By Alok Singh Bhadouria
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ऐसा नहीं है कि सिर्फ डिजिटल तकनीक की जानकारी न रखने वाले या गांव-देहात के सीधे-सादे लोग ही ऐसे धोखे का शिकार होते हैं। शहरों में रहने वाले और तकनीक के जानकार युवा भी इस फ्रॉड के फंदे में फंस चुके हैं।
ऐसा नहीं है कि सिर्फ डिजिटल तकनीक की जानकारी न रखने वाले या गांव-देहात के सीधे-सादे लोग ही ऐसे धोखे का शिकार होते हैं। शहरों में रहने वाले और तकनीक के जानकार युवा भी इस फ्रॉड के फंदे में फंस चुके हैं।
By Alok Singh Bhadouria
हिमा दास ने फिनलैंड के टेम्पेरे में जारी आईएएफ वर्ल्ड अंडर-20 चैंपियनशिप की महिलाओं की 400 मीटर रेस में गोल्ड मेडल जीत कर इतिहास रचा दिया। हिमा ट्रैक इवेंट में गोल्ड मेडल जीतने वालीं पहली भारतीय एथलीट हैं।
हिमा दास ने फिनलैंड के टेम्पेरे में जारी आईएएफ वर्ल्ड अंडर-20 चैंपियनशिप की महिलाओं की 400 मीटर रेस में गोल्ड मेडल जीत कर इतिहास रचा दिया। हिमा ट्रैक इवेंट में गोल्ड मेडल जीतने वालीं पहली भारतीय एथलीट हैं।
By Alok Singh Bhadouria
ये बच्चे लगभग दो पखवाड़ों से गुफा में अपने कोच के साथ फंसे हुए थे। इनके लापता होने के 9 दिन बाद ब्रिटिश खोजकर्ताओं ने इन्हें ढूंढ़ा, तब से पूरी दुनिया की निगाहें इस राहत और बचाव अभियान पर टिकी हुई हैं
ये बच्चे लगभग दो पखवाड़ों से गुफा में अपने कोच के साथ फंसे हुए थे। इनके लापता होने के 9 दिन बाद ब्रिटिश खोजकर्ताओं ने इन्हें ढूंढ़ा, तब से पूरी दुनिया की निगाहें इस राहत और बचाव अभियान पर टिकी हुई हैं
By Alok Singh Bhadouria
वायु प्रदूषण महज फेफड़ों को नहीं बल्कि पूरी सेहत को चौपट कर रहा है। ये नतीजे अमेरिका की वॉशिंगटन यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मेडिसिन में हुई एक रिसर्च के हैं।
वायु प्रदूषण महज फेफड़ों को नहीं बल्कि पूरी सेहत को चौपट कर रहा है। ये नतीजे अमेरिका की वॉशिंगटन यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मेडिसिन में हुई एक रिसर्च के हैं।
By Alok Singh Bhadouria
सोशल मीडिया पर फैली एक छोटी सी अफवाह पलक झपकते ही अफवाहों के चक्रवात में बदल जाती है। केवल भारत ही नहीं दुनिया के बहुत सारे देश फेक न्यूज के सिरदर्द से परेशान हैं।
सोशल मीडिया पर फैली एक छोटी सी अफवाह पलक झपकते ही अफवाहों के चक्रवात में बदल जाती है। केवल भारत ही नहीं दुनिया के बहुत सारे देश फेक न्यूज के सिरदर्द से परेशान हैं।
By Alok Singh Bhadouria
वैज्ञानिकों का कहना है कि जिस तेजी से वातावरण में कार्बन डाइ ऑक्साइड की मात्रा बढ़ती जा रही है, आने वाले दशकों में इसके असर से पेड़-पौधों की पोषकता कम हो जाएगी। फिलहाल वैज्ञानिकों ने चावल समेत कुछ फसलों पर इसका प्रयोग करके देखा है और नतीजे चिंता बढ़ाने वाले हैं।
वैज्ञानिकों का कहना है कि जिस तेजी से वातावरण में कार्बन डाइ ऑक्साइड की मात्रा बढ़ती जा रही है, आने वाले दशकों में इसके असर से पेड़-पौधों की पोषकता कम हो जाएगी। फिलहाल वैज्ञानिकों ने चावल समेत कुछ फसलों पर इसका प्रयोग करके देखा है और नतीजे चिंता बढ़ाने वाले हैं।
By Alok Singh Bhadouria
भारत में सोयाबीन का रकबा लगातार घट रहा है, किसानों के लिए इसकी खेती फायदे का सौदा नहीं रही है। अब बदले हालात में उम्मीद है कि सरकार सोयाबीन के किसानों की मुश्किलों को दूर करके उन्हें सोयाबीन उत्पादन के लिए प्रोत्साहित करेगी।
भारत में सोयाबीन का रकबा लगातार घट रहा है, किसानों के लिए इसकी खेती फायदे का सौदा नहीं रही है। अब बदले हालात में उम्मीद है कि सरकार सोयाबीन के किसानों की मुश्किलों को दूर करके उन्हें सोयाबीन उत्पादन के लिए प्रोत्साहित करेगी।
By Alok Singh Bhadouria
वर्ल्ड बैंक की रिपोर्ट "टर्न डाउन द हीट" 2013 में इस बात पर शोध किया गया था कि अगर दुनिया का तापमान 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ता है तो दक्षिण एशिया, दक्षिण पूर्वी एशिया और सब-सहारा अफ्रीका इलाकों पर उसके क्या परिणाम होंगे। भारत के बारे में उनके अनुमान कुछ इस तरह थे …
वर्ल्ड बैंक की रिपोर्ट "टर्न डाउन द हीट" 2013 में इस बात पर शोध किया गया था कि अगर दुनिया का तापमान 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ता है तो दक्षिण एशिया, दक्षिण पूर्वी एशिया और सब-सहारा अफ्रीका इलाकों पर उसके क्या परिणाम होंगे। भारत के बारे में उनके अनुमान कुछ इस तरह थे …
By Alok Singh Bhadouria
अगर दुनिया का तापमान 1.5 डिग्री बढ़ गया तो इसके भयानक नतीजे होंगे, सबसे ज्यादा नुकसान खेती और खेती पर आधारित अर्थव्यवस्थाओं को होगा।
अगर दुनिया का तापमान 1.5 डिग्री बढ़ गया तो इसके भयानक नतीजे होंगे, सबसे ज्यादा नुकसान खेती और खेती पर आधारित अर्थव्यवस्थाओं को होगा।