भीषण गर्मी से बिजली की मांग ने तोड़ा रिकॉर्ड, देश में पहली बार 257 गीगावॉट के पार पहुंची पीक डिमांड
देश में लगातार बढ़ रही भीषण गर्मी के बीच बिजली की मांग ने नया रिकॉर्ड बना दिया है। सोमवार को भारत की पीक पावर डिमांड पहली बार 257 गीगावॉट के पार पहुंच गई। बिजली मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार सोमवार को दोपहर 3 बजकर 42 मिनट पर देश की पीक बिजली मांग 257.37 गीगावॉट दर्ज की गई, जिसे पूरी तरह पूरा किया गया। इससे पहले 25 अप्रैल 2026 को दोपहर 3 बजकर 38 मिनट पर 256.11 गीगावॉट की रिकॉर्ड बिजली मांग दर्ज की गई थी।
एसी और कूलर की बढ़ती खपत से बढ़ी मांग
पीटीआई के अनुसार, विशेषज्ञों का कहना है कि देश में बढ़ती गर्मी के कारण एयर कंडीशनर, डेजर्ट कूलर और दूसरे कूलिंग उपकरणों का इस्तेमाल तेजी से बढ़ा है। घरेलू और व्यावसायिक उपभोक्ताओं द्वारा बिजली की खपत बढ़ने से पावर डिमांड लगातार ऊपर जा रही है। बिजली मंत्रालय का अनुमान है कि इस गर्मी में देश की पीक बिजली मांग 270 गीगावॉट तक पहुंच सकती है।
कई राज्यों में हीटवेव का अलर्ट
भारतीय मौसम विभाग ने इस सप्ताह उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के बड़े हिस्सों में हीटवेव की चेतावनी जारी की है। सोमवार को कई शहरों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुंच गया। मौसम विभाग के अनुसार पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और दिल्ली के कई इलाकों में सोमवार से 24 मई तक लू चलने की संभावना है। वहीं उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में मंगलवार से गंभीर हीटवेव की स्थिति बन सकती है।
पंजाब और राजस्थान में 46-47 डिग्री तक पहुंचा तापमान
पंजाब के भटिंडा में सोमवार को अधिकतम तापमान 47 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हरियाणा और राजस्थान के कई हिस्सों में भी तापमान 46 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। दिल्ली के कई इलाकों में सोमवार को तापमान 44 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। तेज गर्म हवाओं और झुलसा देने वाली धूप के कारण दिन के समय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
अप्रैल से लगातार बढ़ रही बिजली खपत
देश में अप्रैल से ही बिजली की मांग तेजी से बढ़ रही है और मई में इसमें और उछाल आया है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ने के साथ बिजली की खपत भी और बढ़ सकती है।
पिछले साल भी टूटा था रिकॉर्ड
पिछली गर्मियों में जून 2025 में देश की पीक बिजली मांग 242.77 गीगावॉट दर्ज की गई थी। हालांकि यह सरकार के 277 गीगावॉट के अनुमान से कम रही थी।वहीं मई 2024 में पहली बार बिजली की मांग 250 गीगावॉट तक पहुंची थी, जिसने सितंबर 2023 के 243.27 गीगावॉट के पुराने रिकॉर्ड को तोड़ा था।