HomeGUESTApoorva KutarStoriesटीचर्स डायरी: जब देखा बच्चों के पाँव में चप्पल भी नहीं है, तब एहसास हुआ गरीबी क्या है?By Apoorva Kutarअपूर्वा कुटार मध्य प्रदेश के उमरियापान शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में अध्यापिका हैं। लंबा वक़्त शहर में गुजारने के बाद गाँव के एक स्कूल में हुई नियुक्ति से कैसे उनके नज़रिए में बड़ा बदलाव आया उसे वो यहाँ साझा कर रही हैं अपूर्वा कुटार मध्य प्रदेश के उमरियापान शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में अध्यापिका हैं। लंबा वक़्त शहर में गुजारने के बाद गाँव के एक स्कूल में हुई नियुक्ति से कैसे उनके नज़रिए में बड़ा बदलाव आया उसे वो यहाँ साझा कर रही हैं Related News