मार्च में भारत की चाय उत्पादन में गिरावट, 1.5% घटकर 66.86 मिलियन किलो पहुंचा आंकड़ा

Gaon Connection | May 04, 2026, 18:53 IST
Image credit : PTI
भारत में चाय उत्पादन पर मौसम की मार जारी है। मार्च 2026 में कुल उत्पादन 1.5% घटकर 66.86 मिलियन किलोग्राम रहा। उत्तर भारत में असम में तेज गिरावट देखी गई, जबकि पश्चिम बंगाल और दक्षिण भारत में उत्पादन बढ़ा। छोटे उत्पादकों का योगदान बढ़ा है। खराब मौसम उत्पादन पर लगातार असर डाल रहा है।
चाय का बागान

भारत में चाय उत्पादन पर मौसम की मार जारी है। मार्च 2026 में देश का कुल चाय उत्पादन 1.5% घटकर 66.86 मिलियन किलोग्राम रह गया, जो पिछले साल इसी अवधि में 67.85 मिलियन किलोग्राम था। खासतौर पर उत्तर भारत में उत्पादन में बड़ी गिरावट देखने को मिली जबकि दक्षिण भारत ने बेहतर प्रदर्शन किया।



उत्तर भारत में गिरावट बनी चिंता का कारण

Tea Board of India के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, उत्तर भारत में मार्च के दौरान चाय उत्पादन 5.8% घटकर 49.05 मिलियन किलोग्राम रह गया, जो पिछले साल 52.08 मिलियन किलोग्राम था। इस गिरावट की सबसे बड़ी वजह असम में उत्पादन का तेज गिरना रहा। यहां उत्पादन 39% घटकर 17.38 मिलियन किलोग्राम पर आ गया, जबकि पिछले साल यह 28.61 मिलियन किलोग्राम था। असम वैली में उत्पादन 16.77 मिलियन किलोग्राम और कछार में 0.61 मिलियन किलोग्राम रहा।



पश्चिम बंगाल ने संभाला मोर्चा

उत्तर भारत में गिरावट के बीच पश्चिम बंगाल ने राहत दी है। यहां चाय उत्पादन 37% बढ़कर 29.96 मिलियन किलोग्राम पहुंच गया, जो पिछले साल 21.81 मिलियन किलोग्राम था। डुआर्स, तराई और दार्जिलिंग तीनों प्रमुख क्षेत्रों में उत्पादन बढ़ा। डुआर्स में 16.35 मिलियन किलोग्राम, तराई में 13.44 मिलियन किलोग्राम और दार्जिलिंग में 0.17 मिलियन किलोग्राम उत्पादन दर्ज किया गया।



दक्षिण भारत में 13% की मजबूत बढ़त

दक्षिण भारत में चाय उत्पादन 13% बढ़कर 17.81 मिलियन किलोग्राम पहुंच गया, जो पिछले साल 15.77 मिलियन किलोग्राम था। तमिलनाडु में उत्पादन 12.85 मिलियन किलोग्राम और केरल में 4.59 मिलियन किलोग्राम रहा। हालांकि, कर्नाटक में मामूली गिरावट दर्ज की गई और उत्पादन 0.37 मिलियन किलोग्राम रहा।



छोटे उत्पादकों का योगदान बढ़ा

देशभर में छोटे चाय उत्पादकों का योगदान थोड़ा बढ़कर 40.79 मिलियन किलोग्राम हो गया, जबकि बड़े उत्पादकों की हिस्सेदारी घटकर 20.07 मिलियन किलोग्राम रह गई। वहीं, श्रेणीवार आंकड़ों में CTC चाय का उत्पादन 60.33 मिलियन किलोग्राम, ऑर्थोडॉक्स चाय 5.59 मिलियन किलोग्राम और ग्रीन टी 0.94 मिलियन किलोग्राम रही।



मौसम बना सबसे बड़ा फैक्टर

हाल के महीनों में खराब मौसम और मौसमी असंतुलन चाय उत्पादन पर लगातार असर डाल रहे हैं। खासकर उत्तर भारत में उत्पादन अभी पूरी तरह से पटरी पर नहीं लौटा है, जिससे आने वाले महीनों में भी दबाव बना रह सकता है।

Tags:
  • India tea production
  • March tea output decline
  • Tea Board India data
  • Assam tea production drop
  • West Bengal tea growth
  • South India tea increase
  • Tamil Nadu tea production
  • Kerala tea output
  • CTC tea production India
  • tea industry news India