By Gaon Connection
सूखी आंखों के इलाज में इस्तेमाल होने वाले आई ड्रॉप्स को लेकर सरकार ने बड़ा अलर्ट जारी किया है। केंद्रीय औषधि नियामक ने पाया है कि बाजार में कुछ ऐसे आई ड्रॉप्स बेचे जा रहे हैं जिन्हें जरूरी मंजूरी नहीं मिली है। ऐसे उत्पादों की अनुमति तुरंत रद्द करने और निर्माताओं के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
सूखी आंखों के इलाज में इस्तेमाल होने वाले आई ड्रॉप्स को लेकर सरकार ने बड़ा अलर्ट जारी किया है। केंद्रीय औषधि नियामक ने पाया है कि बाजार में कुछ ऐसे आई ड्रॉप्स बेचे जा रहे हैं जिन्हें जरूरी मंजूरी नहीं मिली है। ऐसे उत्पादों की अनुमति तुरंत रद्द करने और निर्माताओं के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
By Gaon Connection
भारत में हार्ट फेल्योर से ग्रसित मरीजों पर चिकित्सा का वित्तीय दबाव बढ़ता जा रहा है। दस में से सात मरीज ऐसे हैं जिनके पास स्वास्थ्य बीमा नहीं है, जिसके कारण उन्हें उपचार के खर्च स्वयं उठाने पड़ते हैं।
भारत में हार्ट फेल्योर से ग्रसित मरीजों पर चिकित्सा का वित्तीय दबाव बढ़ता जा रहा है। दस में से सात मरीज ऐसे हैं जिनके पास स्वास्थ्य बीमा नहीं है, जिसके कारण उन्हें उपचार के खर्च स्वयं उठाने पड़ते हैं।
By Lata Mishra
सर्वाइकल कैंसर दुनिया भर में महिलाओं के लिए एक बड़ा खतरा है। भारत जैसे देशों में इसके मामले अधिक हैं। यह कैंसर ह्यूमन पैपिलोमावायरस (HPV) से फैलता है। समय पर टीका लगवाने और नियमित जांच कराने से इस बीमारी को रोका जा सकता है। सरकार भी इस दिशा में प्रयास कर रही है।
सर्वाइकल कैंसर दुनिया भर में महिलाओं के लिए एक बड़ा खतरा है। भारत जैसे देशों में इसके मामले अधिक हैं। यह कैंसर ह्यूमन पैपिलोमावायरस (HPV) से फैलता है। समय पर टीका लगवाने और नियमित जांच कराने से इस बीमारी को रोका जा सकता है। सरकार भी इस दिशा में प्रयास कर रही है।
मेंस्ट्रुअल हाइजीन को बनाए रखना कितना ज़रूरी होता है और कैसे छोटी-छोटी चीज़ें नजरअंदाज करना आपको भारी पड़ सकता है | इस वीडियो में डॉक्टर से समझिए की महिलाओं में कैंसर किस तरह पनपता है और फिर फैल जाता है | पीरियड्स और हाइजीन को लेकर लखनऊ की स्त्री रोग विशेषज्ञ गीता द्विवेदी से विस्तार से बातचीत।
मेंस्ट्रुअल हाइजीन को बनाए रखना कितना ज़रूरी होता है और कैसे छोटी-छोटी चीज़ें नजरअंदाज करना आपको भारी पड़ सकता है | इस वीडियो में डॉक्टर से समझिए की महिलाओं में कैंसर किस तरह पनपता है और फिर फैल जाता है | पीरियड्स और हाइजीन को लेकर लखनऊ की स्त्री रोग विशेषज्ञ गीता द्विवेदी से विस्तार से बातचीत।
By Gaon Connection
हर साल 16 मार्च को राष्ट्रीय टीकाकरण दिवस मनाया जाता है। यह दिन लोगों को टीकाकरण के महत्व के बारे में बताता है। भारत में टीकाकरण से पोलियो, खसरा जैसी कई बीमारियाँ खत्म हुई हैं। सरकार बच्चों, गर्भवती महिलाओं और किशोरों को मुफ्त टीके उपलब्ध कराती है। जानिए कौन से ऐसे टीके हैं जिनको सरकार मुफ्त लगाती हैं। पढ़िए पूरी लिस्ट।
हर साल 16 मार्च को राष्ट्रीय टीकाकरण दिवस मनाया जाता है। यह दिन लोगों को टीकाकरण के महत्व के बारे में बताता है। भारत में टीकाकरण से पोलियो, खसरा जैसी कई बीमारियाँ खत्म हुई हैं। सरकार बच्चों, गर्भवती महिलाओं और किशोरों को मुफ्त टीके उपलब्ध कराती है। जानिए कौन से ऐसे टीके हैं जिनको सरकार मुफ्त लगाती हैं। पढ़िए पूरी लिस्ट।
By Gaon Connection
केंद्र सरकार 14 साल की किशोरियों के लिए सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षा के लिए एक बड़े टीकाकरण अभियान की तैयारी कर रही है। सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों पर ह्यूमन पैपिलोमावायरस (HPV) वैक्सीन निशुल्क दी जाएगी। अनुमान है कि इस पहल से करीब 1.15 करोड़ लड़कियों को फायदा होगा। जानिए पहले टीकाकरण किस राज्य से शुरू हो रहा है और कब ?
केंद्र सरकार 14 साल की किशोरियों के लिए सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षा के लिए एक बड़े टीकाकरण अभियान की तैयारी कर रही है। सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों पर ह्यूमन पैपिलोमावायरस (HPV) वैक्सीन निशुल्क दी जाएगी। अनुमान है कि इस पहल से करीब 1.15 करोड़ लड़कियों को फायदा होगा। जानिए पहले टीकाकरण किस राज्य से शुरू हो रहा है और कब ?
By Gaon Connection
दुनिया भर में मोटापा एक बड़ी स्वास्थ्य समस्या बनता जा रहा है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि मोटापा सिर्फ शुगर या दिल की बीमारी तक सीमित नहीं है? हाल ही में The Lancet में प्रकाशित एक बड़े अध्ययन से पता चला है कि मोटापे से पीड़ित लोगों को बैक्टीरिया, वायरस, फंगस और परजीवी यानी हर तरह के संक्रमण का खतरा कहीं अधिक होता है। 5 लाख से ज्यादा लोगों पर किए गए इस शोध के अनुसार, अधिक मोटापे वाले व्यक्ति को किसी सामान्य वजन के व्यक्ति की तुलना में संक्रमण से अस्पताल में भर्ती होने या मृत्यु का तीन गुना अधिक खतरा होता है। दुनिया में हर दस में से एक संक्रमण संबंधी मौत की वजह मोटापा हो सकती है।
दुनिया भर में मोटापा एक बड़ी स्वास्थ्य समस्या बनता जा रहा है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि मोटापा सिर्फ शुगर या दिल की बीमारी तक सीमित नहीं है? हाल ही में The Lancet में प्रकाशित एक बड़े अध्ययन से पता चला है कि मोटापे से पीड़ित लोगों को बैक्टीरिया, वायरस, फंगस और परजीवी यानी हर तरह के संक्रमण का खतरा कहीं अधिक होता है। 5 लाख से ज्यादा लोगों पर किए गए इस शोध के अनुसार, अधिक मोटापे वाले व्यक्ति को किसी सामान्य वजन के व्यक्ति की तुलना में संक्रमण से अस्पताल में भर्ती होने या मृत्यु का तीन गुना अधिक खतरा होता है। दुनिया में हर दस में से एक संक्रमण संबंधी मौत की वजह मोटापा हो सकती है।
By Preeti Nahar
इंटरमिटेंट फास्टिंग का चलन पिछले कुछ समय से काफी बढ़ गया है। ऐसे में सही जानकारी न होने के कारण लोग इंटरनेट या सुनी-सुनायी बातों पर भरोसा करके फास्टिंग शुरू कर देते हैं। जिसका फयदा कम और नुकसान अधिक हो सकता है। ऐसे में इंटरमिटेंट फास्टिंग का सही तरीक क्या होना चाहिए और सबसे ज़रूरी कब होनी चाहिए फास्टिंग, इसकी सटीक जानकारी आपको सेहतमंद बना सकती है। इंटरमिटेंट फास्टिंग के सही तरीके के बारे में हैदराबाद के अपोलो अस्पताल के Neurologist, डॉ. सुधीर कुमार ने जो बताया वो जानना ज़रूरी है।
इंटरमिटेंट फास्टिंग का चलन पिछले कुछ समय से काफी बढ़ गया है। ऐसे में सही जानकारी न होने के कारण लोग इंटरनेट या सुनी-सुनायी बातों पर भरोसा करके फास्टिंग शुरू कर देते हैं। जिसका फयदा कम और नुकसान अधिक हो सकता है। ऐसे में इंटरमिटेंट फास्टिंग का सही तरीक क्या होना चाहिए और सबसे ज़रूरी कब होनी चाहिए फास्टिंग, इसकी सटीक जानकारी आपको सेहतमंद बना सकती है। इंटरमिटेंट फास्टिंग के सही तरीके के बारे में हैदराबाद के अपोलो अस्पताल के Neurologist, डॉ. सुधीर कुमार ने जो बताया वो जानना ज़रूरी है।
By Preeti Nahar
अगर आपके आस-पास कोई मानसिक रोगों से जूझ रहा है तो गाँव व जिला स्तर पर इलाज करा सकता है। क्योंकि मानसिक स्वास्थ्य कोई छुपाने की चीज नहीं है, समय पर इलाज और सही परामर्श बीमारी को बढ़ने से रोकने में मदद करता है। चुनौती यही है कि लोग जागरूक हों, डर छोड़ें और समय पर मदद लें। जानिए आपके गाँव और जिला स्तर पर मानसिक रोगों के इलाज के लिए कौन-कौन सी सुविधाएं उपलब्ध हैं।
अगर आपके आस-पास कोई मानसिक रोगों से जूझ रहा है तो गाँव व जिला स्तर पर इलाज करा सकता है। क्योंकि मानसिक स्वास्थ्य कोई छुपाने की चीज नहीं है, समय पर इलाज और सही परामर्श बीमारी को बढ़ने से रोकने में मदद करता है। चुनौती यही है कि लोग जागरूक हों, डर छोड़ें और समय पर मदद लें। जानिए आपके गाँव और जिला स्तर पर मानसिक रोगों के इलाज के लिए कौन-कौन सी सुविधाएं उपलब्ध हैं।
By Preeti Nahar
बच्चों में मोबाइल की लत एक गंभीर समस्या बनती जा रही है। गाजियाबाद की घटना ने पेरेंट्स को चिंतित कर दिया है। मनोचिकित्सक डॉ. राजीव मेहता के अनुसार, बच्चों को मोबाइल से दूर रखने के लिए पेरेंट्स को सख्त कदम उठाने होंगे। बच्चों को अन्य गतिविधियों में व्यस्त रखना और खुद रोल मॉडल बनना आवश्यक है।
बच्चों में मोबाइल की लत एक गंभीर समस्या बनती जा रही है। गाजियाबाद की घटना ने पेरेंट्स को चिंतित कर दिया है। मनोचिकित्सक डॉ. राजीव मेहता के अनुसार, बच्चों को मोबाइल से दूर रखने के लिए पेरेंट्स को सख्त कदम उठाने होंगे। बच्चों को अन्य गतिविधियों में व्यस्त रखना और खुद रोल मॉडल बनना आवश्यक है।
By Gaon Connection
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By Gaon Connection
By Gaon Connection
By Dr SB Misra
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