गर्मी की नई आफ़त Heat Dome आख़िर क्या है! 50 डिग्री जैसा महसूस हो सकता है तापमान, भीषण गर्मी मौमस विशेषज्ञ ने क्या बताई वजह?

Preeti Nahar | Apr 26, 2026, 17:25 IST
Image credit : Gaon Connection Network
देश के कई हिस्सों में भीषण गर्मी पड़ रही है। उत्तर भारत से लेकर मध्य भारत और दक्षिण के राज्यों तक तापमान बढ़ रहा है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार हीट डोम नामक मौसमी स्थिति गर्मी का मुख्य कारण है। महाराष्ट्र, तेलंगाना, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, दिल्ली और आसपास के इलाकों में तापमान सामान्य से काफी ऊपर है। पढ़िए बढ़ती गर्मी के पीछे की वजह हीट डोम की पूरी जानकारी।

Severe Heatwave India: देश के कई हिस्सों में इस समय भीषण गर्मी और हीटवेव का दौर जारी है। उत्तर भारत से लेकर मध्य भारत और दक्षिण के कई राज्यों तक तापमान लगातार बढ़ रहा है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार इस बार गर्मी की सबसे बड़ी वजह हीट डोम (Heat Dome) नाम की मौसमी स्थिति है। यही कारण है कि महाराष्ट्र, तेलंगाना, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, दिल्ली और आसपास के इलाकों में तापमान सामान्य से कई डिग्री ऊपर दर्ज किया जा रहा है। कानपुर मंडल समेत उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में गर्मी का असर बेहद तेज है और हीट इंडेक्स 50 डिग्री सेल्सियस के आसपास महसूस हो सकता है। क्या है हीट डोम, क्यों बना, कैसे काम करता है सबको लेकर हमने बात की मौसम विशेषज्ञ सुनील पांडे से। पढ़िए उन्होंने इस बढ़ती गर्मी के पीछे क्या कारण है?



क्या होता है हीट डोम?

हीट डोम एक ऐसी मौसम प्रणाली है, जिसमें वायुमंडल में बना उच्च दबाव क्षेत्र किसी इलाके के ऊपर ढक्कन या गुंबद की तरह जम जाता है। यह गर्म हवा को ऊपर उठने नहीं देता और उसे जमीन के पास ही फंसा देता है। जब गर्म हवा बाहर नहीं निकल पाती, तो जमीन और आसपास का वातावरण लगातार गर्म होता जाता है। इससे दिन का तापमान तेजी से बढ़ता है और रात में भी राहत नहीं मिलती।



कैसे काम करता है यह सिस्टम?

मौसम विशेषज्ञ सुनील पांडे बताते हैं कि जब उच्च दबाव वाला क्षेत्र ऊपर बनता है, तो वह हवा को नीचे की ओर दबाता है। नीचे आती हवा और ज्यादा गर्म हो जाती है, क्योंकि दबाव पड़ने पर हवा संकुचित होकर तापमान बढ़ाती है। इस दौरान बादल बनने की संभावना भी कम हो जाती है, इसलिए सूरज की सीधी किरणें जमीन पर पड़ती रहती हैं। नतीजतन तापमान 45 से 50 डिग्री तक पहुंच सकता है और कई दिनों तक लू चलती रहती है।



बादलों का रास्ता रोक देता है हीट डोम

Image credit : Gaon Connection Network

आमतौर पर जब गर्मी बढ़ती है तो गर्म हवा ऊपर उठती है, बादल बनते हैं और बारिश होने से तापमान में राहत मिलती है। लेकिन हीट डोम की स्थिति में ऐसा नहीं हो पाता। यह मौसम प्रणाली बादलों के बनने की प्रक्रिया को रोक देती है। आसमान साफ बना रहता है, जिससे सूरज की तेज किरणें सीधे जमीन पर पड़ती हैं और तापमान तेजी से बढ़ता है। लगातार पड़ रही गर्मी से मिट्टी की नमी भी खत्म होने लगती है, जिससे लू का असर और ज्यादा खतरनाक हो जाता है।



भारत में इस बार गर्मी क्यों ज्यादा है?

Image credit : Gaon Connection Network

मौसम विशेषज्ञ सुनील पांडे के अनुसार महाराष्ट्र और उसके आसपास 10,000 से 20,000 फीट ऊंचाई पर एक स्थिर प्रतिचक्रवाती (Anticyclonic) प्रणाली बनी हुई है। अप्रैल-मई में वैसे भी सूर्य की किरणें सीधी पड़ती हैं। जब इसके साथ हीट डोम जुड़ जाता है, तो गर्मी चरम पर पहुंच जाती है। जलवायु परिवर्तन भी ऐसे सिस्टम को ज्यादा मजबूत और बार-बार बनने वाला बना रहा है। सूखी मिट्टी, कम हरियाली और शहरों में कंक्रीट का फैलाव भी गर्मी को और बढ़ा देता है।



कानपुर मंडल और यूपी में क्या स्थिति है?

Image credit : Gaon Connection Network

26 अप्रैल के मौसम आंकड़ों के अनुसार कानपुर मंडल में अधिकतम तापमान 44.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 5.3 डिग्री अधिक है। न्यूनतम तापमान 25.8 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 3 डिग्री ज्यादा है। अधिकतम आर्द्रता 42 प्रतिशत और न्यूनतम 19 प्रतिशत दर्ज की गई। हवा उत्तर-पश्चिम दिशा से चली और दिन में तेज गर्म हवाएं महसूस की गईं। मौसम विभाग के अनुसार अगले दिन तेज धूप के साथ गर्मी और बढ़ सकती है। हीट इंडेक्स 50 डिग्री के आसपास महसूस हो सकता है, यानी शरीर को तापमान वास्तविक से अधिक गर्म लगेगा। दिन में लू जैसी तेज गर्म हवाएं चलने की संभावना है।



कब मिलेगी राहत?

Image credit : Gaon Connection Network

उत्तर प्रदेश के मौसम विशेषज्ञ सुनील पांडे के अनुसार 28 से 30 अप्रैल के बीच उत्तर प्रदेश और कानपुर मंडल के कुछ इलाकों में तेज हवाओं के साथ बूंदाबांदी, हल्की बारिश और कहीं-कहीं ओलावृष्टि की संभावना है। इससे तापमान में कुछ गिरावट आ सकती है और गर्मी से अस्थायी राहत मिल सकती है।



हीट डोम और लू से कैसे बचें?

Image credit : Gaon Connection Network

भीषण गर्मी के दौरान सावधानी बेहद जरूरी है। दोपहर 11 बजे से शाम 3 बजे तक धूप में निकलने से बचें। पर्याप्त पानी, नींबू पानी, छाछ, ORS जैसे तरल पदार्थ लेते रहें। हल्के रंग के ढीले सूती कपड़े पहनें। घर में पर्दे लगाकर रखें और कमरे को ठंडा रखें। बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों का विशेष ध्यान रखें।



आने वाले समय में बढ़ सकती हैं ऐसी घटनाएं

विशेषज्ञ मानते हैं कि जलवायु परिवर्तन के कारण भविष्य में हीट डोम जैसी घटनाएं अधिक बार और ज्यादा तीव्रता के साथ देखने को मिल सकती हैं। इसलिए शहरों में हरियाली बढ़ाना, जल संरक्षण करना और गर्मी से बचाव की तैयारी करना बेहद जरूरी हो गया है। अभी के लिए देश के कई हिस्सों में सतर्क रहने की जरूरत है, क्योंकि गर्मी का यह दौर कुछ और दिन जारी रह सकता है।

Tags:
  • हीट डोम क्या है
  • heat dome kya hai
  • हीट डोम कैसे बनता है
  • heat dome weather phenomenon
  • India heat dome 2026
  • heat dome and heatwave difference
  • भारत में गर्मी क्यों बढ़ रही है
  • why india is so hot now
  • उत्तर प्रदेश हीटवेव अलर्ट
  • यूपी तापमान 44 डिग्री