Heavy Rain Alert: कई राज्यों में अगले 48 घंटों में भारी बारिश का रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी, जानिए कहाँ कैसा रहेगा मौसम
देश के कई हिस्सों में मानसून पूरी तरह सक्रिय है और लगातार हो रही भारी वर्षा से जनजीवन प्रभावित हो रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, महाराष्ट्र, उत्तराखंड, बिहार, असम, केरल और अन्य राज्यों के कई ज़िलों के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विभाग ने लोगों को आंधी, बिजली गिरने, तेज़ हवाओं और भारी वर्षा के दौरान विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
लगातार हो रही वर्षा के कारण कई इलाक़ों में जलभराव, फ्लैश फ़्लड, यातायात बाधित होने और अन्य मौसम संबंधी घटनाओं की स्थिति बनी हुई है। महाराष्ट्र में मानसून से जुड़ी घटनाओं में 1 जून से अब तक 62 लोगों की मृत्यु हो चुकी है, जबकि लगभग 200 पशुओं की भी जान गई है। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव व्यवस्था को सतर्क रखा है।
आईएमडी का रेड और ऑरेंज अलर्ट, कई राज्यों में गंभीर मौसम की चेतावनी
आईएमडी ने हरियाणा और दिल्ली के कई ज़िलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। इन क्षेत्रों में 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक की रफ़्तार से तेज़ हवाएँ, गरज-चमक के साथ आंधी और प्रति घंटे 15 मिमी से अधिक वर्षा होने की संभावना जताई गई है। हरियाणा में फ़रीदाबाद, करनाल, पलवल, पंचकूला, पानीपत, सोनीपत और यमुनानगर रेड अलर्ट के दायरे में हैं। वहीं दिल्ली के मध्य, पूर्व, नई दिल्ली, उत्तर, उत्तर-पूर्व, उत्तर-पश्चिम, शाहदरा, दक्षिण, दक्षिण-पूर्व, दक्षिण-पश्चिम और पश्चिमी ज़िलों में भी रेड अलर्ट लागू किया गया है।
ऑरेंज अलर्ट के तहत 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ़्तार से तेज़ हवाएँ, गरज-चमक और मध्यम वर्षा की चेतावनी जारी की गई है। उत्तर प्रदेश के आगरा, अलीगढ़, बागपत, बुलंदशहर, गौतम बुद्ध नगर, ग़ाज़ियाबाद, हापुड़, हाथरस, मथुरा, मेरठ, मुज़फ़्फ़रनगर, सहारनपुर और शामली सहित कई ज़िले इस अलर्ट में शामिल हैं। इसके अलावा केरल के एर्नाकुलम और त्रिशूर, उत्तराखंड के अल्मोड़ा, बागेश्वर, चमोली, देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी गढ़वाल, रुद्रप्रयाग, टिहरी गढ़वाल और उत्तरकाशी, हरियाणा के अंबाला, गुरुग्राम, झज्जर, जींद, कैथल, कुरुक्षेत्र, नूँह और रोहतक, अरुणाचल प्रदेश के लोअर सुबनसिरी एवं पापुम पारे तथा जम्मू-कश्मीर के डोडा और किश्तवाड़ में भी ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, बिहार और अन्य राज्यों में वर्षा का असर
दिल्ली-एनसीआर में पूरे दिन हल्की से मध्यम वर्षा, गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज़ हवाओं की संभावना है। अधिकतम तापमान लगभग 27 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। 10 और 11 जुलाई को भी वर्षा और तेज़ हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है। उत्तर प्रदेश में गौतम बुद्ध नगर, ग़ाज़ियाबाद, प्रयागराज, कानपुर, आगरा, अयोध्या, बाराबंकी, रायबरेली, सीतापुर, शामली, सुल्तानपुर, प्रतापगढ़, मैनपुरी, इटावा और बाँदा सहित कई ज़िलों में भारी वर्षा की चेतावनी जारी की गई है। लखनऊ में अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 25 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
बिहार में पटना, मधुबनी, वैशाली, भागलपुर, बेगूसराय, मुंगेर, गोपालगंज, सिवान, सुपौल और खगड़िया में भारी वर्षा तथा 65 किलोमीटर प्रति घंटा तक की तेज़ हवाओं की चेतावनी दी गई है। पटना का अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम 27 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। राजस्थान में दक्षिण-पश्चिम मानसून सक्रिय है और अगले दो से तीन दिनों तक कई इलाक़ों में भारी वर्षा जारी रह सकती है। भरतपुर संभाग और आसपास के क्षेत्रों में 10 जुलाई को भी भारी वर्षा की संभावना है, जबकि 11 जुलाई के बाद अधिकांश इलाक़ों में वर्षा की तीव्रता कम हो सकती है।
उत्तराखंड, असम और तमिलनाडु में भी बारिश का दौर, लोगों को सतर्क रहने की सलाह
उत्तराखंड के नैनीताल, देहरादून, कालाढूँगी, दंगोली, भीमताल, नरेंद्र नगर, पौड़ी, चोरगलिया, कौसानी, देवप्रयाग और कोश्याकुटोली सहित कई क्षेत्रों में भारी वर्षा को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र ने ज़िला प्रशासन को संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी बढ़ाने, बचाव दलों को तैयार रखने और सड़कों की स्थिति पर लगातार नज़र रखने के निर्देश दिए हैं। असम में अगले तीन से चार दिनों तक कई ज़िलों में भारी से अति भारी वर्षा, गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना है। कामरूप (ग्रामीण), धुबरी, बारपेटा, कोकराझार, नगाँव, सोनितपुर, लखीमपुर, डिब्रूगढ़, तिनसुकिया, कछार और दीमा हसाओ प्रभावित क्षेत्रों में शामिल हैं। गुवाहाटी में सप्ताह भर बादलों के साथ रुक-रुक कर वर्षा होने का अनुमान है।
तमिलनाडु में पश्चिमी घाट से लगे ज़िलों में अगले दो दिनों तक मध्यम वर्षा, गरज-चमक और तेज़ हवाओं का पूर्वानुमान है। आईएमडी के अनुसार दक्षिणी गुजरात से मध्य केरल तक बने निम्न दाब के प्रभाव से पश्चिमी घाट के क्षेत्रों में मौसम अगले 48 घंटों तक अस्थिर बना रह सकता है। आईएमडी ने सभी प्रभावित क्षेत्रों के लोगों से अपील की है कि वे आंधी और बिजली के दौरान घरों के भीतर रहें, पेड़ों, बिजली के खंभों और जलाशयों से दूर रहें तथा स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी सभी सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।