खाद्य तेल बाजार में बदला ट्रेंड, सोयाबीन तेल ने पाम ऑयल को पीछे छोड़ा, मई में 13.7 लाख टन पहुंचा खाद्य तेल आयात
देश में खाद्य तेल बाजार का रुझान बदलता नजर आ रहा है। मई में भारत का पाम ऑयल आयात बढ़ा जरूर, लेकिन यह अब भी सामान्य स्तर से नीचे बना हुआ है। पाम ऑयल की कीमतों का लाभ कम होने के कारण रिफाइनरों और बड़े खरीदारों ने अपेक्षाकृत सस्ते सोयाबीन तेल की खरीद बढ़ा दी है। इसका असर पाम ऑयल की मांग पर पड़ा, जबकि कुल खाद्य तेल आयात तीन महीने के उच्च स्तर पर पहुंच गया। यह जानकारी सॉल्वेंट एक्सट्रैक्टर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (SEA) ने दी है।
मई में 7% बढ़ा पाम ऑयल आयात
SEA के मुताबिक मई 2026 में भारत का पाम ऑयल आयात अप्रैल की तुलना में 7 प्रतिशत बढ़कर 5.49 लाख टन रहा। हालांकि यह अब भी सामान्य मासिक आयात स्तर से कम है। अक्टूबर 2025 में समाप्त विपणन वर्ष के दौरान भारत का औसत मासिक पाम ऑयल आयात करीब 6.32 लाख टन रहा था। दुनिया के सबसे बड़े खाद्य तेल आयातक भारत में पाम ऑयल की मांग अपेक्षा से कमजोर रहने का असर प्रमुख उत्पादक देशों इंडोनेशिया और मलेशिया के भंडार पर भी पड़ सकता है।
सस्ते सोयाबीन तेल की ओर बढ़ा रुझान
मई के दौरान सोयाबीन तेल की मांग में मजबूत बढ़ोतरी देखने को मिली। इसका आयात 37 प्रतिशत बढ़कर 4.94 लाख टन पहुंच गया। इसके विपरीत सूरजमुखी तेल का आयात लगभग 32 प्रतिशत घटकर 2.96 लाख टन रह गया। उद्योग से जुड़े कारोबारियों का कहना है कि पाम ऑयल और सोयाबीन तेल के बीच कीमतों का अंतर कम होने से खरीदारों ने सोयाबीन तेल को प्राथमिकता दी।
तीन महीने के उच्च स्तर पर पहुंचा कुल खाद्य तेल आयात
पाम ऑयल और सोयाबीन तेल की अधिक खरीद के कारण मई में भारत का कुल वनस्पति तेल आयात 4.2 प्रतिशत बढ़कर 13.7 लाख टन हो गया, जो पिछले तीन महीनों का सबसे ऊंचा स्तर है। वहीं 1 नवंबर 2025 से शुरू हुए 2026-27 विपणन वर्ष के पहले सात महीनों में देश का कुल खाद्य तेल आयात सालाना आधार पर 12 प्रतिशत बढ़कर 92 लाख टन पहुंच गया।
जून में और बढ़ सकती है पाम ऑयल की खरीद
उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि जून में पाम ऑयल आयात और बढ़ सकता है। राजकोट स्थित ट्रेडिंग फर्म GGN रिसर्च के मैनेजिंग पार्टनर राजेश पटेल के अनुसार जून में पाम ऑयल आयात 6 लाख टन से ऊपर जा सकता है, जबकि सोयाबीन तेल का आयात घटकर करीब 3.5 लाख टन रहने का अनुमान है।
किन देशों से आता है भारत का खाद्य तेल?
भारत अपनी पाम ऑयल जरूरतों का बड़ा हिस्सा इंडोनेशिया और मलेशिया से आयात करता है। वहीं सोयाबीन तेल और सूरजमुखी तेल मुख्य रूप से अर्जेंटीना, ब्राजील, रूस और यूक्रेन से मंगाया जाता है। इससे वैश्विक कीमतों और आपूर्ति में होने वाले बदलावों का सीधा असर भारतीय खाद्य तेल बाजार पर पड़ता है।