बिहार के 4 ज़िलों के किसानों को राहत, फसल नुकसान पर मिलेगा ₹22500 प्रति हेक्टेयर तक कृषि इनपुट अनुदान, जानिए क्या करना होगा

Umang | Jun 19, 2026, 15:20 IST
बिहार सरकार ने 4 मई 2026 को आँधी-तूफ़ान, असामयिक वर्षापात और ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों के लिए कृषि इनपुट अनुदान योजना के तहत आवेदन प्रक्रिया शुरू की है। पूर्णिया, किशनगंज, मधुबनी और सुपौल ज़िलों के पात्र किसान 20 से 24 जून 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। अनुदान की राशि फसल श्रेणी के अनुसार सीधे किसानों के खातों में भेजी जाएगी।

बिहार सरकार ने आँधी-तूफ़ान, असामयिक वर्षापात और ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों को राहत देने के लिए कृषि इनपुट अनुदान योजना के तहत आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। कृषि विभाग ने पूर्णिया, किशनगंज, मधुबनी और सुपौल ज़िलों के प्रभावित किसानों से ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए हैं।



कृषि विभाग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बताया कि 4 मई 2026 को आई प्राकृतिक आपदा से फसलों को हुए नुकसान की भरपाई के लिए प्रभावित किसानों को कृषि इनपुट अनुदान दिया जाएगा। आवेदन प्रक्रिया 20 जून से शुरू होगी और किसान 24 जून 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे।



130 पंचायतों के किसानों को मिलेगा लाभ

कृषि विभाग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बताया कि चार ज़िलों के सात प्रखंडों की 130 पंचायतों में फसल क्षति का आकलन किया गया है। इन पंचायतों के पात्र किसान कृषि इनपुट अनुदान योजना का लाभ उठा सकेंगे। अनुदान की राशि सीधे किसानों के बैंक खातों में भेजी जाएगी।



फसल के प्रकार के अनुसार तय की गई सहायता राशि

प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसानों को फसल की श्रेणी के आधार पर अनुदान दिया जाएगा।



  • असिंचित (पावसित) फसल क्षेत्र के लिए 8,500 रुपये प्रति हेक्टेयर
  • सिंचित फसल क्षेत्र के लिए 17,000 रुपये प्रति हेक्टेयर
  • शाश्वत एवं बहुवर्षीय फसल (गन्ना सहित) के लिए 22,500 रुपये प्रति हेक्टेयर

हालाँकि अनुदान अधिकतम दो हेक्टेयर तक ही देय होगा। वहीं न्यूनतम सहायता राशि असिंचित क्षेत्र के लिए 1,000 रुपये, सिंचित क्षेत्र के लिए 2,000 रुपये तथा बहुवर्षीय फसलों के लिए 2,500 रुपये निर्धारित की गई है।




किन किसानों को मिलेगा योजना का लाभ

योजना का लाभ रैयत और गैर-रैयत दोनों श्रेणी के किसानों को दिया जाएगा। यह सहायता केवल किसान या किसान परिवार के लिए मान्य होगी। किसान परिवार में पति, पत्नी और अवयस्क बच्चों को शामिल किया गया है। आवेदन करते समय किसान को आधार संख्या के साथ परिवार का विवरण देना अनिवार्य होगा। ग़लत या भ्रामक जानकारी मिलने पर आवेदन रद्द किया जा सकता है।



आवेदन के लिए ये दस्तावेज़ ज़रूरी

रैयत किसानों को अद्यतन अथवा वर्ष 2023-24, 2024-25 या 2025-26 की एलपीसी (LPC) या लगान रसीद प्रस्तुत करनी होगी। वहीं गैर-रैयत किसानों को वार्ड सदस्य, मुखिया या सरपंच तथा कृषि समन्वयक से प्रमाणित स्वघोषणा पत्र देना होगा।



ऑनलाइन ऐसे करें आवेदन

किसान कृषि विभाग, बिहार सरकार की वेबसाइट state. bihar. gov. in/krishi या DBT in Agriculture पोर्टल dbtagriculture. bihar. gov. in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के लिए 13 अंकों की किसान पंजीकरण संख्या आवश्यक होगी। जिन किसानों का पंजीकरण नहीं है, वे पहले डीबीटी पोर्टल पर अपना पंजीकरण करा सकते हैं।



जानकारी के लिए यहाँ करें संपर्क

किसान अधिक जानकारी के लिए किसान कॉल सेंटर के टोल फ्री नंबर 18001801551 पर संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा संबंधित ज़िला कृषि पदाधिकारी कार्यालय से भी जानकारी प्राप्त की जा सकती है।

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