Smart Meter Update: यूपी में अब तुरंत नहीं कटेगी बिजली, उपभोक्ताओं को मिलेंगे 45 दिन
उत्तर प्रदेश सरकार ने उपभोक्ताओं को बड़ी राहत देते हुए स्मार्ट मीटर लगाने पर फिलहाल रोक लगा दी है। ऊर्जा मंत्री अरविंद कुमार शर्मा ने बताया कि 2 किलोवाट तक के कनेक्शन वाले उपभोक्ताओं का बिजली बिल जीरो होने पर भी तुरंत नहीं काटा जाएगा, उन्हें तीन दिन या 200 रुपये तक की बिजली मिलती रहेगी। यह फैसला उपभोक्ताओं की समस्याओं को सुलझाने और बिजली व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए लिया गया है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर स्मार्ट मीटर की तकनीकी जांच के लिए एक समिति बनाई गई है, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद आगे का निर्णय लिया जाएगा।
स्मार्ट मीटर पर रोक और उपभोक्ताओं को राहत
ऊर्जा मंत्री अरविंद कुमार शर्मा ने उपभोक्ताओं को राहत देते हुए कहा कि जिन घरों में हाल ही में स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं, वहाँ तुरंत बिजली नहीं काटी जाएगी। ऐसे उपभोक्ताओं को पहले करीब 15 दिन की कन्वर्जन अवधि मिलेगी। इसके बाद 30 दिन और दिए जाएंगे। यानी कुल 45 दिन तक किसी भी उपभोक्ता का बिजली कनेक्शन नहीं काटा जाएगा। यह कदम उपभोक्ताओं को नई व्यवस्था समझने और किसी भी तरह की परेशानी से बचाने के लिए उठाया गया है।
तकनीकी जाँच के लिए समिति गठित
मुख्यमंत्री के निर्देश पर बनाई गई तकनीकी समिति जब तक अपनी रिपोर्ट नहीं दे देती और जाँच पूरी नहीं हो जाती, तब तक पुराने मीटरों को स्मार्ट मीटर से बदलने का काम तुरंत रोक दिया गया है। ऊर्जा मंत्री ने कहा कि उपभोक्ताओं को समय पर जानकारी देने के लिए 5 स्तर की SMS अलर्ट व्यवस्था शुरू की जाएगी। इसके तहत बैलेंस 30 प्रतिशत बचने पर पहला SMS भेजा जाएगा, 10 प्रतिशत होने पर दूसरा SMS मिलेगा, बैलेंस खत्म होने पर तीसरा SMS आएगा, बिजली काटने से एक दिन पहले चौथा SMS भेजा जाएगा और कनेक्शन कटने के बाद पांचवां संदेश उपभोक्ता को भेजा जाएगा।
छुट्टियों में बिजली नहीं कटेगी
ऊर्जा मंत्री ने निर्देश दिए कि रविवार और अन्य छुट्टी वाले दिनों में बैलेंस नेगेटिव होने पर भी किसी भी स्थिति में बिजली कनेक्शन नहीं काटा जाएगा, जिससे उपभोक्ताओं को अनावश्यक परेशानी से बचाया जा सके। वहीं, ऊर्जा विभाग के अपर मुख्य सचिव और यूपी पावर कॉरपोरेशन के अध्यक्ष डॉ. आशीष कुमार गोयल ने मुख्यमंत्री के निर्देश पर स्मार्ट मीटर की तकनीकी क्वालिटी की जाँच के लिए चार सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति गठित की है।
जागरूकता अभियान और शिकायत निवारण
मुख्यमंत्री की मंशा के अनुसार, प्रदेश में पुराने मीटरों को स्मार्ट मीटर से बदलने की प्रक्रिया फिलहाल रोक दी गई है। अब आगे का फैसला समिति की रिपोर्ट आने के बाद लिया जाएगा। उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए स्मार्ट प्रीपेड मीटर से जुड़ी एक मार्गदर्शिका (FAQ) भी जारी की गई है। इसमें स्मार्ट मीटर के फायदे और उससे जुड़ी गलतफहमियों की सही जानकारी दी गई है। इसके साथ ही लोगों को जागरूक करने के लिए सोशल मीडिया, प्रिंट मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के जरिए बड़ा अभियान भी चलाया जा रहा है।
शिकायतों के लिए विशेष व्यवस्था
ऊर्जा विभाग द्वारा स्मार्ट मीटर से संबंधित शिकायतों के निस्तारण के लिए टोल फ्री नंबर 1912 पर विशेष व्यवस्था की गई है। इसके अलावा www.uppcl.org वेबसाइट और व्हाट्सएप चैटबॉट के माध्यम से भी शिकायत दर्ज कराने की सुविधा उपलब्ध कराई गई है।
मध्यांचल-766-900-3409
पश्चिमांचल-785-980-4803
पूर्वांचल-801-096-8292
दक्षिणांचल-801-095-7826
केस्को-828-783-5233 पर संपर्क कर सकते हैं। इसके साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि शिकायतों की दैनिक मॉनिटरिंग कर उनका शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।