बढ़ती गर्मी में क्यों जरूरी हो गया है ये App? हाथरस DM ने लोगों से की डाउनलोड करने की अपील

Preeti Nahar | May 22, 2026, 14:12 IST
देशभर में बढ़ती भीषण गर्मी को देखते हुए हाथरस प्रशासन ने लोगों से एक ऐप डाउनलोड करने का आग्रह किया है। यह ऐप मौसम, लू और आपदा संबंधी अलर्ट समय पर देता है। अत्यधिक तापमान और हीट स्ट्रोक के बढ़ते खतरे के बीच यह ऐप लोगों की सुरक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

देशभर में बढ़ती भीषण गर्मी और हीट वेव के खतरे के बीच हाथरस प्रशासन ने लोगों से अपने मोबाइल में Sachet App डाउनलोड करने की अपील की है। जिलाधिकारी ने कहा है कि यह ऐप लोगों को मौसम, लू और आपदा से जुड़े अलर्ट समय-समय पर देता है। ऐसे में अत्यधिक तापमान और हीट स्ट्रोक के बढ़ते खतरे के बीच यह ऐप लोगों की सुरक्षा में अहम भूमिका निभा सकता है।



उत्तर प्रदेश समेत देश के कई राज्यों में तापमान लगातार 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच रहा है। भीषण गर्मी, गर्म हवाओं और लू के चलते स्वास्थ्य संबंधी खतरे भी तेजी से बढ़ रहे हैं। इसी बीच ने लोगों से अपने मोबाइल फोन में Sachet App डाउनलोड करने की अपील की है।



जिलाधिकारी ने बताया कि भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की ओर से सचेत ऐप के जरिए लगातार तापमान, हीट वेव और मौसम से जुड़े अलर्ट जारी किए जा रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि समय रहते चेतावनी मिलना लोगों की जान बचाने में मदद कर सकता है।



क्या है Sachet App?

भारत सरकार और राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) से जुड़ा एक मोबाइल एप्लिकेशन है। इसका उद्देश्य लोगों तक मौसम और आपदा से जुड़े जरूरी अलर्ट तुरंत पहुँचाना है, जैसे हीट वेव (लू), भारी बारिश, आंधी-तूफान, बाढ़, बिजली गिरने, चक्रवात और भूकंप जैसी स्थितियों से जुड़े अलर्ट लोगों को समय पर भेजता है। इस ऐप में IMD और अन्य सरकारी एजेंसियों से मिलने वाली आधिकारिक जानकारी सीधे उपलब्ध होती है।



बढ़ती गर्मी में क्यों जरूरी है इसका इस्तेमाल?

इस समय उत्तर भारत के कई जिलों में तापमान 45°C से ऊपर जा रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि हीट स्ट्रोक, डिहाइड्रेशन और लू के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। ऐसे में समय पर मौसम अलर्ट मिलना बेहद जरूरी हो गया है। अगर किसी इलाके में अत्यधिक गर्मी का खतरा हो, रेड या ऑरेंज अलर्ट जारी हो, लू की स्थिति बने या तापमान अचानक बढ़े तो Sachet App तुरंत नोटिफिकेशन भेजता है। इससे लोग पहले से सावधानी बरत सकते हैं। जिलाधिकारी ने बताया कि कई बार लोग सामान्य गर्मी और खतरनाक हीट वेव में फर्क नहीं समझ पाते। ऐसे में सरकारी अलर्ट उन्हें सतर्क रहने में मदद करते हैं।



हीट वेव से बचने में कैसे मदद करता है ऐप?

सचेत ऐप सिर्फ तापमान नहीं बताता, बल्कि सुरक्षा से जुड़े निर्देश भी देता है।



दोपहर में बाहर निकलने से बचें


ज्यादा पानी पिएं


बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें


धूप में लंबे समय तक काम न करें


ORS और हल्का भोजन लें, ऐसे सुझाव हीट स्ट्रोक जैसी गंभीर स्थिति से बचाने में मदद कर सकते हैं।



हाथरस DM ने क्या कहा?

जिलाधिकारी अतुल वत्स ने लोगों से अपील की है कि वे प्ले-स्टोर से Sachet App जरूर डाउनलोड करें और समय-समय पर मिलने वाले अलर्ट और दिशा-निर्देशों का पालन करें। उन्होंने कहा कि बढ़ती गर्मी और लू के दुष्प्रभावों से बचने के लिए सतर्कता और सावधानी सबसे जरूरी है। प्रशासन का मानना है कि समय रहते जानकारी मिलना आपदा से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका हो सकता है।



कैसे डाउनलोड करें Sachet App?

लोग अपने एंड्रॉयड मोबाइल के Google Play Store में जाकर “Sachet” सर्च कर सकते हैं। ऐप डाउनलोड करने के बाद लोकेशन ऑन करने पर स्थानीय मौसम और आपदा अलर्ट मिलने शुरू हो जाते हैं।

Tags:
  • Sachet App
  • Heatwave Alert
  • हीट वेव अलर्ट
  • Hathras DM
  • Hathras DM's appeal to download 'Sachet App'
  • हाथरस गर्मी अलर्ट
  • भीषण गर्मी से बचाव
  • Heat stroke prevention tips