्तर प्रदेश के इलाकों में इस दिन आसमान में तेज बिजली चमकने की आशंका है। वहीं हिमाचल प्रदेश और मध्य प्रदेश में भी 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और गरज के साथ बारिश होने का अनुमान जताया गया है।
6 अप्रैल को भी जारी रहेगा असर, राजस्थान और झारखंड पर खास नजर
6 अप्रैल को मौसम का असर पश्चिमी राजस्थान और झारखंड में सबसे अधिक रहेगा। इन दोनों ही जगहों पर ओले गिरने की पूरी संभावना है। झारखंड में इस दिन भी 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी का दौर जारी रहेगा। पश्चिमी राजस्थान, बिहार और छत्तीसगढ़ में 40 से 50 किलोमीटर की गति से तेज हवाएं चलेंगी और बिजली चमकेगी। पूर्वी राजस्थान, मध्य प्रदेश और हिमाचल प्रदेश के इलाकों में भी 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाओं के साथ बारिश की स्थिति बनी रहेगी।
तापमान में उतार-चढ़ाव, गर्मी से मिलेगी राहत
तापमान में उतार-चढ़ाव का दौर गर्मी को लेकर जारी है। उत्तर पश्चिम भारत के राज्यों में 5 और 6 अप्रैल को दिन के तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी। हालांकि, पूर्वी भारत के राज्यों में 5 से 8 अप्रैल के बीच तापमान में 3 से 4 डिग्री की गिरावट आएगी, जिससे लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिलेगी।
किसानों और पशुपालकों के लिए विशेष सावधानी
आंधी और ओलावृष्टि को देखते हुए किसानों और पशुपालकों के लिए विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। खेती-किसानी करने वालों को खेतों में काटी गई और तैयार फसल को तुरंत सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा देने को कहा गया है। अगर फसल खेत में है, तो उसे तिरपाल से अच्छी तरह ढक कर बांध देने की सलाह दी गई है ताकि तेज हवा में फसल को नुकसान न पहुंचे। पशुपालकों को साफ हिदायत दी गई है कि भारी बारिश और ओले गिरने के दौरान अपने जानवरों को सुरक्षित शेड के अंदर ही बांधें।
आम लोगों के लिए सुरक्षा सलाह
आम लोगों को सलाह दी गई है कि जब बिजली कड़क रही हो, तो भूलकर भी पेड़ों के नीचे या खुले में कंक्रीट की दीवारों के सहारे न खड़े हों। सुरक्षित पक्के मकानों में ही रहने की सलाह दी गई है।