पश्चिम बंगाल में 9 मई को BJP सरकार का शपथ ग्रहण तय, CM पर सस्पेंस बरकरार, तमिलनाडु में समर्थन जुटाने में लगी विजय की TVK
पश्चिम बंगाल में बीजेपी सरकार के शपथ ग्रहण की तैयारियां तेज हो गई हैं और मुख्यमंत्री पद की रेस में शुभेंदु अधिकारी का नाम सबसे आगे चल रहा है। वहीं तमिलनाडु में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी TVK ने सरकार बनाने का दावा किया पेश है और पार्टी अभी भी बहुमत जुटाने में लगी है.
9 मई को बंगाल में होगा शपथ ग्रहण, CM चेहरे पर मंथन जारी
पश्चिम बंगाल के नए मुख्यमंत्री का शपथ ग्रहण समारोह 9 मई को सुबह 10 बजे कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में होगा। बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद समिक भट्टाचार्य ने इसकी पुष्टि की है। समारोह रवींद्रनाथ टैगोर की जयंती ‘रवींद्र जयंती’ के दिन आयोजित होगा। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन भी मौजूद रहेंगे। चुनाव नतीजों के बाद हुई हिंसा पर समिक भट्टाचार्य ने कहा कि बीजेपी के दो कार्यकर्ताओं की हत्या हुई है, लेकिन पार्टी टीएमसी की तरह हिंसा की राजनीति नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि बीजेपी शासन में किसी भी तरह की हिंसा को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
शुवेंदु अधिकारी का नाम सबसे आगे, दो सीटों में से एक छोड़ेंगे
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री पद को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा शुवेंदु अधिकारी के नाम की हो रही है। उन्होंने ममता बनर्जी को उनके गढ़ में 15 हजार से ज्यादा वोटों से हराया है। उनके अलावा समिक भट्टाचार्य, उत्तर दिनाजपुर के कालियागंज से जीते उत्पल ब्रह्मचारो और रासबिहारी से जीते स्वपन दासगुप्ता के नाम भी चर्चा में हैं। शुवेंदु अधिकारी ने बुधवार को कहा कि वह 10 दिनों के भीतर अपनी दो सीटों में से एक सीट छोड़ देंगे। उन्होंने भवानीपुर और नंदीग्राम दोनों सीटों से जीत दर्ज की है। नंदीग्राम में मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी तय करेगी कि वह कौन-सी सीट अपने पास रखेंगे। उन्होंने दावा किया कि बीजेपी बंगाल में ऐसा शासन देगी जो 100 साल तक कायम रहेगा और पार्टी का वोट शेयर 46 प्रतिशत से बढ़कर 60 प्रतिशत तक पहुंचेगा। बताया जा रहा है कि अमित शाह की अध्यक्षता में होने वाली बैठक में मुख्यमंत्री के नाम पर अंतिम फैसला लिया जाएगा।
तमिलनाडु में बहुमत से दूर TVK, विजय का शपथ ग्रहण टल सकता है
तमिलनाडु में तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) प्रमुख विजय का 7 मई को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेना मुश्किल माना जा रहा है। पार्टी 234 सदस्यीय विधानसभा में 108 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, लेकिन बहुमत के लिए जरूरी 118 सीटों से अभी भी पीछे है। विजय के दो सीटों पर जीतने के कारण एक सीट छोड़ने के बाद पार्टी की संख्या 107 रह जाएगी।
रिपोर्ट्स के मुताबिक राज्यपाल अभी TVK के बहुमत दावे से पूरी तरह संतुष्ट नहीं हैं। कांग्रेस ने अपने 5 विधायकों का समर्थन देने का भरोसा दिया है जिससे आंकड़ा 113 तक पहुंचता है लेकिन सरकार बनाने के लिए अभी भी और समर्थन की जरूरत है। इसी वजह से पार्टी अन्य दलों के साथ बातचीत में जुटी हुई है।विजय ने बुधवार को राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर से मुलाकात कर सरकार बनाने का दावा पेश किया लेकिन अभी अंतिम तस्वीर साफ नहीं हो सकी है।